• Hindi News
  • Madhya Pradesh News
  • Jhabua News
  • नपा ने शर्तें मानी तो झाबुआ में 13.50 करोड़ रुपए का आधुनिक बस टर्मिनल जल्द बनेगा
--Advertisement--

नपा ने शर्तें मानी तो झाबुआ में 13.50 करोड़ रुपए का आधुनिक बस टर्मिनल जल्द बनेगा

झाबुआ. नपा कार्यालय में प्रोजेक्ट के बारे में परिषद के सदस्यों को समझाते कंसल्टेंट आर्किटेक्ट के प्रतिनिधि।...

Dainik Bhaskar

Aug 03, 2018, 03:50 AM IST
नपा ने शर्तें मानी तो झाबुआ में 13.50 करोड़ रुपए का आधुनिक बस टर्मिनल जल्द बनेगा
झाबुआ. नपा कार्यालय में प्रोजेक्ट के बारे में परिषद के सदस्यों को समझाते कंसल्टेंट आर्किटेक्ट के प्रतिनिधि।

नपा का रूख इसलिए साफ नहीं क्योंकि... योजना में उसकी जमीन जा रही और होने वाली आय में हिस्सा भी नहीं मिलेगा

नोडल एजेंसी हाउसिंग बोर्ड ने प्रजेंटेशन देकर बताई योजना, नपा ने मांगा समय

भास्कर संवाददाता | झाबुआ

नगरपालिका सौंदर्यीकरण के लिए यदि अपने आर्थिक हित त्यागने पर सहमत हो जाती है तो झाबुआ में आधुनिक बस टर्मिनल बनेगा। वर्तमान बस स्टैंड पर ही पास की खेरची सब्जी मंडी वाली जमीन और सामने की डॉक्टर आवास की जमीन लेकर 13.50 करोड़ रुपए में निर्माण की योजना है। इस योजना काे बस स्टैंड रिडेंसीफिकेशन नाम दिया गया है। पीपीपी मोड पर कार्य किया जाना है, जिसके लिए शासन की ओर से हाउसिंग बोर्ड को नोडल एजेंसी बनाया गया है। हाउसिंग बोर्ड के एई बीएल चौहान और कंसल्टिंग आर्किटेक्ट के प्रतिनिधियों ने गुरुवार को नपा कार्यालय के सभाकक्ष में योजना का प्रजेंटेशन दिया। नपा परिषद से योजना के लिए प्रस्ताव पारित करने का निवेदन किया। चूंकि योजना के लिए नगरपालिका की जमीन जा रही है और इसके बदले न तो निर्माण एजेंसी बनाया जा रहा है और न ही बस टर्मिनल की दुकानें बेच कर आय करने का प्रावधान है, इसलिए परिषद ने तत्काल सहमति देने से इंकार कर दिया। इसके लिए समय मांगा। नपाध्यक्ष मनु डोडियार समेत परिषद के पार्षदों ने कहा कि परिषद में मुद्दे को रख कर चर्चा के बाद ही निर्णय लिया जाएगा। हालांकि कलेक्टर कह रहे हैं कि नपा के स्तर का मामला नहीं है, केबिनेट से योजना को दिशा मिलेगी लेकिन कानूनी जानकारों के अनुसार जिसकी जमीन प्रोजेक्ट में ली जाना है, उसकी सहमति के बिना योजना पर क्रियान्वयन संभव नहीं है।

विस्तार जानिए क्या है पूरी योजना

टिकट काउंटर व प्रतीक्षालय : डॉक्टर आवास तोड़ने के बाद खाली पड़ी जमीन पर टिकट काउंटर और यात्री प्रतीक्षालय बनेगा। यहां छह छोटी और एक बड़ी दुकान बनेगी। एक एटीएम भी रहेगा।

बसें खड़ी करने के लिए आईलैंड : वर्तमान यात्री प्रतीक्षालय से डॉक्टर आवास वाली जमीन पर बनने वाले प्रतीक्षालय के बीच बसें खड़ी करने के लिए कांक्रीट के डिवाइडर (आईलैंड) बनेंगे।

बीच बस स्टैंड से नहीं होगा आवागमन : अभी बस स्टैंड चौक से दूसरे वाहनों का आवागमन होता है। योजना में छतरी पुलिस चौकी से बिजली कंपनी कार्यालय तक रोड बनाकर चौक वाला हिस्सा बंद किया जाएगा। बसें आगे अभी जहां से आती हैं, वहीं से आना-जाना करेंगी। यहां सड़क की चौड़ाई बढ़ेगी। सड़क की चौड़ाई बढ़ने से ट्रैफिक आवागमन आसान होगा।

सब्जी मंडी की जगह कॉम्प्लेक्स : वर्तमान सब्जी मंडी वाली जमीन पर तीन मंजिला कॉम्प्लेक्स बनेगा। नीचे पार्किंग रहेगा। ऊपर दो मंजिलों में 62 दुकानें बनेंगी। सब्जी मंडी के लिए पॉवर हाऊस रोड पर फ्रंट पर हॉकर्स जाेन बनाया जाएगा।

योजना में आने वाले पैंच और उनके समाधान

राशि : 13.50 करोड़ रुपए चाहिए। तीन सरकारी जमीन बेचने पर 13.80 करोड़ रुपए आना संभावित।

दुकानें : जो दुकानें टूटेंगी, उनके मालिकों को बिना कोई राशि लिए कॉम्पलेक्स में दुकानें दी जाएंगी।

सब्जी दुकानें : सब्जी मंडी की दुकानें लगाने के लिए हॉकर्स जोन बना कर दिया जाएगा।

निर्माता एजेंसी : नगर पालिका चाहती है कि उसे निर्माता एजेंसी बनाया जाए। नगरीय प्रशासन विभाग के पास अधिकार है कि निर्माण कौन करे। वो ही तय करेगी।

आय : सब्जी मंडी की जमीन के बदले दुकानें बेचने से होने वाली आय नपा चाहती है। सरकारी जमीनें हस्तांतरित करने पर प्रोजेक्ट की पूरी लागत आ गई तो कलेक्टर यह अधिकार नपा को दे सकते हैं। अन्यथा नपा को कॉम्प्लेक्स की दुकानों की किराया वसूली का अधिकार दिया जा सकता है।

तीन जमीनों को हस्तांतरित कर जुटाई जाएगी राशि

छतरी चौक पुलिस चौकी वाली 700 वर्ग मीटर, वाचनालय की 1100 वर्ग मीटर जमीन और पुरानी तहसील की 600 वर्ग मीटर जमीन। वर्तमान गाइडलाइन के अनुसार इन जमीनों का बाजार मूल्य 13.80 करोड़ रुपए हैं। जमीनें कलेक्टर के अधीन हैं, उन्हें शासन ने रिडेंसीफिकेशन नीति के तहत हस्तांतरित कर पीपीपी मोड पर करने का अधिकार दिया है।

नपा नहीं रोक सकती योजना


यह है रिडेंसीफिकेशन नीति : ऐसे सरकारी भवन या परिसर जो वर्तमान जरूरतों के हिसाब से उस इलाके लिए अनुपयुक्त हो गए हैं, उन्हें बेचा जाता है, इस आय से शहर विकास के किसी योजना को मूर्त रूप दिया जाता है।

X
नपा ने शर्तें मानी तो झाबुआ में 13.50 करोड़ रुपए का आधुनिक बस टर्मिनल जल्द बनेगा
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..