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रिजल्ट बिगड़ने से परेशान इंजीनियरिंग की छात्रा फंदे पर झूली, परिजन थे घर पर मौजूद

ग्रेटर वैशाली नगर की घटना, बीई 2nd year में थी भानूप्रिया। एक महीने से कॉलेज नहीं जा रही थी।

Danik Bhaskar | Mar 13, 2018, 01:53 PM IST

इंदौर। द्वारकापुरी के ग्रेटर कैलाश नगर में मामूली बात पर बीई की छात्रा फांसी पर झूल गई। देर से उठने पर बहन से उसकी कहासुनी हुई और गुस्से में छात्रा ने कमरे का गेट बंद कर यह कदम उठाया। बहन और पिता ने उसे रोकना चाहा, लेकिन गेट मजबूत होने से वे उसे तोड़ नहीं पाए। खिड़की तोड़कर जब तक वे भीतर पहुंचे बेटी फंदे पर झूल चुकी थी। उसे फंदे से उतारकर अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी।

- द्वारकापुरी थाना पुलिस के अनुसार ग्रेटर वैशाली नगर में रहने वाली 22 वर्षीय भानु प्रिया पिता रतन सिंह डावर ने घर में फांसी लगा ली। वह बीई सेकंड ईयर की छात्रा थी। उसके पिता खरगोन में उद्योग विभाग में मैनेजर हैं। पिता ने बताया बेटी बचपन से ही छोटी-छोटी बात पर गुस्सा करती थी। इंजीनियरिंग की पढ़ाई के दौरान उसे दो विषय में एटीकेटी आ गई थी, इसलिए दो दिन से काफी तनाव में थी। उसके स्वभाव को देखते हुए हमने उसे डांटा तक नहीं।

- मंगलवार को वह सुबह 10 बजे तक सो रही थी, इस पर उसकी बहन नम्रता ने उसे टोका। इसे लेकर दोनों के बीच कहासुनी हो गई। गुस्साई भानु प्रिया बहन को मरने का बोलकर कमरे की और दौड़ी। उसके स्वभाव को हम जानते थे, इसलिए बहन पीछे दौड़ी, लेकिन उसने तेजी से गेट बंद कर लिया। नम्रता की आवाज सुन मैं पहुंचा तो गेट बंद था। मैंने खिड़की से देखा तो वह फंदा बना रही थी, इस पर हम गेट तोड़ने लगे, लेकिन उसे तोड़ नहीं सके। शोर सुन आसपास के लोग आ गए और तरवाजा तोड़ने लगे।

- गेट नहीं टूटता देख मैंने खिड़की के कांच तोड़े और कमरे तक पहुंचा, लेकिन तब तक वह फंदे से झूल गई थी। फंदा काटकर उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृत घोषित होने के बाद पिता ने बेटी की आंखें दान कर दी।

भानूप्रिया इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रही थी। भानूप्रिया इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रही थी।
भानूप्रिया के गले पर निशान। भानूप्रिया के गले पर निशान।