--Advertisement--

खजुराहो में 1.4 डिग्री; प्रदेश में सीजन का सबसे कम तापमान, ये इलाके सबसे ठंडे

प्रदेश में ठंड के तेवर लगातार तेज हो रहे हैं। शनिवार को खजुराहो में रात का तापमान 1.4 डिग्री पर पहुंच गया।

Danik Bhaskar | Jan 07, 2018, 05:52 AM IST

भोपाल. प्रदेश में ठंड के तेवर लगातार तेज हो रहे हैं। शनिवार को खजुराहो में रात का तापमान 1.4 डिग्री पर पहुंच गया। यह किसी सीजन का सबसे कम तापमान रहा। तीन दिन पहले ग्वालियर में सीजन का सबसे कम तापमान 1.9 डिग्री रहा था। ग्वालियर में पारा फिर लुढ़ककर 3.1 डिग्री पर आ गया। अशोकनगर में तापमान 5 डिग्री पर पहुंच गया। भोपाल में दिन के तापमान में 1.4 डिग्री की गिरावट हुई। शनिवार को यह 25.1 डिग्री रहा। रात का तापमान नहीं घटा। यह 10.9 डिग्री रहा।

मौसम सर्द, अभी एक हफ्ते और करना पड़ेगा मावठे का इंतजार

- मौसम पिछले एक पखवाड़े से भले ही सर्द हो, लेकिन सीजन में यहां अभी तक मावठा नहीं गिरा। इसकी वजह बताते हुए एक्सपर्ट कहते हैं कि पश्चिम से होने वाले यानी वेस्टर्न डिस्टरबेंस की फ्रिक्वेंसी इस बार कम रही।

- विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि अभी एक हफ्ते तक मावठा गिरने के आसार नहीं हैं। शहर में पिछले एक पखवाड़े में 13 दिन रात का पारा 10 डिग्री से कम रहा। तीन दिन पहले तो सीजन की सबसे सर्द रात में पारा 7.7 डिग्री तक पहुंच गया था।

- दिसंबर के आखिरी दिनों में रात का तापमान लगातार दस दिन तक दस डिग्री से नीचे रहा। नया साल लगते ही एक दिन बाद ठंड भी बढ़ गई। इस दौरान सिर्फ एक दिन ही कोहरा छाया। हालांकि पिछले साल की तुलना में इन दिनों रातें ज्यादा सर्द हैं।

- मौसम वैज्ञानिक कहते हैं कि अभी उत्तर से सर्द हवा आ रही है। इस वजह से मौसम सर्द है। शहर में शनिवार को दिन के तापमान में 1.4 डिग्री की गिरावट हुई। दिन में ठंडी हवा भी चली। रात के तापमान में 1 डिग्री से ज्यादा का इजाफा हुआ।

हवा का रुख उत्तरी, लेकिन नमी कम

- मौसम विशेषज्ञ डीपी दुबे कहते हैं कि एक महीने में कम से कम चार-पांच वेस्टर्न डिस्टरबेंस होना चाहिए। इनमें से दो के बीच में चार-पांच दिन का अंतराल भी होना चाहिए। इस बार इनकी फ्रिक्वेंसी कम है।

- हवा का रुख तो उत्तरी है, लेकिन नमी कम है। मावठे के लिए यह बहुत जरुरी है। दुबे ने बताया कि वेस्टर्न डिस्टरबेंस तेज ठंड के लिए जरूरी है। अफगानिस्तान, पाकिस्तान से कश्मीर घाटी होता हुआ जो सिस्टम देश में आता है, उसे ही वेस्टर्न डिस्टरबेंस कहते हैं। हिमाचल प्रदेश के रामपुर में नलों का पानी भी जम गया

सागर, रीवा संभाग सबसे ठंडे

- प्रदेश में रीवा और सागर संभाग सबसे ठंडे रहे। रीवा संभाग के तीनों जिला मुख्यालयों में तापमान 5 डिग्री से कम रहा।

- सागर संभाग के दो शहरों में पारा 4 डिग्री से कम आैर दो शहरों टीकमगढ़ व दमोह में 7 डिग्री से नीचे रहा।

- उज्जैन संभाग के रतलाम, शाजापुर व उज्जैन में तापमान 8 डिग्री से कम रहा।

दिल्ली की ओर से आने वालीं कई ट्रेनें 17 घंटे तक हुईं लेट

- उत्तर भारत में पढ़ रहे कोहरे का असर शनिवार को भी जारी रहा। इस वजह से दिल्ली की तरफ से आने वाली भोपाल एक्सप्रेस और शताब्दी फिर एक बार घंटों देरी से यहां पहुंचीं। जो ट्रेनें लेट हुई उनमें सिकंदराबाद-गोरखपुर एक्सप्रेस 11 घंटे, सचखंड 17 घंटे 40 मिनट, श्रीधाम 12 घंटे 48 मिनट, गोवा 5 घंटे, देहरादून-मदुरई 3.30 घंटे की देरी से यहां पहुंचीं। इसके अलावा गोंडवाना एक्सप्रेस 19 घंटे, मंगला-लक्षद्वीप 5.30 घंटे, नवयुग 6.30 घंटे, यशवंतपुर-गोरखपुर 3 घंटे और स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस 5.30 घंटे की देरी से आ सकी। वहीं, जीटी एक्सप्रेस 8.30 घंटे, पुष्पक 7 घंटे, छत्तीसगढ़ पौने 10 घंटे, शान-ए-भोपाल पौने 7 घंटे, कर्नाटक 10 घंटे, मालवा 13 घंटे, कामायनी सवा 3 घंटे, तमिलनाडु 11.30 घंटे और एपी संपर्क क्रांति 8.30 घंटे की देरी से यहां पहुंचीं।