• Hindi News
  • Madhya Pradesh News
  • Jhabua News
  • स्वीकृति के 6 माह बाद भी बैंक ने नहीं दिया लोन तो युवक ने की कलेक्टर से शिकायत
--Advertisement--

स्वीकृति के 6 माह बाद भी बैंक ने नहीं दिया लोन तो युवक ने की कलेक्टर से शिकायत

स्वीकृति होने के बाद भी बैंक द्वारा युवक को लोन नहीं दिया जा रहा है। करीब छह माह से वह बैंक के चक्कर काटने को मजबूर...

Dainik Bhaskar

Jul 11, 2018, 02:45 AM IST
स्वीकृति के 6 माह बाद भी बैंक ने नहीं दिया लोन तो युवक ने की कलेक्टर से शिकायत
स्वीकृति होने के बाद भी बैंक द्वारा युवक को लोन नहीं दिया जा रहा है। करीब छह माह से वह बैंक के चक्कर काटने को मजबूर है। बैंक ने जो दस्तावेज मांगे उपलब्ध करा दिए इसके बावजूद मामले में टाल मटोल की जा रही है। इससे परेशान होकर युवक जनसुनवाई में पहुंचा और कलेक्टर से शिकायत की।

मामला थांदला का है। राकेश पिता कन्हैयालाल डाबी ने उद्योग विभाग के जरिए दुकान शुरू करने के लिए 5 लाख का लोन मांगा था। इस पर विभाग ने डाबी को ढाई लाख के लोन की स्वीकृति दी। लोन का प्रकरण थांदला की स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के पास पहुंचाया गया लेकिन छह माह बाद भी अब तक उसे लोन की राशि नहीं मिल पाई है। डाबी ने बताया मैं कई बार बैंक के चक्कर लगा चुका हूं। बैंक ने मुझसे दुकान की भाड़ा चिट्‌ठी मांगी थी। मैंने 3 फरवरी को शपथ पत्र पर वकील से नोटरी करवाकर दुकान के कोटेशन व 6 कोरे चेक भी दे दिए। शाखा प्रबंधक के पास जब भी जाता हूं वे कुछ नया बहाना बना देते हैं। डाबी ने कलेक्टर से शीघ्र बैंक से लोन दिलाने की मांग की।

जनसुनवाई में कलेक्टर को बैंक द्वारा लोन नहीं दिए जाने की शिकायत करते राकेश डाबी।

लाडली लक्ष्मी योजना में नहीं हो रहा पंजीयन

विवेकानंद कॉलोनी में रहने वाले शशिकांत सोलंकी ने आशा कार्यकर्ता सुनीता सोनी की शिकायत कलेक्टर से की। आवेदनम में बताया तीन वर्ष पहले उसकी पुत्री का जन्म हुआ था। लेकिन अब तक आशा कार्यकर्ता ने बेटी का पंजीयन लाडली लक्ष्मी योजना में नहीं किया है। उसने आरोप लगाया कि कार्यकर्ता प|ी की नसबंदी कराने के लिए दबाव डाल रही है। मामले में कलेक्टर से कार्रवाई की मांग की।

ग्रामीण ने मांगे शेष 2 लाख रुपए : जनसुनवाई में आए नाहटिया पिता मलजी निवासी ग्राम उमरादरा डूंडका फलिया (मेघनगर) ने आवेदन में बताया विद्युत कार्य करते हुए करंट लग जाने से उसके एक हाथ ने काम करना बंद कर दिया था। इस विवाद के निपटारे के लिए संबंधित बाबू बारिया द्वारा 3 लाख रुपए देने का वादा किया गया था, किंतु उसके द्वारा 1 लाख रुपए दिए गए। शेष 2 लाख रुपए अब तक नहीं दिए। उसने राशि दिलाने की मांग कलेक्टर से की।

यह भी आए आवेदन






X
स्वीकृति के 6 माह बाद भी बैंक ने नहीं दिया लोन तो युवक ने की कलेक्टर से शिकायत
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..