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520 गांवों में लगाए जाएंगे एक लाख पौधे

ग्वालियर जिले के 520 गांव में हरियाली के लिए एक लाख पौधे रोपे जाएंगे। जिला पंचायत द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 01, 2018, 02:35 AM IST

520 गांवों में लगाए जाएंगे एक लाख पौधे
ग्वालियर जिले के 520 गांव में हरियाली के लिए एक लाख पौधे रोपे जाएंगे। जिला पंचायत द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत यह कार्य कराया जाएगा। पौधारोपण के लिए जिला पंचायत सीईओ शिवम वर्मा ने सभी आरईएस के उप यंत्रियों, सहायक यंत्रियों को आदेश दिए हैं कि पौधरक्षक और पौधरोपण के लिए उपयुक्त जगह का चयन करें।

प्रोजेक्ट पर 3.50 लाख रुपए होंगे खर्च

जिले में 560 राजस्व गांव है जिनमें से 520 आबादी गांव में यह योजना शुरू की जाना है। ब्लॉक लेवल पर एक हेक्टेयर में 625 पौधे रौपे जाना है। तीन साल के इस प्रोजेक्ट के लिए 3.50 लाख रुपए का बजट स्वीकृत किया गया है। इसमें पौधे लगाना, सुरक्षा, पानी, खाद की व्यवस्था की जाएगी। गौरतलब है कि वर्ष 2017-18 में भी मनरेगा के तहत एक लाख पौधे रौपे गए थे।

एक किमी में 200 पौधे

मनरेगा प्रोजेक्ट के तहत ग्रामीण क्षेत्रों मे सड़क किनारे एक किलाेमीटर में 200 पौधे रौपे जाएंगे, वहीं नहर किनारे एक िकमी में 400 पौधे रौपे जाने का लक्ष्य है। इसी तरह जो किसान खेत की मेड़ पर पौधे लगाने के इच्छुक होंगे उन्हें भी पौधे दिए जाएंगे।

िजले भर में होगा पौधरोपण

शिवम वर्मा, सीईओ जिला पंचायत

जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में एक लाख पौधे रौपने का लक्ष्य है। इसके लिए स्थान चिन्हित हो चुके है। योजना को सफल बनाने के लिए पौध रक्षक भी चयनित किए गए है। सभी अफसरों व स्टाफ को निर्देश दिए गए है कि पौधारोपण के बाद इनकी देखभाल का जिम्मा भी सभी को उठाना है।

आमजन तक पहंुचेगी अानंदम की सुविधाएं

डीबी स्टार. ग्वालियर

बस स्टैंड स्थित आनंदम केंद्र को अब प्रशासन और बेहतर बनाने जा रहा है। इस केंद्र में अभी तक दान के सामान के लिए खुले में अलमारियां रखी हुई हैं। इसके अलावा कोई शेड न होने के कारण जरूरतमंद लोग यहां से सामान उठाने में भी कतराते हैं। इसको देखते हुए अब इस केंद्र में शेड लगाया जाएगा, साथ ही नए सिरे से इस केंद्र का प्रचार-प्रसार भी किया जाएगा।

वर्तमान में आनंदम में खुले में ही किताबें व कपड़े रख दिए गए हैं। यहां मौजूद स्टाफ का कहना है कि कुछ लोग जब नए कपड़े लेकर आते हैं, तो वह आवाज लगाकर आस-पास के भिखारियों को बुलाकर कपड़े व अन्य सामान दान कर देते हैं, लेकिन यहां अलमारियों से सामान लेने के लिए बहुत ही कम लोग पहुंचते हैं। इसको देखते हुए अब प्रशासनिक अफसर यहां शेड की व्यवस्था करने जा रहे हैं, ताकि जरूरतमंद लोग आराम से यहां से सामान लेकर जा सकें।

2016 में बना आनंद विभाग

जरूरतमंद को मदद मिलने व मदद करने वाले व्यक्ति दोनों को ही आनंद की प्राप्ति होती है। इसी थीम पर प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह ने अगस्त 2016 में राज्य आनंदम विभाग का गठन किया। इसी के तहत शहर में बस स्टैंड पर आनंदम केंद्र खोला गया। इस केंद्र में कोई भी व्यक्ति कपड़े व सामान रख जाता है और दूसरा व्यक्ति बिना पहचान उजागर किए अपनी जरूरत की वस्तु लेकर जा सकता है।

बेहतर बना रहे हैं केंद्र

शिवराज वर्मा, एडीएम एवं नोडल ऑफिसर आनंदम

बस स्टैंड स्थित आनंदम केंद्र को बेहतर बनाया जाएगा। हम वहां शेड की व्यवस्था कराएंगे, ताकि लोग बेझिझक वहां से अपनी जरूरत का सामान लेकर जा सकें।

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