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आरटीओ में जैसे एजेंट पैसे से लाइसेंस दिलाते हैं, ठीक

आरटीओ में जैसे एजेंट पैसे से लाइसेंस दिलाते हैं, ठीक वैसी व्यवस्था की तैयारी : डॉ. वनखेड़कर आईएमए के राष्ट्रीय...

Danik Bhaskar | Mar 04, 2018, 07:30 AM IST
आरटीओ में जैसे एजेंट पैसे से लाइसेंस दिलाते हैं, ठीक वैसी व्यवस्था की तैयारी : डॉ. वनखेड़कर

आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वनखेड़कर और भोपाल के सचिव डॉ. अतुल गुप्ता ने नए बिल को लेकर कहा कि मेडिकल प्रैक्टिस के लिए एक परीक्षा होगी। ग्रेजुएशन के बाद अभी तक डॉक्टर्स को पीजी के लिए नीट प्री-पीजी का एक्जाम देते थे। मेरिट के आधार पर पीजी में एडमिशन दिए जाते थे। लेकिन अब नए बिल के बाद एमबीबीएस की 6 साल की पढ़ाई के बाद डॉक्टरों को एक एक्जिट परीक्षा देनी पड़ेगी। इसके बाद ही मेडिकल प्रैक्टिस का लाइसेंस मिल सकेगा। इसी परीक्षा के आधार पर पोस्टग्रेजुएशन के लिए दाखिला होगा। उनका आरोप है कि आरटीओ एजेंट जिस तरह से पैसा लेकर लाइसेंस दिलवाते हैं। ठीक उसी प्रकार से यह व्यवस्था लागू की जा रही है। इससे भ्रष्टाचार बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि इसका आईएमए के सदस्य पुरजोर विरोध करेंगे।