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बस की छत पर बैठकर जोखिम भरा सफर कर रहे लोग

भास्कर संवाददाता | ऊमरी/लहार भिंड-लहार मार्ग पर प्राइवेट बस चालकों द्वारा सरेआम ट्रैफिक नियमों की उल्लंघना कर...

Danik Bhaskar | Sep 13, 2018, 02:16 AM IST
भास्कर संवाददाता | ऊमरी/लहार

भिंड-लहार मार्ग पर प्राइवेट बस चालकों द्वारा सरेआम ट्रैफिक नियमों की उल्लंघना कर सवारियों को बसों की छतों पर बैठा कर उनकी जान को जोखिम में डाला जा रहा है। अधिक रुपए कमाने के लालच में लोगों की जान को जोखिम में डालने वाले इन प्राइवेट बस चालकों के खिलाफ ट्रैफिक विभाग द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की जा रही। इसकी वजह से हादसा होने की संभावना है। खास बात यह है कि भिंड से लहार के लिए चलने वाली सवारी बसों में छत पर सवारी बैठकर जाती हैं। रास्ते में ऊमरी, रौन, मिहोना और लहार के थाने पड़ते हैं, मगर बस कंडक्टर से पुलिस द्वारा किसी तरह की रोकटोक नहीं की जाती है।

लापरवाही

भिंड से ऊमरी, रौन, मिहोना और लहार के लिए चलने वाली सवारी बसों में जान जोखिम में डाल सफर कर रहे लोग

प्राइवेट बसें कर रही हैं ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन

सड़कों पर दौड़ रही ज्यादातर प्राइवेट बसें सभी कानून एवं कायदों को दरकिनार करते हुए सरेआम ट्रैफिक नियमों की उल्लंघन कर रही हैं। क्योंकि भिंड में लहार रोड से इस मार्ग पर चलने वाली 19 बसों के लिए ट्रैफिक व्यवस्था लागू नहीं है। नियमों की अवहेलना करते हुए तेज रफ्तार एवं लापरवाही से बसों को ओवरलोड कर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बेखौफ दौड़ाया जा रहा है। सड़क पर दौड़ने वाली ओवरलोड बसें दूसरे वाहन चालकों के लिए खतरा साबित हो रहे हैं। बस को इस कदर ओवरलोड किया जाता है कि सवारियों की जान को जोखिम में डाल कर बस की छतों पर सफर करवाया जा रहा है। सवारियों के छतों पर बैठने से जहां गिरने का खतरा बना रहता है, वहीं सड़क के दोनों ओर झुके पेड़ों की टहनियां कभी भी छत पर सफर कर रहे लोगों के लिए घातक सिद्ध हो सकती हैं। इतना सब होने के बावजूद स्थानीय पुलिस द्वारा इन प्राइवेट बस चालकों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही।

इस रूट पर दौड़ रहीं बसें

भिंड से ऊमरी होते हुए लहार के लिए सुबह से चलने वाली सवारी बसों में त्योहार के दिन कंडक्टर मनमर्जी से लोगों को बिठाते हैं। किशोर सिंह का पुरा, खैरा, ढोंचरा, सगरा, रूर, गेहवत, लहरौली, नयागांव के साथ रौन, मिहोना और लहार के लिए चलने वाली बसों पर सवारी छत पर बैठकर अपना सफर तय करती हैं। इन बसों के लिए न तो कोई नियम बनाए गए हैं और न हीं पुलिस प्रशासन द्वारा बसों की छत पर सवारी बिठाने पर बस ऑपरेटरों के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। बहरहाल नियमों को ताक पर रखकर बसों में लोगों को जोखिम भरा सफर कराया जा रहा है।