• Home
  • Madhya Pradesh News
  • Garoth
  • 10वीं-12वीं के किसी भी विषय में परेशानी हो तो माशिमं की हेल्पलाइन से पा सकते हैं हल
--Advertisement--

10वीं-12वीं के किसी भी विषय में परेशानी हो तो माशिमं की हेल्पलाइन से पा सकते हैं हल

मंदसौर | ग्रेजुएशन के लिए दसवीं 12वीं पास करना जरूरी नहीं होगा। छात्रा सीधे ग्रेज्युएशन कर सकेंगे। इसके लिए अपने...

Danik Bhaskar | Jan 14, 2018, 02:35 AM IST
मंदसौर | ग्रेजुएशन के लिए दसवीं 12वीं पास करना जरूरी नहीं होगा। छात्रा सीधे ग्रेज्युएशन कर सकेंगे। इसके लिए अपने नजदीक के इग्नू स्टडी सेंटर से संपर्क करना होगा। छात्र सीधे बैचलर डिग्री ऑफ प्रीप्रेटरी प्रोग्राम 6 माह का पाठ्यक्रम पूरा कर बीए में प्रवेश लेकर स्नातक का सपना पूरा कर सकेंगे।

एजुकेशन

कल से 4-4 घंटे की 3 शिफ्ट में विद्यार्थियों की समस्या का होगा समाधान

भास्कर संवाददाता | मंदसौर

माशिमं की बोर्ड परीक्षा में 18 हजार छात्र-छात्राएं हिस्सा लेंगे। विभाग 15 जनवरी से हेल्पलाइन शुरू करने जा रहा है। जहां कॉल करके विषय संबंधित विशेषज्ञों का मार्गदर्शन मिल सकेगा। 4-4 घंटे की 3 शिफ्ट में सुबह शाम विशेषज्ञों की पैनल हाईस्कूल व हासे स्तर के विद्यार्थियों को मार्गदर्शन देगी। इसका मकसद यही है कि छात्र परीक्षा का तनाव न लें और किसी भी सूरत में आत्महत्या जैसे कदम न उठाएं।

छात्रों में परीक्षा को लेकर किसी तरह का तनाव न रहे और समय रहते समाधान हो, इसलिए माध्यमिक शिक्षा मंडल की हेल्पलाइन 15 जनवरी से काम शुरू कर देगी। बोर्ड परीक्षा की तैयारियों और अच्छे अंक में परीक्षार्थियों को मदद मिल सकेगी। फरवरी के दूसरे सप्ताह तक संचालन किया जाएगा। सुबह 8 से रात की 8 बजे के दाैरान 4-4 घंटे की तीन शिफ्टों में काम हो सकेगा। मंडल ने व्यवस्था की है कि हर शिफ्ट में चार-चार काउंसलर फोन व टोल फ्री नंबर पर उपलब्ध रहें। जिला स्तर से शिक्षा विभाग सहायता को लेकर जिले के पांचों ब्लाॅकों मंदसौर, गरोठ, सीतामऊ, सुवासरा और भानपुरा के सरकारी और निजी स्कूलस्तर पर प्रचार के साथ हेल्पलाइन की उपयोगिता के बारे में बताएंगे। माध्यमिक शिक्षा मंडल हर साल रिजल्ट के बाद भी कॅरियर गाइडेंस देने का काम करता है, इस बार परीक्षा के मद्देनजर हेल्पलाइन सेवा दी जाना तय हुआ है ताकि रिजल्ट और बेहतर रहे। प्रभारी डीईओ आरएल कारपेंटर ने बताया माशिमं स्तर पर जो पहल की जा रही है, इसके संबंध में जिलास्तर पर भी स्कूलों तक जानकारियां पहुंचाएंगे। इससे ना केवल रिजल्ट सुधार में मदद मिलेगी बल्कि छात्रों का तनाव भी कम होगा।

बोर्ड परीक्षा में जिले से इस बार 18 हजार छात्र-छात्राएं होंगे शामिल

इन नंबरों पर काउंसिलिंग सुविधा




10वीं और 12वीं पास किए बिना करें ग्रेजुएशन