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छह महीने में 10 हजार नए वोटर, सर्वर डाउन, प्रिंट नहीं हो पा रहे 20 हजार वोटर कार्ड

20 हजार आवेदन मिले हैं, लेकिन सर्वर डाउन होने के कारण मतदाता परिचय पत्र बनाने का काम ठप पड़ा है।

Bhaskar News | Last Modified - Dec 18, 2017, 05:36 AM IST

  • छह महीने में 10 हजार  नए वोटर, सर्वर डाउन, प्रिंट नहीं हो पा रहे 20 हजार वोटर कार्ड

    भोपाल .वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने और कटवाने का काम पिछले दो महीने से चल रहा है। इस दौरान राजधानी में मतदाता सूची में नाम जोड़ने के करीब 20 हजार आवेदन मिले हैं, लेकिन सर्वर डाउन होने के कारण मतदाता परिचय पत्र बनाने का काम ठप पड़ा है। सर्वर डाउन होने की वजह से न तो एंट्री हो रही है, न ही वोटर कार्ड का प्रिंट आउट निकल पा रहा है। कलेक्टर सुदाम पी खाडे ने सर्वर को लेकर दिल्ली कार्यालय को पत्र लिखा है। नई वोटर लिस्ट के लिए नाम जोड़ने और काटने का काम 15 दिसंबर को खत्म हो गया है। सर्वर कनेक्टिविटी की दिक्कत ...

    - भारत निर्वाचन आयोग द्वारा ईआरओ नेट सॉफ्टवेयर चालू किया गया। इसमें नए और पुराने मतदाताओं की एंट्री कराई जा रही है। इसकी सर्वर की कनेक्टिविटी काम बीएसएनएल के पास है।

    उदाहरण के तौर पर समझंे तो यदि किसी व्यक्ति को वोटर कार्ड के नाम में संशोधन करना है तो उसकी एंट्री ईआरओ नेट सॉफ्टवेयर पर की जाएगी। यहां से डाटा सेंट्रल सर्वर पर जाएगा। उसके बाद स्टेट के सर्वर पर वापस आएगा। लेकिन सेंट्रल के सर्वर की कनेक्टिविटी की दिक्कत के चलते एंट्री का काम समय पर नहीं हो पा रहा है।

    ^निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची में नए वोटरों के नाम जुड़वाने की प्रक्रिया चल रही है। आयोग के पोर्टल के सर्वर में तकनीकी दिक्कत है। इसे लेकर निर्वाचन आयोग को पत्र लिखा है। -सुदाम पी खाडे, कलेक्टर

    विशेष अभियान
    एक जनवरी 2018 को 18 साल की उम्र पूरी करने वाले मतदाताओं के नाम जोड़े जाने के लिए एक विशेष अभियान चलाया गया। छह महीने में भोपाल में 10 हजार 242 नाम युवा वोटरों के जोड़े गए। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय ने 44 हजार युवा वोटरों के नाम जोड़ने का लक्ष्य दिया था। लेकिन 10 हजार 242 नाम जोड़े गए।

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