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बाबा पशुपतिनाथ के पट लगातार 33 घंटे खुले रहेंगे, 30 घंटे होगा जलाभिषेक

पशुपतिनाथ मंदिर में शिवरात्रि को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसके लिए भगवान पशुपतिनाथ के पट निरंतर 33 घंटे खुले...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 12, 2018, 02:45 AM IST

बाबा पशुपतिनाथ के पट लगातार 33 घंटे खुले रहेंगे, 30 घंटे होगा जलाभिषेक
पशुपतिनाथ मंदिर में शिवरात्रि को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसके लिए भगवान पशुपतिनाथ के पट निरंतर 33 घंटे खुले रहेंगे। इसमें 30 घंटे तक भक्त भगवान का जलाभिषेक भी कर सकेंगे। पुलिस प्रशासन द्वारा मेटल डिटेक्टर, बैग स्कैनर मशीन को शुरू कर पूरी सुरक्षा व्यवस्था की जा रही है।

शिवरात्रि पर मंगलवार सुबह 4 बजे मंदिर के पट खोले जाएंगे। दोपहर में भगवान का शयन भी नहीं होगा। यह दर्शन बुधवार दोपहर एक बजे तक जारी रहेंगे। 33 घंटे निरंतर भगवान के पट खुले रहेंगे। भक्त भगवान का जलाभिषेक मंगलवार सुबह से बुधवार सुबह 10 बजे तक कर सकेंगे। दर्शन के लिए महिला-पुरुषों को अलग-अलग मेटल डिटेक्टर से होकर गुजरना होगा। पूरे परिसर में पुलिस जवान तैनात रहेंगे। इसके अतिरिक्त अन्य शिव मंदिरों पर भी विशेष धार्मिक आयोजन होंगे।

निरंतर 33 घंटे खुले रहेंगे पशुपतिनाथ के पट।

धर्मराजेश्वर महादेव में 13 व 14 को लगेगा शिवरात्रि मेला, सवा लाख से ज्यादा श्रद्धालु जुटेंगे

गरोठ | चंदवासा में प्रसिद्ध श्री धर्मराजेश्वर मंदिर सहित अंचल में 13 फरवरी को शिवरात्रि पर्व मनाया जाएगा। धर्मराजेश्वर पहाड़ी पर 13 व 14 फरवरी को मेला लगेगा। इसमें अंचल सहित दूर-दूर से सवा लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है। तैयारियों को लेकर रविवार को एसडीएम आरपी वर्मा की अध्यक्षता में मेला समिति और अधिकारियों की बैठक हुई। इसमें इंतजाम करने को लेकर जिम्मेदारी तय की गई। पहाड़ी पर होने के साथ पुरातत्व विभाग के अधीन होने के कारण सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखने सहित परिसर और श्रद्धालुओं की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम के निर्देश दिए।

अंचल में शिवरात्रि पर्व पर सबसे बड़ा मेला श्री धर्मराजेश्वर में लगता है। पांडव कालीन मंदिर में शिवरात्रि पर रात बिताने का महत्व है। पुजारी रामलाल भाटी बताते हैं कि शिवरात्रि पर दिन में भोलेनाथ का अभिषेक-पूजन करने के बाद जो भी भक्त मंदिर परिसर क्षेत्र में भजन-कीर्तन करते हुए रात बिताता है। वह 84 योनियों में से एक योनी से मुक्त हो जाता है। इसी मान्यता के चलते और भक्तों के रात रुकने के कारण ग्राम पंचायत चंदवासा के माध्यम से यहां दो दिनी मेला लगाया जाता है। तैयारियों को लेकर रविवार शाम को पहाड़ी पर मंदिर परिसर के समीप बने बगीचे में प्रशासनिक अमले और ग्रापं चंदवासा और गणमान्यजन की बैठक एसडीएम आरपी वर्मा की अध्यक्षता में रखी गई।

चंदवासा पहाड़ी स्थित प्रसिद्ध श्री धर्मराजेश्वर मंदिर।

स्नैक बाइट इंजेक्शन सहित रहेगी चिकित्सा सुविधा- पहाड़ी और जंगल क्षेत्र होने के कारण सुरक्षा के साथ स्वास्थ्य व्यवस्थाएं भी चौकस रखने के निर्देश दिए। अन्य चिकित्सा सुविधा के साथ स्नैक बाइट के इंजेक्शन की अतिरिक्त व्यवस्था रखने के निर्देश दिए हैं। आपात स्थिति के लिए एम्बुलेंस और अन्य वाहन की सुविधा रहेगी। मेलखेड़ा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर 24 घंटे चिकित्सा सुविधा उपलब्ध रहेगी। वाहन पार्किंग पहाड़ी से नीचे ही रहेगी।

जगह चिह्नित, आज से लगेंगी दुकानें-झूले- मंदिर परिसर में खान-पान सहित अन्य प्रकार के आयटम की 100 से ज्यादा दुकानें लगेंगी। इनके लिए जगह चिह्नित कर दी हैं। सोमवार से दुकानें लगना शुरू होंगी। झूले-चकरी वाले आ चुके हैं।

गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंध- मेले के दौरान दोनों दिन गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंध रहेगा। भगवान के अभिषेक के लिए पाइप लगाया जा रहा है, जिसे अभिषेक पात्र से जोड़ा जाएगा। भक्त उसमें जल डाल सकेंगे।

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