• Home
  • Madhya Pradesh News
  • Indore News
  • News
  • 8.50 लाख मध्यमवर्गीय नौकरीपेशा को सिर्फ 374 रु. की बचत, कैपिटल गैन टैक्स से उलझे 84 हजार निवेशक
--Advertisement--

8.50 लाख मध्यमवर्गीय नौकरीपेशा को सिर्फ 374 रु. की बचत, कैपिटल गैन टैक्स से उलझे 84 हजार निवेशक

बजट में स्टैंडर्ड डिडक्शन 40 हजार रु. की बात कही गई है, लेकिन ट्रांसपोर्ट और मेडिकल एलाउंस जो 34200 रु. होते हैं, वह हटा...

Danik Bhaskar | Feb 02, 2018, 03:35 AM IST
बजट में स्टैंडर्ड डिडक्शन 40 हजार रु. की बात कही गई है, लेकिन ट्रांसपोर्ट और मेडिकल एलाउंस जो 34200 रु. होते हैं, वह हटा दिए हैं। यानी, स्टैंडर्ड डिडक्शन वास्तव में 5800 रु. का होगा। वहीं, सालाना आय 4 लाख है तो टैक्सेबल आय 1.5 लाख होगी। 5 फीसदी की दर से टैक्स 7500 होगा। तीन फीसदी सेस से कुल टैक्स 7725 रु. हो रहा है। नए प्रावधान से टैक्सेबल आय 144200 रु. होगी। इस पर पांच फीसदी की दर से 7210 रु. टैक्स होगा पर चार फीसदी सेस 216 रु. होकर टैक्स 7426 रु. होगा। इस तरह राहत 374 रु. की मिलेगी।

बजट का हम पर असर

इस बार बजट के केंद्र में था गांव, इसलिए इन खबरों में ग्रामीण परिवेश की एक झलक

नौकरीपेशा : 5800 रु. का ही होगा स्टैंडर्ड डिडक्शन

ऊट के मुंह में जीरा

इंदौर | आम बजट में इनकम टैक्स स्लैब बढ़ने की राह देख रहे शहर के करीब साढ़े आठ लाख नौकरीपेशा लोगों को निराशा हाथ लगी है। हालांकि जिले में 1.29 लाख किसानों को फायदे की उम्मीद बंधी है। उम्मीद यह कि न्यूनतम समर्थन मूल्य लागत का डेढ़ गुना होने और सभी फसलों को इसमें शामिल करने से उन्हें आलू, प्याज जैसी फसल के भी बेहतर दाम मिलेंगे। वहीं, छह हजार उद्योगपति खुश है कि कार्पोरेट टैक्स पांच फीसदी कम हो गया है। हालांकि व्यापारी निराश हैं। वे उम्मीद कर रहे थे कि जीएसटी को लेकर कोई रोडमैप जारी होगा और नियम सरल करने की बात होगी, पर ऐसा नहीं हुआ।

निवेशक : एक लाख से ज्यादा लाभ पर 10% टैक्स से चिंतित

जोखिम कम नहीं

शे यर बाजार में कैपिटल गैन टैक्स लागू कर दिया गया है। यदि एक लाख रुपए से ज्यादा मुनाफा कमाया है तो 10 फीसदी टैक्स लगेगा। इंदौर में शेयर बाजार में करीब 1.40 लाख निवेशक हैं, जिनकी शेयर में पूंजी निवेश छह हजार करोड़ से ज्यादा है। 60 फीसदी यानी 84 हजार निवेशक इससे एक लाख से ज्यादा का मुनाफा कमा रहे हैं। बजट घोषणा के बाद निवेशकों के बीच घबराहट देखी गई। निवेश सलाहकार तेजपाल सलूजा का कहना है कि शेयर बाजार में निवेश पर शहर में भी थोड़ा असर तो होगा। हालांकि लंबे समय वाले निवेशकों को इससे लाभ होगा ।

व्यापारी : जीएसटी पर बड़ी घोषणा नहीं होने से निराश

करते रहे इंतजार

जि ले के व्यापारी इस बजट से खासे निराश हैं। वह उम्मीद कर रहे थे कि जीएसटी में रिटर्न एक करने के साथ ही टैक्स स्लैब कम करने संबंधी रोडमैप की घोषणा हो सकती है, लेकिन केंद्र सरकार ने इस तरफ कोई कदम नहीं उठाए। उनके लिए कोई राहत नहीं है। इसके अलावा उन्हें आस थी कि जीएसटी संबंधी नियम सरल करने पर भी बात होगी, लेकिन यह भी नहीं हुआ। बजट में उनके हाथ केवल इंतजार आया। अब उनकी उम्मीदें जीएसटी काउंसिल द्वारा भविष्य में लिए जाने निर्णय से ही हैं।

किसान : आलू और प्याज के भी अच्छे दाम मिल सकेंगे

बंधी है आस

बजट में सभी फसलों को न्यूनतम समर्थन मूल्य के तहत लाने और इसे लागत का डेढ़ गुना करने की बात कही है । किसान उम्मीद कर रहे हैं कि उन्हें आलू, प्याज के भी अच्छे दाम मिलेंगे। इंदौर में एक एकड़ में 80 क्विंटल तक आलू होता है। लागत 25 हजार तक आती है। औसत भाव चार रुपए ही मिलते हैं। यानी, 80 क्विंटल के 30 से 32 हजार रुपए। इस हिसाब से बचत छह-सात हजार। वहीं, एक एकड़ में 120 क्विंटल तक प्याज होती है। तीन-चार रुपए में बिकती है। किसान को 120 क्विंटल के 50 हजार तक मिलते हैं। लागत 35 हजार तक आती है।