पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

दो हजार कर्जधारक 53 करोड़ रुपए की सब्सिडी से वंचित

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अपने घर का सपना संजोकर दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड, इंडियाबुल्स जैसी नॉन बैंकिंग हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों से लोन लेने वाले दो हजार ग्राहकों को अब ढाई लाख रुपए की सब्सिडी नहीं मिलेगी। रिजर्व बैंक ने इन कंपनियों के लाइसेंस निरस्त कर कामकाज पर रोक लगा दी है। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लोन लेने वाले हितग्राहियों को भी सब्सिडी की लिस्ट से बाहर कर दिया है। ग्वालियर में ऐसे दो हजार से अधिक लोग हैं, जिनके लोन तो डेढ़ साल पहले से चल रहे हैं, लेकिन सब्सिडी अभी तक नहीं आई है।


रिजर्व बैंक के प्रतिबंध के बाद अब ये कंपनियां लोन वितरित नहीं कर सकती हैं। सिर्फ जो कर्ज इन्होंने बांट रखे हैं, उनकी वसूली का अधिकार इन कंपनियों के पास रह गया है। ऐसे में प्रधानमंत्री आवास योजना के अफसरों ने काम न करने वाली इन कंपनियों के ग्राहकों को सब्सिडी लिस्ट से बाहर कर दिया है।

एक शिकायत के आधार पर डीबी स्टार टीम ने मामले की पड़ताल की, तो खुलासा हुआ कि प्रधानमंत्री आवास योजना के लोन प्रकरण पास हो जाने के बाद में बैंक द्वारा आखिरी किश्त का भुगतान सब्सिडी के रूप में किया जाता है, लेकिन अब सब्सिडी की राशि का पेमेंट नहीं हो रहा है। इन कंपनियों की स्थानीय शाखाओं में प्रतिदिन ऐसे हितग्राही सब्सिडी की राशि के पेमेंट की पूछताछ के लिए पहुंच रहे हैं, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा है। डीबी स्टार टीम ने जब इस संबंध में कंपनियों के स्थानीय प्रबंधकों से बात की, तो उनका कहना था कि जब काम ही बंद हो गया है, तो फिर सब्सिडी का भुगतान कैसे हो सकता है।

घोटालों में आ रहा है कंपनियों का नाम

ऐसी अधिकतर नॉन बैंकिंग कंपनियों के नाम देश में हुए बड़े घोटालों में सामने आ रहे हैं। यस बैंक घोटाले में डीएचएफएल का नाम आ रहा है। इसी प्रकार आईएलएंडएफएस पर बैंकों और अन्य निवेशकों का 90 हजार करोड़ रुपए बकाया है। कंपनी की 400 से अधिक इकाईयों की जांच चल रही है। इंडियाबुल्स पर भी 100 से अधिक शैल कंपनियां बनाकर मनी लॉन्ड्रिंग के जरिए एक लाख करोड़ रुपए के घोटाले की जांच चल रही है।

नहीं मिल पाएगी सब्सिडी

आरबीआई के आदेश के बाद हमारी कंपनी का काम बंद हो गया है। ऐसे में सब्सिडी कहां से दी जा सकती है। जहां तक हमारे रोल की बात है, तो हम तो प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत ग्राहकों के दस्तावेज सब्सिडी के लिए भेज सकते हैं। सब्सिडी आना या नहीं आना, इसमें हमारा कोई रोल नहीं है।
विकास इंगले, ब्रांच मैनेजर दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड

देशभर में लाखों ग्राहक प्रभावित

अकेले ग्वालियर और आसपास के जिलों में ही ऐसे पांच हजार से अधिक ग्राहक हैं जिन्होंने कंपनियों से लोन ले रखा है और किश्तें भी समय से चुका रहे हैं। अगर देशभर की बात की जाए तो ऐसे लाखों ग्राहक हैं, जिन्हें 2.67 लाख रुपए की सब्सिडी का पेमेंट होना था।

}नॉन बैंकिंग हाउसिंग फाइनेंस कंपनियों से लोन लेने वाले ग्राहक एक साल से परेशान
खबरें और भी हैं...