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एक मई से प्रैक्टिकल और 8 मई से होनी हैं सेमेस्टर एग्जाम्स

बड़े तालाब के गहरीकरण के िलए स्कूल और काॅलेज के छात्रों को भेजने का दबाव बनाया जा रहा है। इसे लेकर अभिभावकों और...

Danik Bhaskar | Apr 17, 2018, 03:10 AM IST
बड़े तालाब के गहरीकरण के िलए स्कूल और काॅलेज के छात्रों को भेजने का दबाव बनाया जा रहा है। इसे लेकर अभिभावकों और स्टूडेंट्स ने नाराजगी जताई है। राजीव गांधी प्रौद्योगिकी िवश्विविद्यालय (आरजीपीवी) के कुलपति के एक फरमान ने शहर के 72 कॉलेजों में पढ़ने वाले करीब 80 हजार छात्रों के सामने मुसीबत खड़ी कर दी है। साथ ही कॉलेज प्रबंधनों की परेशानी भी बढ़ा दी है। दरअसल, इन िदनों कॉलेजों में िमड सेमेस्टर की परीक्षाएं चल रही हैं। आगामी एक मई से प्रायोगिक परीक्षाएं होनी हैं और फिर 8 से 31 मई तक मुख्य परीक्षा चलेंगी। स्टूडेंट्स तैयारी में जुटे हैं, लेकिन इन सबके बीच कुलपति प्रो. सुनील कुमार गुप्ता ने फरमान सुना दिया है िक बड़े तालाब पर चल रहे गहरीकरण अभियान में जाकर श्रमदान करें।

प्रो. गुप्ता ने इस काम के लिए िवद्यािर्थयों और िशक्षकों को पाबंद करने के िलए सोमवार िवश्वविद्यालय में िवशेष बैठक बुलाई। इसमें महापौर आलोक शर्मा आैर नगर िनगम आयुक्त प्रियंका दास भी मौजूद रहीं। हालांिक बैठक में करीब 20 कॉलेजों के प्राचार्य ही पहुंचे। कुछ प्राचार्यों ने परीक्षा की तैयारियों का मुद्दा भी उठाया, लेकिन प्रो. गुप्ता अपने फरमान पर अड़े रहे।