• Hindi News
  • Madhya Pradesh News
  • Jhabua News
  • गीता व गंगाजल की कसम खाकर बोला किसान -जो जानकारी दे रहा हूं सत्य है
--Advertisement--

गीता व गंगाजल की कसम खाकर बोला किसान -जो जानकारी दे रहा हूं सत्य है

जनसुनवाई में गीता-गंगाजल हाथ में लेकर कलेक्टर को समस्या बताता बुजुर्ग। पहले भी आवेदन देने पर सुनवाई नहीं हुई तो...

Dainik Bhaskar

Aug 08, 2018, 03:46 AM IST
गीता व गंगाजल की कसम खाकर बोला किसान -जो जानकारी दे रहा हूं सत्य है
जनसुनवाई में गीता-गंगाजल हाथ में लेकर कलेक्टर को समस्या बताता बुजुर्ग।

पहले भी आवेदन देने पर सुनवाई नहीं हुई तो जनसुनवाई में गीता व गंगाजल लेकर पहुंचा

झाबुआ | जनसुनवाई में मंगलवार को एक रोचक मामला हुआ। एक किसान भगवानसिंह पिता परथेसिंह शक्तावत नि. घुघरी अपने साथ गीता व गंगाजल लेकर आए। उन्होंने कलेक्टर आशीष सक्सेना के पास पहुंच कर कहा-साहब गीता और गंगाजल की कसम खाकर कहता हूं कि जो जानकारी दे रहा हूं, वह सत्य है। दरअसल भगवानसिंह के खेत के पास एक ढाबा है। उसके कारण खेत में बारिश का पानी भर जाता है। नाली बनाने को लेकर एक समझौता दोनों के बीच हुआ था लेकिन समझौते के तहत विपक्षी ने व्यवस्था नहीं की, जिससे बारिश का पानी इस साल भी भरा। समझौते के कारण उसकी सुनी नहीं जा रही थी, इसलिए गीता व गंगाजल की कसम खाई। कलेक्टर सक्सेना ने किसान से कहा कि अधिकारियों को भेजता हूं। यदि काम नहीं होता है तो मैं खुद आऊंगा।

मरम्मत के बाद तालाब में नहीं टिक रहा पानी -छापरी रणवास के ग्रामीणों ने एक आवेदन देकर बताया कि 20 साल पुराना सिंचाई विभाग का तालाब है। पिछले साल नहर से पानी छोड़ने वाले स्थान पर मरम्मत की गई। इसके बाद से तालाब में पानी टिक नहीं रहा है। ग्रामीणों ने समाधान की मांग की। नरसिंहपुरा और उकाला के ग्रामीणों ने नई राशन दुकान नवापाड़ा की जगह नरसिंहपुरा में संचालित करने की मांग की।

X
गीता व गंगाजल की कसम खाकर बोला किसान -जो जानकारी दे रहा हूं सत्य है
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..