• Home
  • Madhya Pradesh News
  • Jaora
  • यह बात अलग है, गरीब हूं मैं, मगर तुम्हारे करीब हूं मैं...
--Advertisement--

यह बात अलग है, गरीब हूं मैं, मगर तुम्हारे करीब हूं मैं...

उर्स दौरान आयोजित मुशायरे में कलाम पेश करते शायर। भास्कर संवाददाता | जावरा यह बात अलग है, गरीब हूं मैं, मगर...

Danik Bhaskar | Mar 01, 2018, 07:15 AM IST
उर्स दौरान आयोजित मुशायरे में कलाम पेश करते शायर।

भास्कर संवाददाता | जावरा

यह बात अलग है, गरीब हूं मैं, मगर तुम्हारे करीब हूं मैं.., हे मेरी दौलत मेरी अकीदत, फरीद दर पे दुखी जो आय.. जैसे कलाम व शायरी से सजी उर्स की महफिल। बाहर से शायर कलाकारों ने अपने कलाम व शायरी से लोगों की दाद बटोरी। मौका था हजरत हफीज गुलाम हैदर शाह साहब के 52वें उर्स का।

काेटा से आए शायर डॉ. फरीद नक्शबंदी ने सूफी संतों के बारे में लिखी रचनाओं का पाठ किया। शायर शाहनवाज असीमी, शकेब गुलशनाबादी ने शायराना अंदाज में कहा कभी करम से कभी अता से, सदा नवाजा हमें दुआ से, ये नक्शबंदी जो सिलसिला है, मिला है सिद्धिकी बाबा की वफा से..। कवि आशीष दशोत्तर ने कहां है हिंदु, कहां है मोमिन, जरा यहां पर बताए कोई, यहा सभी की बस एक ही चाहत गुलाम हैदर जमील अहमद.. रचना का पाठ किया। शायर शबाब गुलशनाबादी, अब्दुल सलाम खोकर, लक्ष्मण पाठक, मोइनुद्दीन मोइन, सिद्धीक रतलामी ने कलाम पेश किए। नदीम अंसारी, अब्दुल हमीद गोहर, मुख्तार अंसारी, खुर्शीद फारुकी ने कलाम पेश किए।

स्वच्छता का महत्व बताया स्पर्धाओं से किया जागरूक

स्वच्छता मिशन के तहत बच्चों को दिया प्रशिक्षण

विद्यार्थियों को स्वच्छता के तकनीकी पहलुओं की जानकारी देते पदाधिकारी।

भास्कर संवाददाता | जावरा

स्वच्छ भारत मिशन के तहत शहर स्वच्छ व सुंदर बनाने के लिए ग्रामीण विकास ट्रस्ट भदवासा कार्यालय पर माध्यमिक स्कूली विद्यार्थियों का प्रशिक्षण शिविर लगाया। उन्हें स्वच्छता से जुड़े तकनीकी पहलु बताएं। स्कूल स्तरीय स्वच्छता अध्ययन विषय पर आधारित स्पर्धा हुई।

नगर पालिका परिषद व ग्रामीण विकास ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में 6 से 8वीं तक के बच्चों के लिए खुले में शौच मुक्त शहर के लिए व्यक्तिगत शौचालय का निर्माण, उनका नियमिति उपयोग, कचरे का सुरक्षित निपटान, स्कूल स्तर पर स्वच्छता व सफाई विषय पर वाद विवाद स्पर्धा, टेस्ट, निबंध लेखन, पोस्टर बनाना, नारा लेखन स्पर्धाएं हुई। डॉ. वरणसिंह, अनिल सैनी, अरूनाभा गुप्ता, अंशुल जैन ने स्वच्छता से जुड़े काम और उनसे होने वाले फायदे बताएं। स्कूलों से पराग दिवेकर, राधेश्याम गेहलोत, ओमप्रकाश अग्रवाल, बालमुकुंद पाटीदार, ओमप्रकाश त्रिवेदी, आरिफ जहां, राजेंद्र सोनी, राजेश अरोरा आदि मौजूद थे।