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महाराष्ट्र में किसान आंदोलन: टैंकर रोक सड़कों पर बहाया हजारों लीटर दूध

महाराष्ट्र के सतारा और अहमदनगर में किसानों ने विरोध स्वरूप सड़कों पर दूध बहाते हुए सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।

Danik Bhaskar | Jun 01, 2018, 04:19 PM IST

मुंबई. महाराष्ट्र समेत कई राज्य के किसान आज से अगले 10 दिनों के लिए अपनी विभिन्न मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं। हड़ताल का असर महाराष्ट्र में नजर आने लगा है। महाराष्ट्र के सतारा, मनमाड और अहमदनगर में किसानों ने विरोध स्वरूप सड़कों पर दूध बहाते हुए सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।

130 किसान संगठनों ने किया समर्थन
- आज से 10 जून तक चलने वाली इस हड़ताल का 130 किसान संगठनों ने समर्थन किया है। किसानों की मांग है कि स्वामीनाथन रिपोर्ट लागू किया जाए और उनकी आमदनी बेहतर की जाए।

- किसान नेताओं का कहना है कि पिछले लंबे वक्त से वे स्वामीनाथन रिपोर्ट लागू करवाने और किसानों की आमदनी को बेहतर करवाने के लिए सरकार से गुहार लगाते रहे हैं। वे कई तरह के आंदोलन भी कर चुके हैं लेकिन सरकार ने किसानों की सुध नहीं ली। इस वजह से अब किसान इस तरह का आंदोलन करने को मजबूर हो गए हैं।

- इस हड़ताल के चलते सब्‍जी, फल और दूध की सप्लाई पर सीधा असर पड़ेगा। यानी आम आदमी की आज से शुरू हो सकती है बड़ी परेशानी।

महाराष्ट्र में किसान आंदोलन पर अपडेट
- खेड़-शिवापुर टोल नाके पर किसानों ने हजारों लीटर दूध सड़क पर बहा दिया। येवला में राष्ट्रीय किसान महासंघ के कार्यकर्ताओं ने सड़कों पर सब्जियां फेंकी और कई सौ लीटर दूध बहा दिया।
- वहीं पुणे-बैंगलूर हाईवे पर भी किसानों ने सड़कों पर बहाया दूध। पुणे के आंबेगांव, कोल्हापुर, सांगली, सोलापुर, नासिक, जलगांव, परभणी, लातूर और औरंगाबाद के किसान सड़कों पर उतर कर पर्दर्शन कर रहे हैं।
- महाराष्ट्र के अहमद नगर में कई हजार लीटर दूध सड़क पर बाहा दिया गया। किसान संगठन से जुड़े लोग दूध ले जाने वाली गाड़ियों को रोक कर उसका दूध सड़क पर बहा दे रहे हैं।
- महाराष्ट्र के नासिक जिले में किसानों ने टमाटर के ट्रक को रोक दिया। इस दौरान किसानों से अपील की गई कि वे हड़ताल के दौरान फल, फूल, सब्जी और अनाज को अपने घरों से बाहर न ले जाएं, और न ही वे शहरों से खरीदी करें और न गांवों में बिक्री करें।


देश के अन्य हिस्सों में आंदोलन का हाल
- म.प्र. के झबुआ में धारा 100 लगा दी गई है। किसानों से शांति बनाए रखने की अपील की गई है।
- आगरा में अपने वाहनों की फ्री आवाजाही कराने के लिए किसानों ने टोल पर किया कब्जा कर लिया और जमकर की तोड़फोड़ की
- मंदसौर में भारी पुलिस बल तैनात, किसान आंदोलन के दौरान शांति कायम रहे इसके लिए प्रशासन अलर्ट

पिछले साल भी हुआ था प्रदर्शन
- आपकों बता दें कि पिछले साल किसान संगठनों ने महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के कई शहरों में हिंसक प्रदर्शन और आंदोलन किया था।
- मध्य प्रदेश के मंदसौर में अपनी मांगों लेकर आंदोलन किया था, जिसमें राज्य पुलिस की गोलीबारी में पांच किसानों की मौत हो गई थी। इस बीच, भारतीय किसान यूनियन ने इस दस दिन की हड़ताल के लिये जरूरी व्यवस्था कर ली है। इस ग्राम बंद हड़ताल को सफल बनाने के लिए ग्रामों में सभाएं भी की गई थीं।

महाराष्ट्र के अहमदनगर, मनमाड और सतारा जिले में किसानों ने टैंकर का हजारों लीटर दूध सड़क पर बहा दिया। महाराष्ट्र के अहमदनगर, मनमाड और सतारा जिले में किसानों ने टैंकर का हजारों लीटर दूध सड़क पर बहा दिया।