ग्वालियर

--Advertisement--

पापा कितने सुंदर थे, उनका क्या हाल कर दिया, इतना बोला और बेहोश हाे गई बेटी

मेरे पापा कितने सुंदर थे, उनका क्या हाल कर दिया। यह शब्द थे सुकमा में शहीद हुए तरसमा के जवान रामकिशन सिंह तोमर की बेटी।

Dainik Bhaskar

Mar 15, 2018, 02:31 AM IST
नक्सली हमले में शहीद हुए रामकिशन सिंह तोमर का पार्थिव शरीर  जैसे ही गांव आया परिजन बिल्ख पड़े। नक्सली हमले में शहीद हुए रामकिशन सिंह तोमर का पार्थिव शरीर जैसे ही गांव आया परिजन बिल्ख पड़े।

मुरैना. मेरे पापा कितने सुंदर थे, उनका क्या हाल कर दिया...यह शब्द थे सुकमा में शहीद हुए तरसमा के जवान रामकिशन सिंह तोमर की बेटी पिंकी के। पिता का तिरंगे में लिपटे शव को दिखते ही पिंकी बेहोश हो गई। वहां मौजूद हर शख्स के आंसू निकल आए। बेहोश पिंकी को चंद मिनट बाद होश आया और मां प्रभा के साथ फूट-फूटकर रोने लगी। हेलीकॉप्टर से भिंड लाया गयी थी बॉडी...

- नक्सली हमले में शहीद हुए रामकिशन सिंह तोमर की पार्थिव देह हेलीकॉप्टर से भिंड लाई गई। जहां से सड़क मार्ग से होते हुए तरसमा गांव लाया गया। यहां कलेक्टर भास्कर लाक्षाकार ने शहीद की अर्थी को कांधा देकर उनके घर दरवाजे पर रखवाया। शहीद रामकिशन सिंह तोमर का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया।

- सीआरपीएफ डीआईजी विजय कुमार के नेतृत्व में सीआरपीएफ की एक टुकड़ी गांव में मौजूद थी जिन्होंने शहीद को सलामी दी। शहीद के इकलौते बेटे विनय सिंह ने मुखाग्नि दी। डीआईजी विजय कुमार ने कहा कि रामकिशन हम सबके बीच से चले गए इस बात का हमें दुख है। लेकिन यह गर्व की बात है कि वह देश की रक्षा के लिए शहीद हुए हैं। ऐसी मृत्यु भाग्यशाली को ही मिलती है।

बेटा विनय बोला-मैं भी फौज में जाऊंगा
- शहीद रामकिशन सिंह की पार्थिव देह देखकर बेटा विनय घर के आंगन में फूट-फूटकर रोने लगा। हर शख्स उसे दिलासा दे रहा था लेकिन उसे मालूम था कि पिताजी अब इस दुनिया में नहीं है। 11वीं कक्षा में पढ़ रहा विनय रोते हुए कह रहा था कि-अब मैं भी फौज में जाऊंगा।

- इससे पूर्व अंतिम दर्शनों के लिए ग्रामीणों का हुजूम पार्थिव देह के पास उमड़ पड़ा जो लोग भीड़ के कारण नजदीक नहीं आ सके उन्होंने घर छतों पर खड़े होकर दूर से ही इस शहीद को अंतिम विदाई दी।

अंतिम संस्कार में यह भी हुए शामिल
- अंतिम संस्कार में सामान्य प्रशासन विभाग मंत्री लाल सिंह आर्य, भिंड विधायक नरेन्द्र सिंह कुशवाह, अंबाह विधायक सत्यप्रकाश, एएसपी अनुराग सुजानिया मौजूद रहे।

- यहां शहीद के बेटे विनय ने मुखाग्नि दी। इस मौके पर गांव सहित पोरसा व जिला मुख्यालय से पहले हजारों लोगों ने शहीद अंतिम विदाई दी।

परिवार को देंगे 1 करोड़ और नौकरी
- भिंड से आए मंत्री लाल सिंह आर्य ने अपनी विधायक निधि से रामकिशन की याद में शहीद पार्क बनवाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार शहीद के परिजन को एक करोड़ की आर्थिक सहायता, एक सदस्य को नौकरी व भूखंड या फ्लैट भी दिया जाएगा।

बेटी पिंकी तो  बेहोश ही हो गई। बेटी पिंकी तो बेहोश ही हो गई।
शहीद रामकिशन सिंह की पार्थिव देह देखकर बेटा विनय घर के आंगन में फूट-फूटकर रोने लगा शहीद रामकिशन सिंह की पार्थिव देह देखकर बेटा विनय घर के आंगन में फूट-फूटकर रोने लगा
soldier ramkisan aatack in sukma maoist attack
X
नक्सली हमले में शहीद हुए रामकिशन सिंह तोमर का पार्थिव शरीर  जैसे ही गांव आया परिजन बिल्ख पड़े।नक्सली हमले में शहीद हुए रामकिशन सिंह तोमर का पार्थिव शरीर जैसे ही गांव आया परिजन बिल्ख पड़े।
बेटी पिंकी तो  बेहोश ही हो गई।बेटी पिंकी तो बेहोश ही हो गई।
शहीद रामकिशन सिंह की पार्थिव देह देखकर बेटा विनय घर के आंगन में फूट-फूटकर रोने लगाशहीद रामकिशन सिंह की पार्थिव देह देखकर बेटा विनय घर के आंगन में फूट-फूटकर रोने लगा
soldier ramkisan aatack in sukma maoist attack
Click to listen..