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मर्डर के बाद कॉलसेंटर में करता था काम, बाकी करते थे प्रापर्टी का कारोबार

तीन दिन तक की रैकी, भागने के लिए सवार हुए थे ऑटो में उतरते ही एसटीएफ ने पकड़ा, गिरफ्तार कर बैतूल लेकर पहुंची टीम।

Danik Bhaskar | Jan 06, 2018, 06:42 AM IST
बैतूल. एसटीएफ की टीम आरोपियों को ले जाती हुई। बैतूल. एसटीएफ की टीम आरोपियों को ले जाती हुई।

बैतूल. मेडिकल व्यवसायी और तत्कालीन एमआर यूनियन के अध्यक्ष अनुराग तिवारी की हत्या के चार आरोपियों को एसटीएफ ने 15 माह बाद दिल्ली और रायपुर से पकड़ा है। एसटीएफ के टीआई हरिओम दीक्षित ने बताया आरोपियों के रायपुर में होने की सूचना मिली। हमने लगातार रैकी की तो पता चला कि आरोपियों में से एक मनोज मिश्रा शहर के बड़े लोगों से पत्रकार बनकर मिलता था और उनसे दोस्ती कर अन्य दोस्तों के साथ प्रापर्टी डीलिंग का कारोबार करते थे। ये लोग जिस मोहल्ले में किराए का मकान लेकर रहते थे वहां आस-पड़ोस के लोगों से न तो बोलते थे न ही मिलते थे।


एसटीएफ भोपाल की टीम तीन दिन से इनकी रैकी कर रही थी। लेकिन इन्हें हमारे आने की भनक लगी तो ये तीनों ऑटो में सवार होकर भागने लगे तो हमने इनका पीछा किया और ऑटो से उतरते ही गुरुवार को रायपुर के सदानीबाजार में बस स्टैंड के पास तीनों को घेराबंदी कर धर दबोचा। इनसे पूछताछ में पता चला कि मुख्य आरोपी तथागत मिश्रा दिल्ली में कॉल सेंटर पर काम कर रहा है। एसटीएफ ग्वालियर ने उसे दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया है।


भोपाल एसटीएफ की टीम शुक्रवार को आरोपियों डब्बू उर्फ अनुराग मिश्रा, मनोज मिश्रा, देवेंद्र सिंह सरसोदे को बैतूल लेकर आई। इस हत्याकांड के मुख्य आरोपी तथागत मिश्रा को एसटीएफ ने दिल्ली से पकड़ा। मध्यप्रदेश एसटीएफ टीम भोपाल के डीएसपी दिशेष अग्रवाल के नेतृत्व में टीआई हरिओम दीक्षित, एसआई आदित्य शर्मा, आरक्षक निर्मल पटेल, जितेंद्र पटेल, आशीष मिश्रा एवं सौरभ मिश्रा की टीम ने आरोपियों को कोतवाली पुलिस को सौंपा।

इसलिए की थी अनुराग की हत्या

दुर्गा वार्ड में नवंबर 2014 को जित्तू की हत्या हुई थी। मामले में डब्बू फरार था। डब्बू को हत्या के मामले फंसाने की आशंका मृतक अनुराग तिवारी पर थी। इसी को लेकर डब्बू सहित अन्य आरोपियों ने अनुराग की हत्या की योजना बनाई। उसने बड़े भाई मन्नू मिश्रा को अनुराग की हत्या करने को कहा। राहुल, बिट्टू उर्फ निहार, बुलू उर्फ तथागत मिश्रा उर्फ मोनू व दो नाबालिगों को तैयार किया। 18 अक्टूबर 2016 को आरोपियों ने जब वह बाइक से घर जा रहा था तब पीछे से गोली मारकर हत्या कर दी। मामले में पुलिस ने दो नाबालिग आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था।

10 जनवरी तक रिमांड पर लिया है

अनुराग तिवारी हत्याकांड के तीन आरोपियों को एसटीएफ ने गिरफ्तार कर कोतवाली पुलिस को सौंपा है। तीनों आरोपियों को 10 जनवरी तक पुलिस रिमांड पर लिया है। - राजेश साहू, थाना प्रभारी कोतवाली