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हाईस्कूल से एक साथ छह छात्र-छात्राएं पहली बार प्रदेश की प्रावीण्य सूची में आए

भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर/नेपानगर माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड की हाईस्कूल से जिले के एक साथ छह...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 14, 2018, 04:25 AM IST

हाईस्कूल से एक साथ छह छात्र-छात्राएं पहली बार प्रदेश की प्रावीण्य सूची में आए
भास्कर संवाददाता | बुरहानपुर/नेपानगर

माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड की हाईस्कूल से जिले के एक साथ छह छात्र-छात्राएं प्रदेश की प्रावीण्य सूची में पहली बार आए हैं। इसमें से तीन बेटियां किसान, एक क्लर्क, दूसरी केमिस्ट और सिर्फ एक बेटा जो राज्य में छाया हैं।

माध्यमिक शिक्षा मंडल बोर्ड का परीक्षा परिणाम आज घोषित किया जाना है लेकिन सम्मान के लिए छहों को एक दिन पहले ही बुला लिया गया। जिला शिक्षा केंद्र से सबके घर संपर्क कर खुश खबरी भेजी गई थी। सुबह छह विद्यार्थी अलग-अलग ट्रेन से भोपाल रवाना हो गए थे जो कि रविवार शाम 6 बजे तक सरकारी रेस्ट हाउस में पहुंचे। सोमवार सुबह 10 बजे विद्यार्थियों को मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान सम्मानित करेंगे। जिले के लिए ये गौरव की बात है कि एक साथ छह बेटा-बेटी चयनित हुए हैं। सभी छात्र-छात्राएं प्रायवेट स्कूल में अध्ययनरत हैं। राज्य स्तर पर एक भी सरकारी स्कूल का नहीं है। जिला शिक्षा अधिकारी आरएल उपाध्याय ने कहा- प्रदेश के 100 ऐसे विद्यार्थी जिनके कुल प्राप्तांक में आधे-आधे अंक का अंतर है। जबकि 50 ऐसे है जिनके अंक एक समान आए है। इस कारण टॉप 10 की सूची में ज्यादा छात्र-छात्राएं शामिल हुए हैं। मुझे जिले में सात साल से ज्यादा समय हो चुका है। अब तक इतनी बड़ी संख्या में जिले से राज्य स्तर पर चयनित नहीं हुए है।

आठ माह सर्वे में जुटे रहे शिक्षक, नहीं हो पाई पढ़ाई- राज्य स्तर तक सरकारी स्कूल के विद्यार्थी पीछे रह गए। शिक्षा विभाग के अफसर कहते हैं आठ माह शिक्षकों के शहर से गांव, असंगठित सर्वे, आधार, छात्रवृत्ति फार्म भरने में लगे रहने से पढ़ाई नहीं हो पाई। उनके भरोसे माता-पिता भी काम-काज में बेटा-बेटियों की पढ़ाई पर ध्यान नहीं दे पाए। नियमित स्कूल और ट्यूशन नहीं आने से ऐसी स्थिति बनी।

तीन बेटियां किसान, एक क्लर्क, दूसरी केमिस्ट की और सिर्फ एक बेटा राज्य में छाया

चितवन पिता रवींद्र नाइक

काम- सहायक ग्रेड 3 कृषि विभाग

माता- अर्चना, निवास-महाजनापेठ

स्कूल- सरस्वती शिशु मंदिर,पढ़ाई- पांच घंटे

साक्षी पिता विजय महाजन

काम- किसान, माता- मनीषा, निवास-सीवल, स्कूल- सिटीजन स्कूल नेपानगर, पढ़ाई- आठ घंटे

सानिका पिता ईश्वर सुधाकर

काम- केमिस्ट, माता- ममताबाई

निवास-बोदरली, स्कूल-आशा निकेतन स्कूल

पढ़ाई- चार घंटे

प्रथमेश सुनील टिकले

काम- ब्रोकर, माता- शुभांगी, निवास-महाजनापेठ पंचट्‌टी, स्कूल-आदर्श विद्यापीठ स्कूल, पढ़ाई- तीन घंटा

हिमांशी पिता विनोद पवार

काम- किसान, माता- संगीता

निवास-सीवली, स्कूल-सिटीजन स्कूल नेपानगर, पढ़ाई- एक घंटा

आयुषी पिता चंद्रशेखर शाह

काम- किसान, माता- प्रणीता,

निवास-नेपानगर, स्कूल-सेंट एंटोनी स्कूल नेपानगर, पढ़ाई- तीन घंटे

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