Hindi News »Madhya Pradesh »Hata» हटा के सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता अभियान बेअसर

हटा के सरकारी कार्यालयों में स्वच्छता अभियान बेअसर

एक ओर जहां पूरे देश में चल रहे प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत अभियान को सफल बनाने की अपील आम लोगों से की जा रही है।...

Bhaskar News Network | Last Modified - Jan 08, 2018, 05:00 AM IST

एक ओर जहां पूरे देश में चल रहे प्रधानमंत्री के स्वच्छ भारत अभियान को सफल बनाने की अपील आम लोगों से की जा रही है। वहीं नगर नगर के सबसे बड़े एसडीएम कार्यालय में गंदगी का आलम स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। केंद्र सरकार के स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत नगर प्रदेश व देश को स्वच्छ बनाने के लिए अधिकारी कर्मचारी संकल्पित हैं एवं अभियान को पूरा करने के लिए करोड़ों रुपए खर्च कर रहे हैं। लेकिन यह अभियान कहां तक सफल हुआ इसकी वानगी नगर के एसडीएम कार्यालय प्रांगण में देखने को मिल रही है। जहां पर प्रवेश द्वार के बाजू में ही गंदगी का अंबार लगा हुआ है।

प्रधानमंत्री द्वारा चलाए जा रहे स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत प्रशासन द्वारा भारी भरकम राशि नगर व ग्रामीण अंचलों में खर्च की जा रही है एवं आला अधिकारियों के माध्यम से दिशा निर्देश जारी किए जाते हैं कि अपने अपने कार्यालयों को साफ स्वच्छ व सुंदर बनाए रखें इसके लिए वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा मॉनिटरिंग भी की जाती है। लेकिन इस स्वच्छ भारत अभियान को स्वच्छ बनाने के लिए अधिकारी प्रधानमंत्री के सपनों पर पलीता लगाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहे हैं। जहां हटा में एसडीएम कार्यालय के प्रवेश गेट के बाजू से ही गंदगी का अंबार लगा हुआ है जहां निकलने पर दुर्गंध आती है और दिन भर सभी अधिकारी वहीं से आते जाते हैं लेकिन अपनी नाक के नीचे ही उन्हें गंदगी दिखाई नहीं देती। इससे यही अंदाजा लगाया जा सकता है कि तहसील के सबसे प्रमुख कार्यालय प्रांगण में जब इतनी गंदगी का अंबार लगा हो तो नगर एवं ग्रामीण क्षेत्र का क्या हाल होगा। जबकि स्वच्छ भारत अभियान में तहसील की कमान एसडीएम के पास ही होती है लेकिन वह अपने दायित्वों का निर्वहन कहां तक करते हैं इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है।

कार्यालय परिसर में गंदगी का आलम। जगह जगह फैला कचरा और भरा गंदा पानी।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Hata

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×