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इंदौर / मुहर्रम की वाअज में शामिल हुए मोदी, बोहरा समाज की देशभक्ति को सराहा



मोदी मुहर्रम की वाअज में शामिल होने वाले पहले प्रधानमंत्री। मोदी मुहर्रम की वाअज में शामिल होने वाले पहले प्रधानमंत्री।
बोहरा समाज के धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला से मुलाकात करते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। बोहरा समाज के धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला से मुलाकात करते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।
सैफी मस्जिद में समुदाय के लोगों को संबोधित करते मोदी। सैफी मस्जिद में समुदाय के लोगों को संबोधित करते मोदी।
  • श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर बोहरा समाज के 2 लाख लोगों ने नहीं किया मांसाहार
  • बोहरा समाज की 4.5 लाख आबादी मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में
  • बोहरा मस्जिद में चल रही धर्मगुरु सैयदना अालीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला की वाअज
Danik Bhaskar | Sep 15, 2018, 01:47 AM IST

इंदौर. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को बोहरा समाज के धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफद्दल सैफुद्दीन मौला की वाअज (प्रवचन) में शिरकत करने इंदौर पहुंचे। वे मुहर्रम की वाअज में शामिल होने वाले पहले प्रधानमंत्री हैं। सैफी मस्जिद में हुए कार्यक्रम में मोदी ने कहा- शांति, सद्भाव, सत्याग्रह और राष्ट्रभक्ति के प्रति बोहरा समाज की भूमिका महत्वपूर्ण रही है।

अन्याय के खिलाफ मिशन से जुड़ा बोहरा समाज

  1. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  2. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इनमें नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज दोनों, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल आदि।

  3. 1 बजे तक न जाएं इस रास्ते पर

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले लोग अपने-अपने गंतव्य के लिए दूसरा विकल्प चुन लें, क्योंकि पीएम के आने की वजह से सुबह 9 से 1 बजे तक इस रास्ते को बंद कर दिया गया है। स्कूल बसें सुबह आठ के पहले बच्चों को ले भी गई तो बच्चों की वापसी लेट हो सकती है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

  4. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  5. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  6. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  7. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इनमें नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज दोनों, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल आदि।

  8. 1 बजे तक न जाएं इस रास्ते पर

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले लोग अपने-अपने गंतव्य के लिए दूसरा विकल्प चुन लें, क्योंकि पीएम के आने की वजह से सुबह 9 से 1 बजे तक इस रास्ते को बंद कर दिया गया है। स्कूल बसें सुबह आठ के पहले बच्चों को ले भी गई तो बच्चों की वापसी लेट हो सकती है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

  9. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  10. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  11. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  12. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  13. 1 बजे तक न जाएं इस रास्ते पर

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले लोग अपने-अपने गंतव्य के लिए दूसरा विकल्प चुन लें, क्योंकि पीएम के आने की वजह से सुबह 9 से 1 बजे तक इस रास्ते को बंद कर दिया गया है। स्कूल बसें सुबह आठ के पहले बच्चों को ले भी गई तो बच्चों की वापसी लेट हो सकती है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

  14. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  15. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  16. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  17. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  18. 2 बजे तक गंगवाल बस स्टैंड बंद

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

     

    गंगवाल बस स्टैंड दो बजे तक के लिए बंद।

     

  19. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  20. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  21. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  22. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  23. 2 बजे तक गंगवाल बस स्टैंड बंद

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

     

    गंगवाल बस स्टैंड दो बजे तक के लिए बंद।

     

  24. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  25. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  26. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए हैं। उधर, 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत कर रहे हैं।

  27. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  28. 2 बजे तक गंगवाल बस स्टैंड बंद

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

     

    गंगवाल बस स्टैंड दो बजे तक के लिए बंद।

     

  29. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  30. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  31. स्वागत के लिए कतार में कार्यकर्ता

    मोदी के स्वागत के लिए भाजपा कार्यकर्ता विधानसभावार एयरपोर्ट के मुख्य गेट से माणिकबाग ब्रिज तक सड़क के दोनों ओर कमल के फूल के निशान वाले झंडे लेकर खड़े हो गए। वहीं 100 से ज्यादा व्यापारिक और सामाजिक संगठन के हजारों लोग भी मानव शृंखला बनाकर पीएम का स्वागत करने पहुंचे।

  32. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  33. 2 बजे तक गंगवाल बस स्टैंड बंद

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

     

    गंगवाल बस स्टैंड दो बजे तक के लिए बंद।

     

  34. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  35. पीएम के आने के राजनीतिक मायने

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में, वहीं देश में 20 लाख बोहरा समाजजन हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर देखा जा रहा है।

  36. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में है। वहीं, देश में 20 लाख बोहरा समुदाय के लोग हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर भी देखा जा रहा है।
     

  37. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। नेशनल पब्लिक स्कूल, सेंट्रल स्कूल नंबर 2, गुरु रामचंद्र झा, केशव विद्यापीठ, क्लॉथ मार्केट स्कूल व कॉलेज, शारदा कन्या हायर सेकंडरी स्कूल, खालसा कॉलेज, वैष्णव हायर सेकंडरी स्कूल, सराफा विद्या निकेतन, ओल्ड जीडीसी, वैष्णव पॉलिटेक्निक व चोइथराम स्कूल में रूट बंद होने से परिजन बच्चों को स्कूल छोड़ने गए।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  38. 2 बजे तक गंगवाल बस स्टैंड बंद

    एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

     

    गंगवाल बस स्टैंड दो बजे तक के लिए बंद।

     

  39. समाजजन आज खाली हाथ आएं

    मसजिद में प्रवेश के सभी दस गेट पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है। मसजिद के गेट से अंदर आने के बाद सिक्योरिटी गेट से गुजरना पड़ रहा है। मेटल डिटेक्टर से भी जांच की जा रही है। गुरुवार रात को ही समाज के सभी लोगों को मैसेज कर दिया गया है कि शुक्रवार को कोई भी समाजजन मोबाइल फोन, पानी की बॉटल, बैग या फिर कोई अन्य सामग्री लेकर नहीं पहुंचे।

  40. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में है। वहीं, देश में 20 लाख बोहरा समुदाय के लोग हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर भी देखा जा रहा है।
     

  41. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। यह प्रभावित हुए। 

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  42. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    मोदी के इंदौर आगमन के राजनीतिक मायने भी हैं। बोहरा समाज के 35 हजार लोग शहर में रहते हैं, जबकि साढ़े चार लाख आबादी प्रदेश में है। वहीं, देश में 20 लाख बोहरा समुदाय के लोग हैं। इसी साल प्रदेश सहित कई राज्यों में विस चुनाव हैं। यही वजह है कि प्रधानमंत्री की उपस्थिति को राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की अप्रत्यक्ष शुरुआत से जोड़कर भी देखा जा रहा है।
     

  43. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    पीएम के रूट में डेढ़ दर्जन से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। यह प्रभावित हुए। परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए। एयरपोर्ट से माणिकबाग की ओर जाने वाले सभी मार्गों को बंद कर दिया गया है। वहीं गंगवाल बस स्टैंड से चलने वाली बसों को 2 बजे तक के लिए चंदन नगर शिफ्ट कर दिया गया है। यह रूट सुबह 9 से 1 बजे तक के लिए बंद कर दिया गया है। एक बजे के बाद ही प्रतिबंधित किए गए क्षेत्र से ट्रैफिक शुरू हो सकेगा।

    परिजन बच्चों को छोड़ने स्कूल गए।

     

  44. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    इन चुनावों की वजह से प्रधानमंत्री के इस दौरे को परोक्ष रूप से राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री इससे पहले 23 जून को इंदौर आए थे। 

  45. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्ग में 20 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इन्हें सुरक्षा के मद्देनजर बंद रखा गया है। मस्जिद में प्रवेश के सभी 10 दरवाजों पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है।

  46. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    इन चुनावों की वजह से प्रधानमंत्री के इस दौरे को परोक्ष रूप से राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री इससे पहले 23 जून को इंदौर आए थे। 

  47. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्ग में 20 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इन्हें सुरक्षा के मद्देनजर बंद रखा गया है। मस्जिद में प्रवेश के सभी 10 दरवाजों पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है।

  48. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    इन चुनावों की वजह से प्रधानमंत्री के इस दौरे को परोक्ष रूप से राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री इससे पहले 23 जून को इंदौर आए थे। 

  49. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्ग में 20 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इन्हें सुरक्षा के मद्देनजर बंद रखा गया है। मस्जिद में प्रवेश के सभी 10 दरवाजों पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है।

  50. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    इन चुनावों की वजह से प्रधानमंत्री के इस दौरे को परोक्ष रूप से राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री इससे पहले 23 जून को इंदौर आए थे। 

  51. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्ग में 20 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इन्हें सुरक्षा के मद्देनजर बंद रखा गया है। मस्जिद में प्रवेश के सभी 10 दरवाजों पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है।

  52. पीएम के आने के राजनीतिक मायने:

    इन चुनावों की वजह से प्रधानमंत्री के इस दौरे को परोक्ष रूप से राजनीतिक फायदे और चुनावी कैंपेन की से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री इससे पहले 23 जून को इंदौर आए थे। 

  53. डेढ़ दर्जन शैक्षणिक संस्थान प्रभावित

    प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्ग में 20 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थान हैं। इन्हें सुरक्षा के मद्देनजर बंद रखा गया है। मस्जिद में प्रवेश के सभी 10 दरवाजों पर एसपीजी और पुलिस का पहरा है।

  54. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  55. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  56. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  57. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में कहीं हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  58. मोदी के दौरे के राजनीतिक मायने

    बोहरा समाज के 35 हजार लोग इंदौर, साढ़े चार लाख लोग मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में रहते हैं। इसी साल मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव हैं।

  59. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  60. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में कहीं हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  61. देशभर में बोहरा समुदाय की आबादी 20 लाख

    बोहरा समाज के 35 हजार लोग इंदौर, साढ़े चार लाख लोग मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में रहते हैं। इसी साल मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव हैं।

  62. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  63. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  64. देशभर में बोहरा समुदाय की आबादी 20 लाख

    बोहरा समाज के 35 हजार लोग इंदौर, साढ़े चार लाख लोग मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में रहते हैं। इसी साल मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव हैं।

  65. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  66. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  67. देशभर में बोहरा समुदाय की आबादी 20 लाख

    बोहरा समाज के 35 हजार लोग इंदौर, साढ़े चार लाख लोग मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में रहते हैं। इसी साल मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव हैं।

  68. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  69. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    मोदी ने कहा, ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  70. मोदी की इंदौर यात्रा के राजनीतिक मायने

    बोहरा समाज के 35 हजार लोग इंदौर, साढ़े चार लाख लोग मध्यप्रदेश और 20 लाख देशभर में रहते हैं। इसी साल मध्यप्रदेश, राजस्थान, और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव हैं।

  71. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  72. गांधी जी से ट्रेन में मिले थे सैयदना साहब

    मोदी ने कहा, ‘‘सैयदना साहब ने गांधीजी के साथ मिलकर मूल्यों की स्थापना में अहम योगदान दिया था। दोनों की मुलाकात ट्रेन में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच संपर्क बना रहा।’’ 
     

  73. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  74. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मासांहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  75. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मांसाहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  76. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मांसाहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  77. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मांसाहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  78. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मांसाहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।

  79. बोहरा समाज ने एक दिन नहीं किया मांसाहार

    वाअज के दूसरे दिन बोहरा समाज के दो लाख लोगों ने श्वेतांबर जैन समाज के आग्रह पर पर्युषण पर्व के आखिरी दिन गुरुवार को शाकाहार भोजन ही किया। ऐसा पहली बार हुआ जब किसी धर्म के आग्रह को दूसरे धर्म के प्रमुख गुरु ने स्वीकार किया।