• Hindi News
  • Mp
  • Gwalior
  • Gwalior News mp news councilor said i had already complained action taken only on building inspector to save responsibilities

पार्षद बोले- मैंने पहले ही शिकायत की थी, जिम्मेदारों को बचाने सिर्फ भवन निरीक्षक पर की कार्रवाई

Gwalior News - गणेश कॉलोनी में बिना मंजूरी खोदे जा रहे तलघर की मिट्टी धंसकने से दो मजदूरों की मौत का मामला मंगलवार को नगर निगम...

Dec 04, 2019, 08:35 AM IST
Gwalior News - mp news councilor said i had already complained action taken only on building inspector to save responsibilities
गणेश कॉलोनी में बिना मंजूरी खोदे जा रहे तलघर की मिट्टी धंसकने से दो मजदूरों की मौत का मामला मंगलवार को नगर निगम परिषद में गूंजा। क्षेत्र के पार्षद घनश्याम गुप्ता ने सभापति राकेश माहौर से पूछा कि दो मजदूरों की मौत हो गई, इसमें उनका दोष क्या था? यदि दोष था तो निगम के उन सभी जिम्मेदार अधिकारियों का, जिन्होंने मेरी शिकायत पर गौर नहीं किया। छवि को सुधारने के नाम पर भवन निरीक्षक को निलंबित कर दिया गया। जबकि इसमें भवन निरीक्षक के ऊपर के सभी जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई होना चाहिए थी। उनको नोटिस देकर कार्रवाई की खानापूर्ति कर ली गई। पार्षद ने महाराज बाड़ा की पार्किंग का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां भी छोटे कर्मचारी को बलि का बकरा बनाया गया। इसके जिम्मेदार बड़े अधिकारियों पर एक्शन नहीं लिया गया। तब आयुक्त ने जवाब दिया कि इस मामले में एक जांच समिति बनाई गई। वह जल्द ही रिपोर्ट देगी। पार्षद अपने बयान उसमें दे सकते हैं।

परिषद की बैठक में पार्षद चंदू सेन ने होर्डिंग मामले की जांच रिपोर्ट के बाद तत्काल होर्डिंग शाखा के सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को बदलने के फरमान के संबंध में सभापति राकेश माहौर से पूछा। क्योंकि इसके निर्देश सदन में सभापति ने ही दिए थे। इस सवाल पर सभापति बैकफुट पर नजर आए। उन्होंने कहा- आयुक्त के विवेक का मामला है। वे इस पर फैसला लेंगे।

जलविहार में 20 बिंदुओं के एजेंडे पर मंगलवार को चर्चा हुई। इस दौरान सभापति श्री माहौर ने आयुक्त को निर्देश दिए कि नियमानुसार जो भी पीड़ित परिवार की आर्थिक मदद और घायलों का इलाज किया जा सकता है, वे उनका इलाज कराएं। पार्षद चतुर्भुज धनोलिया के पत्र पर वार्ड 21 की सड़क का नाम डॉ.दर्शन के नाम पर रखने का तय हुआ।

दो बार बैठक स्थगित की: परिषद में एजेंडे के बिंदुओं से अलग चर्चा कराए जाने पर नियमों को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए। सत्ता पक्ष के पार्षद धर्मेंद्र राणा ने बिंदु खत्म होने पर पार्षदों की समस्याओं पर चर्चा कराने की बात कही। इस पर कांग्रेस दल के नेता कृष्णराव दीक्षित बोले, सिर्फ एजेंडे पर ही चर्चा होनी चाहिए। इस पर हंगामा होने लगा। दोनों पार्षद एक-दूसरे के पास पहुंच गए। सचिव की मेज से नियमों की किताब श्री दीक्षित ने उठा ली। जब देखा तो किताब पुरानी थी। थोड़ी देर में श्री राणा, श्री दीक्षित के कक्ष में जाकर नई किताब उठा लाए। आखिर में सभापति ने मामले को शांत कराया।

आयुक्त बोले- हमने जांच समिति बना दी है, वहां बयान दर्ज कराएं

निगम परिषद मे निगम विधान अधिनियम काे लेकर लड़ते हुए पार्षद -

पार्षद बोले- कार्रवाई नहीं करते भवन अधिकारी

अवैध तलघर का मुद्दा उठते ही पार्षद बृजेश गुप्ता ने बताया कि उनके वार्ड में शहीद गेट के पास अवैध निर्माण हो रहा है, उसे भी चेक कराएं। पार्षद पुरुषोत्तम टमोटिया ने बताया कि पूर्व में सिटी सेंटर में एक स्वीकृति दी गई थी, वह किसी और के नाम से दर्ज है। पार्षद बलवीर सिंह तोमर बोले कि मैंने सदन को अवैध तलघर निर्माण की शिकायत की, कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस मामले में आयुक्त से जवाब लिया जाए। पार्षद भूपेंद्र मोगनिया ने भी अवैध तलघर का मामला उठाया।

ये हैं जिम्मेदार

यदि क्षेत्र में अवैध भवन निर्माण, अवैध तलघर निर्माण होता मिलता है। तब इसके लिए भवन निरीक्षक, भवन अधिकारी, सहायक सिटी प्लानर, सिटी प्लानर, अपर आयुक्त और फिर आयुक्त खुद जिम्मेदार हैं। आयुक्त ने 19 अगस्त 2019 में पत्र निकालकर आदेश दिए थे। उसमें लिखा था कि सात दिन के बाद कोई अवैध निर्माण मिलता है, तो भवन निरीक्षक और भवन अधिकारी पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। आयुक्त के पत्र के बाद भवन शाखा के जिम्मेदार चुप्पी साधकर बैठ गए।

इन बिंदुओं पर भी हुई चर्चा

टोपी बाजार और दही मंडी नो व्हीकल जाेन बनेंगे


X
Gwalior News - mp news councilor said i had already complained action taken only on building inspector to save responsibilities
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना