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भाई नहीं मिला तो लोग रिटायर्ड आरआई को पीटते हुए ले गए थाने, CCTV में कैद हुए आरोपी

जमीन के झगड़े में लोगों ने छोटे भाई का गुस्सा उनके बड़े भाई रिटायर्ड आरआई पर निकाला।

Danik Bhaskar | Dec 17, 2017, 06:41 AM IST

भोपाल। सिर्फ 36 हजार रुपए में मुंबई से थाईलैंड तक के आने-जाने के एयर टिकट से लेकर 7 दिन तक होटल में ठहरने से लेकर घूमने के लिए गाड़ी और खाना। ई-मेल पर आए इस आकर्षक विज्ञापन में फंसकर चार दोस्तों ने एक थाइलैंड का ट्रिप बुक करा लिया। थाईलैंड पहुंचने पर पता चला कि 36-36 हजार रुपए में सिर्फ दो दिन के लिए होटल बुक कराया गया है। उसके बाद कंपनी ने बेवसाइट ही बंद कर दी। उन्हें यह ट्रिप 2 लाख रुपए से अधिक का पड़ गया। इतना ही नहीं मिसरोद और सायबर सेल ने जांच के नाम पर मामला 9 महीने तक लटकाए रखा।

इस आई टी से आया था मेल

- जाटखेड़ी, होशंगाबाद रोड निवासी 31 वर्षीय अशेष कुमार प्राइवेट कंपनी में जॉब करते हैं। उन्होंने बताया कि उनके दोस्त अभिजात को www.yourstripshop से एक ई-मेल आया था। इसमें थाईलैंड में सात दिन का पैकेज 36 हजार रुपए में पर व्यक्ति था। इसके साथ मुंबई से थाईलैंड आने-जाने का एयर टिकट, खाना और घूमने के लिए गाड़ी भी कंपनी की तरफ से थी।

- अभिजात के बताने पर उन्होंने कंपनी से बात की। बात होने पर उन्होंने 36-36 हजार रुपए पेमेंट कर चार टिकट बुक करा दिए। बुकिंग के अनुसार 7 मार्च 2017 को वे मुंबई एयरपोर्ट पहुंचे। यहां तीन टिकट तो कंफर्म थे, लेकिन अशेष का टिकट बुक नहीं कराया था, उसे फर्जी पीएनआर दे दिया था।

- कंपनी में फोन करने पर उन्होंने कहा कि अभी वे टिकट लें ले। कंपनी रुपए अकाउंट में डाल देगी। थाईलैंड पहुंचने पर पता चला कि होटल में बुकिंग ही नहीं है। उन्होंने खुद के पैसों से होटल में रूम लिए। इतना ही नहीं कंपनी के सभी लोगों के फोन भी बंद हो चुके थे। छह दिन बाद खुद के रुपयों से भारत पहुंचे, तो चारों के 2 लाख रुपए अधिक खर्च हो चुके थे। कंपनी ने सिर्फ तीन टिकट मुंबई से थाइलैंड और बैंकाक में दो दिन का होटल में ठहरने की बुकिंग की थी।

9 महीने बाद हुई शिकायत दर्ज
- अशेष ने बताया कि उन्होंने मिसरोद थाने में शिकायत की तो उन्हें सायबर सेल भेज दिया गया। उन्होंने 20 मार्च 2017 में सायबर सेल में शिकायत की। दो महीने बाद मामला वापस मिसरोद थाने आ गया। जून में उनके बयान भी लिए गए, लेकिन कुछ नहीं हुआ।

- शुक्रवार शाम उन्हें पता चला कि मामला दर्ज किया गया है। अशेष ने बताया कि कंपनी पंजाब से संचालित होती है। संचालक इसी तरह के फ्राॅड कर कंपनी बंद कर देते हैं। उनके खिलाफ मुंबई और दिल्ली में शिकायतें हैं।