Hindi News »Madhya Pradesh »Burhanpur» रिकॉर्ड में नहीं है कई क्षेत्रों की जमीन, पड़ाेसी इलाके के रेट से करते थे रजिस्ट्री, अब सर्वे शुरू

रिकॉर्ड में नहीं है कई क्षेत्रों की जमीन, पड़ाेसी इलाके के रेट से करते थे रजिस्ट्री, अब सर्वे शुरू

भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर जिले के अंदर पिछले 10 सालों में बसी हुई कॉलोनियां हो या ऐेतिहासिक परकोटे के अंदर बसे...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 12, 2018, 03:20 AM IST

रिकॉर्ड में नहीं है कई क्षेत्रों की जमीन, पड़ाेसी इलाके के रेट से करते थे रजिस्ट्री, अब सर्वे शुरू
भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर

जिले के अंदर पिछले 10 सालों में बसी हुई कॉलोनियां हो या ऐेतिहासिक परकोटे के अंदर बसे पुराने शहरी क्षेत्र के कुछ इलाके, जिनका इतने सालों में जिला पंजीयन विभाग की गाइड लाइन में नाम ही दर्ज नहीं किया गया। अब ऐसे क्षेत्रों को सर्वे के बाद गाइडलाइन से जोड़कर उन क्षेत्रों की नई दरें तय करेंगे। जिसके लिए उप जिला मूल्यांकन समिति ने प्रस्ताव बना लिया है।

पंजीयन विभाग रिकार्ड में छूटे उन क्षेत्रों की जमीनों की रजिस्ट्रियां करता रहा, लेकिन दरें उनके आसपास के क्षेत्रों की गाइड लाइन के अनुसार लेता रहा है। ऐसे में कई जमीनों की रजिस्ट्रियों में मनमानी भी हुई है। जिसका सबसे ज्यादा फायदा क्षेत्रिय दलालों ने कमाया है। इसमें कई मजबूर लोग उनके झांसे में आकर ठगे भी गए हैं, लेकिन शिकायत करने अब तक कोई आगे नहीं आया है। हालांकि पंजीयन विभाग अब गलतियों को सुधारने में जुट गया है। उप जिला मूल्यांकन समिति ने उन क्षेत्राें को प्रस्ताव में लिया है। राजस्व विभाग से आरआई, पटवारी रिकार्ड से छूटे क्षेत्रों को ढूंढ रहे। इधर पंजीयन विभाग गाइडलाइन में दर्ज एक-एक क्षेत्र से मिलान कर रहा। छूटे हुए क्षेत्रों को दर्ज करने के लिए अलग से सूची बना रहा है। अब तक जिले की छह कॉलोनियां सामने आई है। जिसमें पांच साल में बसी कुछ नई कॉलोनियां है। बाकी अन्य पुरानी कॉलोनियों को भी ढूंढकर निकाला है। शहरी क्षेत्र से प्रतापपुरा का कुछ इलाका रिकार्ड में दर्ज नहीं है। इसके अलावा भी शहरी क्षेत्र के अन्य इलाकों को ढूंढ रहे है। नेपानगर, शाहपुर, खकनार क्षेत्र के इलाकों का भी सत्यापन चल रहा है।

सीके ग्रेंड कॉलोनी अब पंजीयन विभाग की नई गाइडलाइन से जुड़ेगी।

जहां ज्यादा डिमांड पर हुई रजिस्ट्रियां, वहां 15%तक बढ़ेंगे दाम

पिछले सप्ताह ही उप जिला मूल्यांकन समिति की बैठक हुई, इसमें क्षेत्रों के दाम तय करने पर विचार किया गया। जिसमें 5 से 15 फीसदी तक दरें बढ़ाने का प्रस्ताव बनाया गया। इसमें उन क्षेत्रों के दाम बढ़ाए जाएंगे, जिन क्षेत्रों की सबसे ज्यादा डिमांड है। कुछ ऐसे क्षेत्र जहां रजिस्ट्रियां अधिक हुई है। ऐसे क्षेत्र का राजस्व विभाग रिकार्ड बना रहा। पंजीयन विभाग भी रजिस्ट्रियों से क्षेत्रों की छंटनी कर रहा।

ये क्षेत्र जुड़ेंगे नई गाइड लाइन से

इंदिरा कॉलोनी के पीछे बालाजी रेसीडेंस, पंजीयन विभाग के सामने सीके ग्रांड काॅलाेनी, ग्राम देड़तलाई की शिव धाम कॉलोनी, प्रतापपुरा का क्षेत्र सहित अन्य इलाके पंजीयन विभाग की नई गाइड लाइन में दर्ज होने जा रहा है।

पंजीयन महानिरीक्षक ने 20 तक बुलाई गाइड लाइन

उप जिला मूल्यांकन समिति रिपोर्ट बनाकर विभाग को देगी। जिसे कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला मूल्यांकन समिति में रखा जाएगा। यहां से दरें फाइनल कर केंद्रीय मूल्यांकन समिति बोर्ड को भेजा जाएगा। हालांकि अब तक जिला मूल्यांकन समिति की बैठक हुई नहीं है लेकिन भोपाल पंजीयन महानिरीक्षक ने गाइड लाइन 20 मई तक तय कर बुलवाई है। यहां से गाइड लाइन पर अनुमोदन के बाद जिले में लागू होगी।

गलतियां सुधार रहे, 8 दिन में फाइनल कर देंगे

जिन क्षेत्रों को जोड़ने में गलतियां हुई है, उसमें सुधार कर रहे, कई ऐसे क्षेत्र जो गाइडलाइन में नहीं, उन्हें जोड़ने की प्रक्रिया चल रही है। नई गाइडलाइन भी आठ दिन में फाइनल हो जाएगी। रामगोपाल आस्के, उप पंजीयक

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Burhanpur

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×