• Hindi News
  • Madhya Pradesh
  • Burhanpur
  • मां सीता और पिता राम को पुत्र ने पीटकर बेघर किया तो आयोग सदस्य ने दिए जांच के आदेश
--Advertisement--

मां सीता और पिता राम को पुत्र ने पीटकर बेघर किया तो आयोग सदस्य ने दिए जांच के आदेश

Burhanpur News - भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर नेपानगर से मां सीता और पिता राम बेघर होने पर मप्र राज्य महिला आयोग की संयुक्त बेच...

Dainik Bhaskar

May 25, 2018, 03:30 AM IST
मां सीता और पिता राम को पुत्र ने पीटकर बेघर किया तो आयोग सदस्य ने दिए जांच के आदेश
भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर

नेपानगर से मां सीता और पिता राम बेघर होने पर मप्र राज्य महिला आयोग की संयुक्त बेच की शरण में आए। दोनों ने कहा- अपने ही घर से हमें बेटे नवीन ने बेघर कर दिया है। नहीं जाने पर पीटता है। उनकी पीड़ा सुनते ही आयोग सदस्य ने जांच के आदेश लिख दिए।

राज्य महिला आयोग सदस्य सूर्या चौहान और संध्या सुमन राय ने उनकी शिकायत पढ़ी और पूछा कितने दिन से परेशान हो तुम दोनों। सीताबाई ने कहा- करीब दो महीने हो गए हैं। मेरा बेटा शराबी है। मुझे नहीं चलता ये सब। वो जब शराब पीकर आता मैं उसे मना करती तो वो मुझे पीटता है। उसने मुझे और पति को घर से बाहर कर दिया और घर पर कब्जा कर लिया। अब हम अपने दूसरे बेटे के साथ रहते हैं लेकिन हमें अपना मकान चाहिए। उस शराबी के हाथ में नहीं देंगे। आप तो बस कब्जा दिलाकर उस पर कार्रवाई करो। सदस्यों ने दस्तावेजों पर पुलिस को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

शिकारपुरा स्थित रेस्ट हाउस में गुरुवार दोपहर 12 बजे से राज्य महिला आयोग की संयुक्त बेच ने सुनवाई शुरू की। इनके समक्ष जिलेभर के लंबित कुल 19 प्रकरणों के आवेदक-अनावेदकों को बारी-बारी पुकार लगाकर बुलाया। इसमें से सिर्फ 17 मामलों के ही आवेदक और अनावेदक पहुंच पाए। इसमें से 13 प्रकरणों के दोनों पक्षों को सामने बुलाकर सुना और निर्णय लेकर उसमें सुलह कर खुशी-खुशी घर भेजा। कुछ ऐसे भी प्रकरण आए जिसमें सदस्य उनकी मराठी नहीं समझ पाए। प्रधान आरक्षक राजकुमार चौकसे ने अनुवाद किया और उन महिलाओं की पीड़ा सदस्यों को हिंदी में बताई। इसमें एक भराबाई पति श्रीहरि का था, जिसके पड़ोसी विट्‌ठल पिता राम ने अपने खेत में बकरी घुसने पर उससे मारपीट की थी। दोनों में समझौता कर मामला शांत किया।

पेंशन: शिवपुरी वन विभाग में वाहन चालक पति की 2006 में मृत्यु हो गई थी। तब से कौशल्याबाई को पेंशन नहीं मिली। पिछले साल मामला लगाया। अधिकारी उपस्थित नहीं हुए। जांच के आदेश दिए।

लोन: संगीता पति नितिन का स्वरोजगार योजना में स्वीकृत लोन मैनेजर एमएस खान ने राशि आवंटित नहीं की। मैनेजर ने कहा- पुराना लोन नहीं भरा। सदस्य के सुझाव पर अफसरों से चर्चा का समय मांगा।

नेपानगर दंपती ने ली राज्य महिला आयोग की शरण, प्रधान आरक्षक ने मराठी अनुवाद कर बताई महिलाओं की पीड़ा

महिला ने पीड़ा बताई।

X
मां सीता और पिता राम को पुत्र ने पीटकर बेघर किया तो आयोग सदस्य ने दिए जांच के आदेश
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..