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12वें दिन भी जारी रही डिप्लोमा इंजीनियर्स की हड़ताल, अवरुद्ध हो रहे हैं काम-काज

गुना | 5 सूत्रीय मांगों को मनवाने के लिए हड़ताल कर रहे मप्र डिप्लोमा इंजीनियरों की हड़ताल 112वें दिन भी जारी रही।...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 02, 2018, 03:00 AM IST

गुना | 5 सूत्रीय मांगों को मनवाने के लिए हड़ताल कर रहे मप्र डिप्लोमा इंजीनियरों की हड़ताल 112वें दिन भी जारी रही। डिप्लोमा इंजीनियर्स के चल रहे चरणबद्ध आंदोलन से अब तमाम निर्माण कार्य पिछडऩे जैसी स्थिति बनने लगी है।

मप्र डिप्लोमा इंजीनियर्स एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष बी एल उरैया, सचिव एस एन पचौरी ने बताया कि 12 माह पहले 10 अप्रैल 2017 को संगठन के प्रतिनिधि मंडल से चर्चा में सीएम शिवराज सिंह चौहान ने उनकी पांच सूत्रीय मांगों को जायज बताया था। मांगों के निराकरण के लिए एक कमेटी भी गठित की थी। लेकिन अभी तक कमेटी ने प्रतिवेदन प्रस्तुत नहीं किया है। इसके लिए संगठन का प्रतिनिधि मंडल समय- समय पर ज्ञापन और भेंटकर सीएम को वादा दिलाने के लिए आग्रह कर रहा है, लेकिन अभी तक सुनवाई नहीं की गई। इसलिए मजबूरी में डिप्लोमा इंजीनियरों ने चरणबद्ध आंदोलन कर रहे हैं। इसके लिए बीती 16 मार्च 2018 को भोपाल में वादा निभाओ रैली निकाली गई थी, लेकिन फिर भी सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानी। मांगों को पूरा कराने के लिए वह बीती 7 मार्च से धरना दे रहे थे। इसके बाद 20 मार्च से 25 मार्च तक क्रमिक भूख हड़ताल की और अब 26 मार्च से बेमियादी हड़ताल पर हैं। डिप्लोमा इंजीनियर्स का कहना है कि जब तक सरकार हमारी मांगें नहीं मान लेती है, तब तक हम काम पर वापस नहीं लौटेंगे।

जबकि हड़ताल के कारण जिले में ग्राम पंचायतों में चल रहे पीएम आवास निर्माण कार्य, विभिन्न योजनाओं में चल रहे निर्माण कार्य अवरूद्ध हो रहे हैं। डिप्लोमा इंजीनियरों के हड़ताल पर होने से निर्माण कार्य पिछड़ रहे हैं। स्थिति यह हो गई है कि डिप्लोमा इंजीनियरों के धरने पर बैठने से या तो निर्माण कार्य पूरी तरह से ठप हो गए हैं या फिर बगैर इंजीनियरों की निगरानी में कराए जा रहे हैं।

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