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मेहदा गांव में एनएच-2 पर जलभराव निकासी के लिए नहीं बनाया नाला

मेहदा गांव में एनएच-2 रोड पर भरे पानी में से निकलते वाहन चालक। गांव में जल निकासी की सुविधा नहीं मेहदा गांव...

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 02:05 AM IST
मेहदा गांव में एनएच-2 रोड पर भरे पानी में से निकलते वाहन चालक।



गांव में जल निकासी की सुविधा नहीं

मेहदा गांव में पानी निकासी की पर्याप्त सुविधा नहीं होने के कारण रोड किनारे रहने वाले वाशिंदे अपने घरों का गंदा पानी सड़क पर छोड़ देते हैं। जिन पर किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं की जाती है। हालांकि यह जिम्मेदारी ग्राम पंचायत सरपंच की है। लेकिन गांव के सरपंच रामअवतार शर्मा कहते हैं कि निर्माण कंपनी ने नालियां बंद करा दी हैं, जिसकी वजह से ग्रामीणों को निकासी की सुविधा से जूझना पड़ रहा है। जबकि गांव के लोगों का कहना है कि नाले पर कुछ दबंग लोगों का अतिक्रमण है। जिसकी सफाई पंचायत के माध्यम से नहीं कराई जाती है। इन सभी के बावजूद लोगों को जलभराव की स्थिति से जूझना पड़ रहा है।

रोड पर 2 बार हुआ पैचवर्क

स्टेट हाइवे का निर्माण कंपनी द्वारा पूर्व में 2 बार पैचवर्क करा दिया गया है, लेकिन मरम्मत का काम घटिया होने के कारण रोड पर गड्‌ढे जल्दी खुल जाते हैं। वहीं ग्रामीण इलाकों में बनी रोड जल्दी उखड़ने लगती है, जिसकी देखभाल के लिए जिम्मेदार सजग नहीं हैं। हालांकि निर्माण कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि वह पैचवर्क का काम करा रहे हैं। मेहदा गांव में रोड पर जो भी गड्‌ढे उभरे हैं, उनकी मरम्मत जल्द ही करा दी जाएगी। मालूम हो कि गांव में रोड की मरम्मत होने के बाद भी जलभराव की स्थिति से वाहन चालकों को निजात नहीं मिल सकेगी। क्योंकि जब तक रहवासियों के लिए निकासी की सुविधा के लिए नाले का निर्माण नहीं होगा, रोड पर जलभराव की समस्या बनी रहेगी।

कंपनी वसूल रही टोल

रोड की मरम्मत व देखरेख की जिम्मेदारी शासन द्वारा निर्माण कंपनी को सौंपी जाती है। एस्टीमेट में तय किया जाता है कि हाइवे बनाने के बाद उसकी मरम्मत का ध्यान भी बखूबी रखा जाए, इसके लिए अलग कंपनी को अलग से टेंडर की राशि प्रदान की जाती है। मगर एनएच-टू पर निर्माण कंपनी रोजाना हजारों वाहनों से टोल वसूल करती है, बहरहाल रोड की मरम्मत पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। सबसे अहम है कि रोड पर जगह-जगह गड्‌ढे होने के बाद भी कंपनी अधिकारी रोडमैप नहीं करते हैं और न हीं समय पर पैचवर्क का काम किया जाता है। जिसकी वजह से मार्ग पर आवागमन करने वाले चालकों को परेशानी होती है।

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