प्राकृतिक धरोहर / 18 तालाबों के संरक्षण के लिए बनेगा भोजताल प्रबंधन एवं संरक्षण अभिकरण



Bhojtal management and conservation agency to be built for conservation of ponds
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Bhojtal management and conservation agency to be built for conservation of ponds

  • संभागायुक्त होंगे अध्यक्ष, तहसीलदार के हवाले होगी अतिक्रमण रोकने की जिम्मेदारी, मुख्य सचिव कल लेंगे अफसरों की बैठक
  • मुख्य जिम्मा होगा....जमीन के सीमांकन के बाद बनाएगा डिजिटल मैप, क्षेत्र की मॉनिटरिंग कर अितक्रमण हटाना

Dainik Bhaskar

Aug 15, 2019, 01:57 AM IST

भोपाल (अजय वर्मा). बड़े तालाब सहित शहर के 18 तालाबों के संरक्षण के लिए भोजताल प्रबंधन एवं संरक्षण अभिकरण का गठन किया जाएगा। यह अभिकरण तालाब को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ जुर्माना लगाने जैसी कार्रवाई करेगा। साथ ही तालाब के संरक्षण के लिए प्लान बना कर उसे लागू करवाएगा। तत्कालीन आयुक्त गुलशन बामरा ने नगर निगम में झील संरक्षण प्रकोष्ठ का गठन किया था। लेकिन निगम के पास न तो एक्सपर्ट अमला है और न मॉनिटरिंग की पुख्ता व्यवस्था। नतीजा तालाबों पर तेजी से अतिक्रमण हो रहा है।

 

वेटलैंड जैसी अंतरराष्ट्रीय पहचान के बावजूद तालाब को लेकर नए-नए प्रयोग हो रहे हैं जिससे उसका अस्तित्व ही संकट में है। भोज वेटलैंड का काम पूरा होने के बाद राज्य सरकार ने एक झील संरक्षण प्रकोष्ठ का गठन किया था, लेकिन कुछ समय बाद इसे समाप्त कर दिया गया। अब एप्को वेटलैंड अथॉरिटी के रूप में काम कर रहा है। हाल ही में जिला प्रशासन ने बड़े तालाब के संरक्षण के लिए भोजताल प्रबंधन एवं सरंक्षण अभिकरण का गठन करने का प्रस्ताव शासन को भेजा है। इसको लेकर मुख्य सचिव एसआर मोहंती ने शुक्रवार को शाम चार बजे मंत्रालय में बैठक बुलाई है। 

 

मुख्य जिम्मा होगा.

 

  • प्रस्तावित अभिकरण भोज वेटलैंड की जमीन का सीमांकन कर डिजिटल मैप तैयार करवाएगा। 
  • वेटलैंड क्षेत्र में आने वाले जमीन मालिक को झील के संरक्षण को लेकर जागरुक किया जाएगा। 
  • झील के क्षेत्र विशेष के लिए संरक्षण व संवर्धन के कार्य लिस्ट तैयार की जाएगी। 
  • क्षेत्र विशेष गतिविधियों जिनकी अनुमति दी जा सकती है। सूचीबद्ध करना व उन गतिविधि को भी सूचीबद्ध करना जिन्हें नियंत्रित किया जाना है। 
  • झील की जलधारण क्षमता वृद्धि एवं कैचमेंट एरिया संवर्धन के लिए कार्य योजना बनाने काम होगा। 
  • नोटिफाइड क्षेत्र से अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए प्रावधान अनुसार वैधानिक कार्यवाही करना। क्षेत्र की निरंतर मॉनीटरिंग करना व अतिक्रमण रोकना। 
  • झील की गुणवत्ता सुधार के लिए योजना तैयार करना व क्रियान्वयन करना। 

 

 

नई व्यवस्था... किस अफसर की क्या जिम्मेदारी होगी

  • मुख्य कार्यकारी अधिकारी- आयुक्त नगर निगम भोपाल पदेन मुख्य कार्यकारी अधिकारी रहेंगे।  
  • अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी- सीईओ जिला पंचायत भोपाल और सीहोर पर्दन अभिकरण के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी रहेंगे।   
  • सहायक सीईओ- संयुक्त कलेक्टर राजस्व स्तर के अधिकारी को अपर आयुक्त नगर निगम के पद पर प्रतिनियुक्ति पर लेकर सहायक मुख्य कार्यकारी अधिकारी का दायित्व दिया जाना है।  े। 
  • सिटी इंजीनियर- भोजताल के लिए भोपाल शहर के प्रबंधकारिणी द्वारा स्वीकृत कार्यों की मॉनीटरिंग एवं क्रियान्वयन सुनिश्चित करना एवं प्रगति से प्रबंधकारिणी की बैठक में अवगत कराना। 
  • पर्यावरण अभियंता- तालाबों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए विकास के प्रत्येक कार्य की तकनीकी की स्वीकृति प्रदान करना।
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