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7 राज्यों की पुलिस को थी इस गैंगस्टर की तलाश, कर चुका है टीआई पर सीधे फायरिंग

7 राज्यों में अपराध को अंजाम देने वाला मोहर सिंह पारदी शनिवार को पुलिस अरेस्ट कर लिया।

Danik Bhaskar | Jan 07, 2018, 06:28 AM IST

गुना. 7 राज्यों में अपराध को अंजाम देने वाला मोहर सिंह पारदी शनिवार को पुलिस अरेस्ट कर लिया। हालांकि पुलिस का कहना है कि उन्होंने उसे राजस्थान की बॉर्डर से पकड़ा है जबकि आरोपी की पत्नी भवर बाई का कहना है कि उसने सरेंडर किया है और वह सुबह ही रुठियाई चौकी में पहुंच गया था। आरोपी पर गुना में 50 हजार का इनाम है। अधिकारियों से चर्चा करनी चाही तो बोले कल खुलासा करेंगे। इसके बाद फोन उठाना तक बंद कर दिया। आरोपी के हाजिर होने की वजह उसके पकड़े जाना और एनकाउंटर का डर है।

- धरनावदा थाना इलाके खेजरा के रहने वाले मोहर सिंह पारदी की क्राइम की दुनिया में खौफ है। हालांकि उसको पकड़ने के लिए पिछले 15 साल से पुलिस का प्रशासन जुटा हुआ था, लेकिन उसका नेटवर्क इतना तगड़ा था कि उस तक पुलिस के पहुंचने से पहले ही सूचना मिल जाती थी।

- पिछले दिनों ही उसकी विरोधी गैंग का मुखिया रामगोपाल पारदी पकड़ा गया था, उसने पूछताछ में मोहर सिंह के कई राज पुलिस के सामने उगल दिए थे। इस वजह से उसे डर था कि रामगोपाल की मदद से उसका एनकाउंटर पुलिस कर सकती है।

- यही कारण है कि वह स्वयं ही हाजिर हुआ है। इसमें भी अशोकनगर थाने में पदस्थ एक हेड कॉन्स्टेबल की महत्वपूर्ण भूमिका बताई जाती है। उसने मोहर सिंह से कॉन्टेक्ट किया और इसके लिए राजी कर लिया।

हमने पकड़ा है
- पुलिस के मुताबिक, मोहर सिंह पारदी ने सरेंडर नहीं किया, हमने उसे राजस्थान बॉर्डर से पकड़ा है। उस पर 50 हजार रुपए का इनाम घोषित है।

इन राज्यों की पुलिस को थी तलाश
- आरोपी की जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, मप्र, छत्तीसगढ़, राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, यूपी सहित कई राज्यों की पुलिस को तलाश थी। इन राज्यों की पुलिस गुना आई, लेकिन आरोपी ठिकाने पर नहीं मिला।

कर चुका है फायरिंग
- मोहर सिंह गैंग ने पुलिस पर भी हमला किया था। एक साल पहले टीआई पर सीधे फायरिंग की थी, लेकिन वह बाल-बाल बच गए थे। पुलिस इसके बाद से ही आरोपी की तलाश में जुटी थी।

एसपी ने सख्ती शुरू की तो पकड़े गए
- धरनावदा थाना इलाके में पारदियों के 10 से ज्यादा गांव हैं। जिस तरीके से पारदियों की दो गैंग( मोहर सिंह और रामगोपाल ) थीं, उसी तरीके से पुलिस भी विभाजित थी। एक गैंग का रामगोपाल पकड़ा जा चुका था। अब दूसरी गैंग का मुखिया मोहर सिंह भी हाजिर हो गया।

100 से ज्यादा अपराध
- आरोपी पर गुना सहित अन्य राज्य में 100 से ज्यादा अपराध दर्ज हैं। लूट, चोरी, डकैती के ही उस पर 55 मामले दर्ज हैं। इसके अलावा 10 से ज्यादा लोगों की हत्या का आरोप है। इससे भी ज्यादा मामले हत्या के प्रयास के हैं। नकबजनी, पुलिस पर हमला, गैंगवार सहित कई अपराध में पुलिस को उसकी तलाश है।

तेरी अब आंख खुल रही है वह तो सुबह ही चौकी चला गया था
मोहर सिंह की पत्नी से जब मोबाइल पर रिपोर्टर ने चर्चा कि तो बोली सुबह ही रुठियाई चौकी पहुंच गया था। जब उससे पूछा कि कितने बजे गया था तो बोली तेरी अब आंख खुल रही है। जब उससे कहा कि पुलिस आत्म समर्पण की बात नहीं कह रही तो कहा गांव में आ जा, यहीं बैठकर बात करेंगे। इसके बाद मोबाइल काट दिया।

अब तक ये पारदी मुखिया पकड़े गए

गजराज पारदी : 3 राज्यों की पुलिस तलाश रही थी। 20 से ज्यादा मामले थे दर्ज। 5 नवंबर को 22 किमी की भुलभुलैया पर पुलिस ने पहरा देकर पकड़ा।
रामगोपाल पारदी : मप्र सहित 3 राज्यों में कुल 41 मामले दर्ज थे। पारदी गैंग का स्वयं मुखिया था। 30 हजार का इनामी था।