इंदौर

--Advertisement--

 फिर हुए निराश : तीन बार सीएम से मिले, पर नहीं बनी बात

बीएड कॉलेजों के संचालक और छात्र एक बार फिर ठगा गए। पिछले साल सीएम से मिलकर बीएड में सीएलसी (कॉलेज लेवल काउंसलिंग) की...

Dainik Bhaskar

Jun 13, 2018, 03:55 AM IST
 फिर हुए निराश : तीन बार सीएम से मिले, पर नहीं बनी बात
बीएड कॉलेजों के संचालक और छात्र एक बार फिर ठगा गए। पिछले साल सीएम से मिलकर बीएड में सीएलसी (कॉलेज लेवल काउंसलिंग) की मांग उठाई गई थी। दो साल के भीतर तीन बार इंदौर सहित प्रदेश के 50 बीएड कॉलेजों के संचालक और छात्र संगठन सीएम से मिल चुके हैं। इस बार उन्हें पूरी उम्मीद थी कि बीएड में सीएलसी की अनुमति मिल जाएगी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। राज्य शासन ने शेड्यूल में तीन काउंसलिंग ताे रखी, लेकिन परंपरागत कोर्स की तर्ज पर यहां सीएलसी की अनुमति नहीं दी, जबकि बीकॉम, बीए और बीएससी जैसे परंपरागत कोर्स में सीएलसी के जरिए अंतिम चरण में प्रवेश होते हैं। इस दौरान सारे कॉलेजों की खाली सीटें भर जाती हैं, लेकिन बीएड में पिछले साल ही 55 हजार सीटों पर 85 हजार आवेदक होने के बाद भी 34 हजार सीटें खाली रह गई थीं। वजह सिर्फ यही थी कि सीएलसी की अनुमति नहीं दी गई। इस बार फिर डर सता रहा है कि क्या होगा। सबकी नजरें अंतिम तारीख 14 अगस्त पर हैं।

X
 फिर हुए निराश : तीन बार सीएम से मिले, पर नहीं बनी बात
Click to listen..