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ASI ने एक और महिला से लिए थे रुपए, अखबार में फोटो देखकर की कंप्लेंट

एएसआई बहादुर सिंह पटेल ने ऐशबाग में भी एक महिला से 10 हजार रुपए लिए थे।

Danik Bhaskar | Dec 27, 2017, 02:00 AM IST

भोपाल. राजधानी के इलाके में घर में घुसकर धमकाकर 50 हजार रुपए छुड़ाने वालेे एएसआई बहादुर सिंह पटेल ने ऐशबाग में भी एक महिला से 10 हजार रुपए लिए थे। एएसआई ने महिला को धमकी दी थी कि वह उसके बेटे को झूठे मामले में फंसा देगा। महिला ने अखबार में बहादुर सिंह की फोटो देखने के बाद मंगलवार को डीआईजी संतोष कुमार सिंह से लिखित कंप्लेंट की है। इसकी जांच भी सीएसपी हबीबगंज भूपेंद्र सिंह को सौंपी गई है।

- ऐशबाग के रहने वाले गुलबानो पति सलीम मंगलवार दोपहर पुलिस कंट्रोल रूम पहुंची। महिला ने डीआईजी संतोष कुमार सिंह को एक लिखित शिकायत की।

- इसमें उसने आरोप लगाए कि बहादुर सिंह पटेल गत 19 दिसंबर की दोपहर 12 बजे घर आए थे। उन्होंने कहा कि वे क्राइम ब्रांच से आए हैं।

- मेरे 17 साल के बेटे के बारे में पूछते हुए कहा कि उसने चोरी का मोबाइल फोन खरीदा है। उसके बाद वे उसे छोड़ने के लिए 50 हजार रुपए की मांग करने लगे।

- हमने कहा कि इतने रुपए कहां से देंगे, तो बात 20 हजार रुपए में तय हुई। हमने शाम को जेवर बेचकर 10 हजार रुपए दे दिए, जबकि शेष 10 हजार रुपए 30 दिसंबर को देना तय हुआ था।

- इधर, सीएसपी का कहना है कि दोनों पक्षों के बयानों के आधार पर रिपोर्ट तैयार कर ली है। बुधवार को डीआईजी को रिपोर्ट सौंप दूंगा।

एएसआई बोला- संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिलने पर गया था

- जांच के दौरान एएसआई पटेल ने कहा कि उसे मकान में संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी। इसी की तफ्तीश के लिए वह शाहपुरा थाने की महिला आरक्षक को लेकर गया था। उसने घर की तलाशी ली और पूछताछ की, लेकिन रुपए नहीं लिए। जांच के दौरान पूछे गए संभावित सवालों के जवाब देते समय पटेल ने कुछ सवालों पर तो चुप्पी साथ ली, जबकि आरोपों को सिरे से नकार दिया।

जांच अधिकारी के सवालों पर आरोपी के जवाब


क्या तुम महिला आरक्षक के साथ अमन के घर गए थे?
- हां गया था। मुझे वहां संदिग्ध गतिविधियों की सूचना मिली थी?


क्या तुमने दंपती से रुपए लिए?
- वे झूठे आरोप लगा रहे हैं।


रुपए देते हुए वीडियो में कौन है?
- मैं डर गया था, इसलिए अपनी तरफ से उन्हें रुपए देने गया था?


- हबीबगंज में होते हुए तुम शाहपुरा इलाके में दबिश देने क्यों गए?
चुप्पी साध ली।