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जवानों को गर्व होना चाहिए कि आपको देशसेवा का अवसर मिला

इस अवसर पर आपके बीच आकर मुझे अत्यंत हर्ष की अनुभूति हो रही है। सभी पास आउट हुए जवानों को इस बात का गर्व होना चाहिए कि...

Danik Bhaskar | Mar 01, 2018, 03:10 AM IST
इस अवसर पर आपके बीच आकर मुझे अत्यंत हर्ष की अनुभूति हो रही है। सभी पास आउट हुए जवानों को इस बात का गर्व होना चाहिए कि आपको केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के सदस्य के रूप में देश सेवा का सुनहरा अवसर मिला है जो तकनीकी रूप से समृद्ध व ऊर्जावान बल है। 39 सप्ताह का कठिन प्रशिक्षण प्राप्त कर स्वयं को योग्य व सक्षम बनाया है। इसका शानदार उदाहरण मैंने अभी दीक्षांत परेड में देखा है जो मेरे जीवन का सुखद अनुभव है। आपको अनुशासन, मुस्कुराहट के साथ सेवा, कठिन परिस्थितियों में भी अपना संतुलन बनाए रखना, सकारात्मक दृष्टिकोण, अपनी व्यवसायिक जानकारी व कौशल को लगातार विकसित करते रहना ही आपकी कार्यकुशलता का द्योतक होगा।

केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र बड़वाह में प्रशिक्षणार्थियों का शपथ ग्रहण समारोह में परेड के मुख्य अतिथि केऔसु बल के महानिरीक्षक जगबीरसिंह केऔसु बल प्रशिक्षण खंड हैदराबाद ने यह बात कही। इसमें 55वां बैच आरक्षक सामान्य बुनियादी तृतीय प्रशिक्षण वाहिनी के 998 प्रशिक्षणार्थियों ने भाग लिया। सीआईएसएफ के डीआईजी प्राचार्य हेमराज गुप्ता ने अपने गुरु वचनों द्वारा इन प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण के दौरान दिए गए प्रशिक्षण के संदर्भ में विस्तृत कोर्स रिपोर्ट प्रस्तुत किया। समारोह में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल बड़वाह के उपप्राचार्य कमांडेंट अखिलेश कुमार द्विवेदी ने बल सदस्यों को संविधान के प्रति निष्ठा व राजभक्ति की शपथ दिलाई।

इन आरक्षकों को किया सम्मानित

दीक्षांत परेड के बाद मुख्य अतिथि के समक्ष परेड में हिस्सा लेने वाले बल सदस्यों द्वारा अद्भुत व हैरतंगेज कारनामों का प्रदर्शन किया गया। इसमें 81 एमएम मोर्टर की हैंडलिंग, आंख पर पट्टी बांधकर एक हाथ से हथियार का खोलना व जोड़ना व साइलेंट ड्रिल के अद्भुत तालमेल के साथ प्रदर्शन किया गया। बल सदस्यों द्वारा योग की विभिन्न मुद्राएं, अतिआधुनिक बिना हथियार से लड़ाई की कला का प्रदर्शन कर मांगा व मलखम का मनमोहक नजारा पेश किया। मुख्य अतिथि महानिरीक्षक ने प्रशिक्षण के दौरान आंतरिक और बाह्य विषय में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रशिक्षणार्थियों को पुरस्कार प्रदान किए। प्रशिक्षणार्थियों में आरक्षक राजू को चांदमारी, आरक्षक गौरव को आंतरिक विषयों, आरक्षक अजीत को बाह्य विषयों, आरक्षक सतेंद्र पाल को सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षणार्थी के पुरस्कार व परेड कमांडर आरक्षक वाई कृपा राव को 998 लोगों की टीम को बेहतर तरीके से कमांड करने के लिए पुरस्कार दिया गया।

हैरत अंगेज करतब दिखाते औद्योगिक सुरक्षा बल के जवान।

हमारा देश तेजी से कर रहा है आर्थिक प्रगति

महानिरीक्षक ने कहा आज हमारा देश तेजी से आर्थिक प्रगति कर रहा है। विश्वपटल पर एक बड़ी आर्थिक शक्ति के रूप में उभर रहा है। विकास व निवेश बढ़ाने के लिए सुरक्षित वातावरण एक प्रथम व प्रमुख आवश्यकता है। केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल इस दृष्टिकोण से देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। वर्तमान में केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल केवल औद्योगिक सुरक्षा तक ही सीमित नहीं है बल्कि एयरपोर्ट, समुद्री पोर्ट, संग्रहालयों, स्मारकों, मुख्य सरकारी इमारतों, दिल्ली मेट्रो, अंतरिक्ष व परमाणु ऊर्जा संयंत्रों में भी सुरक्षा प्रदान कर रहा है। आज हमारा देश आतंकवाद व नक्सलवाद जैसी गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है। केऔसु बल आतंकवाद प्रभावित क्षेत्रों जैसे जम्मू-कश्मीर, उत्तर पूर्व राज्यों तथा नक्सल प्रभावित क्षेत्रों जैसे झारखंड, मप्र, उड़ीसा, आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़ में भी अपना कर्तव्य बखूबी निभा रहा है। अपने राष्ट्र के आर्थिक विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। हमें आंतरिक सुरक्षा संबंधित सभी तरह की चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार व सक्षम रहने की आवश्यकता है।