हर एक मिनट में 12 मरीजों को एकसाथ खिलाई गोली
शनि मंदिर स्थित आयुर्वेदाचार्य पंडित प्रभुनाथ शास्त्री से एक डोज लेने के लिए देशभर के 2 हजार से ज्यादा मिर्गी के मरीज आए। हर एक मिनट में करीब 12 मरीजों को एकसाथ गोली खिलाई और तीर्थ में गंगा जल पिलाया। इस हिसाब से साढ़े तीन घंटे में 2 हजार से ज्यादा मरीजों ने मिर्गी की गोली और तीर्थ पीया।
एक दर्जन से ज्यादा राज्यों से मिर्गी के मरीज सोमवार सुबह तक बुरहानपुर पहुंच चुके थे। मप्र सहित महाराष्ट्र, गुजरात, उत्तरप्रदेश, बिहार, राजस्थान, पंजाब और हरियाणा से लोग आए। इनमें 2 साल के बच्चे से लेकर 80 साल तक के बुजुर्ग पंडितजी से डोज लेने पहुंचे। एक ओर महिलाएं तो दूसरी ओर पुरुष कतार में बैठ गए। नवदुर्गा चौक और बाई साहब की हेवली से प्रवेश रोक दिया। दोनों ओर कोतवाली के पुलिस अफसर-जवान तैनात हो गए। जैसे ही शाम 7 बजे आयुर्वेदाचार्य प्रभुनाथजी ने पूजन शुरू किया। होलिका की आराधना के बाद दवा पिलाना शुरू किया। मरीजों की भीड़ देख एक साथ 12-12 मरीजों को एक साथ बुलाया। प्रभुनाथजी ने पहले मरीजों को एक-एक गोली खिलाई। उसके बाद मरीजों को उनके ग्लास में गंगा जल दिया। अपने सामने ही गोली खिलाकर और तीर्थ पिलाकर उन्हें उठाया। ये सिलसिला रात करीब 10.30 बजे तक चलता रहा। मरीजों को बारी-बारी से छोड़ने और भीड़ को नियंत्रित करने में क्षेत्रवासी भी जुट गए।
हर एक मिनट में 12 से 15 मरीजों को खिलाई गोली
आयुर्वेदाचार्य पंडित विभूती भूषण शाास्त्री के अनुसार डोज लेने के लिए अलसुबह से मरीजों के साथ लोग जुट गए थे। भीड़ को देखते हुए हर एक मिनट में 12 से 15 मरीजों को गोली और तीर्थ वितरीत किया गया। इस हिसाब से एक घंटे में करीब 720 से ज्यादा मरीजों को रवाना किया। रात करीब 10.30 बजे तक यानी लगभग साढे तीन घंटे के अंदर 2 हजार से ज्यादा मरीज दवा ले गए। होली के साथ दीपावली और नागपंचमी पर भी यही माहौल बनता है। ये सिलसिला करीब 90 साल से ज्यादा समय से चल रहा है। प्रचार-प्रसार की अनुमति नहीं होने से कभी रिकार्ड दर्ज कराने पर ध्यान भी नहीं दिया।
हर एक मिनट में 12 से 15 मरीजों को आयुर्वेदाचार्य पंडित प्रभुनाथ शास्त्री ने दवा खिलाई और तीर्थ में गंगा जल पिलाया।