- Hindi News
- National
- Betul News Mp News Railways Did Not Extend Platform Shed Inconvenience To Passengers
रेलवे ने नहीं किया प्लेटफार्म शेड का विस्तार, यात्रियाें काे हो रही असुविधा
भा. संवाददाता | आमला
इस पर विचार किया जा रहा है
- सुनील पंत, कमर्शियल इंस्पेक्टर, रेलवे स्टेशन, आमला
हालात 3
हालात 2
हालात 1
अामला रेलवे जंक्शन पर फुट ओवर ब्रिज का काम बेहद धीमी रफ्तार से चल रहा है। इस कारण यात्रियों को समय रहते नए ब्रिज और इसके साथ लिफ्ट का फायदा मिलने में देरी हो रही है। विकलांग विकास संगठन के डिजेंद्र मालवीय के अनुसार इस काम की रफ्तार बढ़ाने के लिए लोगों ने पहले भी मांग की, लेकिन रेलवे के अधिकारियों का इस तरफ ध्यान नहीं है। इस कारण लोगों में निराशा पनप रही है। कहना है कि इसके अलावा ब्रिज को छिंदवाड़ा ट्रैक से जोड़ने की मांग भी लंबित है, लेकिन योजना में कोई बदलाव नहीं लाया जा रहा है। जबकि बाद में इसे जोड़ने पर रेलवे को बड़े खर्च का सामना करना पड़ सकता है।
जंक्शन पर आए दिन होने वाली वारदातों के बाद भी रेलवे ने अभी तक जरूरी स्थानों पर सीसीटीवी लगाने की सुध नहीं ली है। जबकि करीब चार महीने पहले ही यहां से एक बच्ची चोरी होने का मामला भी सामने आया था। नागरिक राजेंद्र दवंडे, पेंशनर एसोसिएशन के अध्यक्ष रामप्रसाद पवार, प्रकाश डाफने के अनुसार यह एक गंभीर मसला है। इस पर रेलवे को गंभीरता से ध्यान देना चाहिए।
अामला रेलवे जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर 1 और 2 पर दोनों ही तरफ केवल कार्यालय भवन तक ही शेड बने हुए हैं। दोनों प्लेटफार्म पर बने शेड का क्षेत्रफल शुरू से अब तक जस का तस है। यानी लंबे समय बाद भी रेलवे ने इसके विस्तार पर ध्यान नहीं दिया। इस कारण दोनों प्लेटफार्म के यात्रियों को अलग-अलग मौसम में अलग-अलग परेशानियों का सामना करना पड़ता है। यात्री दीपक खाड़गे, राजेश बचले के अनुसार रेलवे के लिए आमला जंक्शन आय का बढ़ा जरिया है। वायुसेना और जंक्शन के लिहाज से यहां से रेलवे को रोजाना डेढ़ लाख रुपए से अधिक की आमदनी होती है, लेकिन इसके बाद भी रेलवे यहां पर यात्रियों को सुविधाएं नहीं दे रहा है।
अामला। शेड नहीं होने से नागरिकों को खुले आसमान के नीचे ट्रेन का इंतजार करना पड़ता है।
जंक्शन के प्लेटफार्म पर शेड का विस्तार नहीं होना यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। यात्रियों का कहना है कि जंक्शन की आय ताे बढ़ी है, लेकिन यात्री सुविधाओं का बेहद अभाव है। एक तरफ फुट ओवर ब्रिज का धीमी रफ्तार से हो रहा है, दूसरी तरफ शेड का विस्तार नहीं होने से यात्रियों में नाराजगी बढ़ रही है।