--Advertisement--

बाघ के कॉरिडोर में बनी सड़क, जान जोखिम में डालकर सुबह-शाम बेखौफ घूम रहे लोग

वन विभाग का गश्ती दल लोगों को आगाह भी करता है, लेकिन लोग मानने को तैयार नहीं हैं।

Danik Bhaskar | Jun 13, 2018, 05:52 AM IST
इस इलाके में बाघिन-123 और उसके दो इस इलाके में बाघिन-123 और उसके दो

भोपाल. कोलार की अमरनाथ कॉलोनी से कलियासोत इलाके को जोड़ने के लिए राजधानी परियोजना प्रशासन(सीपीए) ने नई सड़क बना दी है। दरअसल, यह सड़क बाघ कॉरिडोर से गुजर रही है। इसके अासपास कॉलोनियों ने आकार लेना भी शुरू कर दिया है। यहां रह रहे लोगों के अलावा शहर के दूसरे हिस्सों के भी कई लोग सुबह और शाम के वक्त यहां बेखौफ घूमने आ रहे हैं। दरअसल, इस इलाके में बाघिन-123 और उसके दो शावक, एक तेंदुआ, दो शावक, बाघ टी-1 का मूवमेंट है। ऐसे में यहां आने वाले लोगों की जान को खतरा हो सकता है।

वन विभाग की समझाइश का लोगों पर नहीं असर

वन विभाग का गश्ती दल लोगों को आगाह भी करता है, लेकिन लोग मानने को तैयार नहीं हैं। लोगों की सुरक्षा को देखते हुए वन विभाग ने अमरनाथ कॉलोनी और कलियासोत को जोड़ने वाली रोड़ पर बैरियर लगाने और चौकी बनाने का निर्णय लिया है। ताकि बाघ के मूवमेंट के दौरान सड़क पर आवागमन को बंद किया जा सके। दूसरा बैरियर तेरह शटर के पुल के पास लगाया जाएगा।

असामाजिक तत्वों ने तोड़ डाले बोर्ड
वन विभाग के गश्ती दल का कहना है कि अमरनाथ कॉलोनी फेज- 1 और 2, प्रखर होम्स, साईं हिल्स कॉलोनी के लोग नई रोड़ पर वॉक करने आते हैं। इलाके में किसी तरह का प्रतिबंध न लगाया जाए, इसके लिए असामाजिक तत्वों ने बाघ भ्रमण क्षेत्र की सूचना देने वाले फ्लेक्स फाड़ दिए हैं। बोर्ड तोड़ दिए हैं।

बाघ टी-1 की टेरेटरी में शामिल

वन विभाग के अमले ने बताया कि बाघ टी-1 ने नई रोड के किनारे एक पेड़ पर खरोंच के निशान लगाकर इलाके को अपनी टेरेटरीज में शामिल कर लिया है। अमले का कहना है कि पेड़ के पास उसके विष्ठा के निशान भी मिले हैं।

प्रतिबंधित हैं भारी वाहन

बाघ मूवमेंट इलाके में भारी वाहनों का मूवमेंट प्रतिबंधित है। इसके संबंध में कलेक्टर कई बार आदेश जारी कर चुके हैं । धारा 144 भी लगाई थी। इसके बावजूद इलाके से भारी वाहन गुजर रहे हैं।

लगाया जाएगा ई-सर्विलांस

भोपाल वन मंडल के कंजरवेटर एसपी तिवारी का कहना है कि कलियासोत पर लगातार वन्य प्राणियों का मूवमेंट है। इन पर नजर रखने के लिए कलियासोत नदी के पास ई-सर्विलांस लगाया जाएगा। इसके अलावा पेट्रोलिंग चौकी के टॉवर पर भी कैमरा लगाया जाएगा। इसके लिए बजट मिल गया है।


मास्टर प्लान में प्रस्तावित थी सड़क
सीपीए के कार्यपालन यंत्री दीप जैन ने बताया कि यह सड़क मास्टर प्लान के तहत प्रस्तावित थी। साढ़े तीन किमी की यह रोड कलियासोत तेरह शटर को कोलार से जाेड़ती है। इस सड़क का बजट 5.50 करोड़ रुपए था। इसका काम 2017 में पूरा हो गया था।