करीला मेले में नशे पर लगाया जाए प्रतिबंध : कैलाश मंथन
सुरक्षा व्यवस्था के पर्याप्त इंतजाम होने के बावजूद हो जाते हैं हादसे
गुना| अंचल के प्रमुख प्राचीन धार्मिक स्थलों पर आज रंगपंचमी मनाई जाएगी। लोगों द्वारा अब रंगपंचमी का दिन पिकनिक स्पॉट क्षेत्रीय करीला मेले अथवा प्राचीन स्थलों पर भी मनाई जाती है।
समिति के कैलाश मंथन ने प्रशासन से मांग की है कि रंगपंचमी जैसे पवित्र त्यौहारों पर फूहड़ता भरे नृत्यों एवं शराबखोरी पर प्रतिबंध लगना जरूरी है। श्री मंथन ने बताया कि करीला धाम में रंगपंचमी के अवसर पर लाखों लोग पहुंचते हैं, उनकी सुरक्षा व्यवस्था के पर्याप्त इंतजाम होने के बावजूद हादसे घटित होते हैं। पुलिस एवं प्रशासन को जागरूकता से इस ओर ध्यान देना जरूरी है।
करीला मेले के लिए उचित किराया निर्धारण हो : रंग पंचमी के अवसर पर करीला धाम में लगने वाले मेले में गुना जिले से व अंचल से हजारों लोग पहुंचते हैं। करीब पांच सौ यात्री वाहनों द्वारा हजारों लोग माता जानकी के दर्शनार्थ करीला जाते हैं। बस एवं यात्री वाहनों में मनमाना किराया वसूल किया जाता है। हिउस प्रमुख कैलाश मंथन ने उचित किराया निर्धारण करने की मांग प्रशासन से की है।