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महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न का था आरोपी, हुआ ट्रांसफर तो ज्वाइनिंग से पहले विरोध

bhaskar news | Last Modified - Jan 14, 2018, 06:01 AM IST

ट्रांसफर आदेश में भी इस बात का जिक्र है कि उन पर महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न और भ्रष्टाचार के आरोप हैं।
  • महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न का था आरोपी, हुआ ट्रांसफर तो ज्वाइनिंग से पहले विरोध

    भिंड.महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न एवं भ्रष्टाचार के आरोप में महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी को दतिया से हटाकर भिंड जिले में भेजा गया है। लेकिन यहां पर ज्वाइन करने से पहले ही उनका विरोध शुरू हो गया है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका संघ की जिलाध्यक्ष का कहना है कि ऐसे अधिकारी को यदि यहां भेजा जा रहा है, तो यहां भी महिला कर्मचारियों का उत्पीड़न बढ़ेगा। हम ऐसे अधिकारियों का विरोध करेंगे।

    वहीं इस मामले में विभाग के प्रमुख सचिव जेएन कंसोटिया का कहना है कि अभी मामले की जांच चल रही है। आरोप सिद्ध हो जाएंगे तो उन्हें हटा दिया जाएगा। मालूम हो कि डीपीओ के ट्रांसफर आदेश में भी इस बात का जिक्र है कि उन पर महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न और भ्रष्टाचार के आरोप हैं।


    पिछले सप्ताह ही दतिया जिले के जिला कार्यक्रम अधिकारी बीएल विश्वनोई को वहां से हटाकर भिंड भेजा गया है। उन पर महिला कर्मचारियों के उत्पीड़न एवं भ्रष्टाचार संबंधी गंभीर शिकायतें चल रही है। इसी के चलते उन्हें वहां से तत्काल प्रभाव से स्थानांतरित करते हुए भिंड जिले के रिक्त पड़े जिला कार्यक्रम अधिकारी के पद पर पदस्थ कर दिया है। हालांकि उन्होंने अभी भिंड में ज्वाइन नहीं किया है। लेकिन दतिया कलेक्टर मदन कुमार ने उन्हें एकतरफा कार्यमुक्त कर दिया है। वहीं उनके स्थानातंरण को लेकर अभी से विरोध के स्वर उठने लगे हैं। महिला कर्मचारियों का कहना है कि ऐसे अफसर को एक हजार आंगनवाड़ी केंद्र वाले जिले से हटाकर 2451 आंगनबाड़ी केंद्र वाले जिले में भेजकर शासन उसे सजा देने के बजाए प्रोत्साहित कर रहा है। जबकि ऐसे अफसरों को फील्ड में अटैच करना ही नहीं चाहिए।

    आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका करेंगी विरोध
    आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका संघ के अध्यक्ष उमा जादौन ने बताया कि ऐसे अफसर की जिले में पदस्थापना का विरोध करेगी। उनका कहना है कि जब किसी अफसर को महिला कर्मचारी उत्पीड़न की शिकायतों के मामले में ही हटाया जा रहा है तो उसे मंत्रालय अटैच किया जाना चाहिए। ऐसे आरोपी अफसर फील्ड में काम करने लायक हो ही नहीं सकते। भिंड जिला उन्हें कतई बर्दाश्त नहीं करेगा।

    डीपीओ पर लगे आरोपों की एडीएम दतिया कर रहे हैं जांच
    यहां बता दें दतिया से हटाए गए डीपीओ विश्वनोई पर लगे आरोपों की जांच संयुक्त रूप से एडीएम दतिया एवं संभागीय संयुक्त संचालक एकीकृत बाल विकास कर रहे हैं। वहीं यह जांच प्रभावित न हो इसलिए दतिया कलेक्टर मदन कुमार के प्रस्ताव पर विश्नोई को हटा दिया गया है।

    मैं दतिया में ब्राह्मणवादी राजनीति का शिकार हुआ हूं
    मैं दतिया में ब्राह्मणवादी राजनीति का शिकार हुआ हूं। मैंने एक परियोजना अिधकारी को गलत कार्य करने से रोका था, उसकी वजह से मेरा स्थानांतरण हुआ है। बीएल विश्वनोई, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिनका दतिया से भिंड ट्रांसफर किया गया है।

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Web Title: Accused Of Harassment Of Female Employees
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

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