पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • Jhabua News Mp News Principal In Charge Said We Have Given The Application The Reality Is That The Transformer Work Is Still Pending The Connection Will Not Be Done Till Then

प्रभारी प्राचार्य बोले- हमने आवेदन दे दिया है, हकीकत ये कि अभी ट्रांसफार्मर का काम बाकी, तब तक नहीं होगा कनेक्शन

2 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
शहर में मॉडल कॉलेज का शिलान्यास 24 जून को मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कर दिया। भवन एक साल पहले से बनकर तैयार था। अब पता चला है कि शुरू होने के डेढ़ महीने बाद भी कॉलेज में बिजली का कनेक्शन नहीं हुआ। कॉलेज बनाने वाले ठेकेदार ने जो अस्थायी कनेक्शन लिया था, उसी में तार जोड़कर बिजली चलाई जा रही है। हाल ये हैं कि कनेक्शन के कट आउट गेट के बाहर जमीन पर रखे हैं। कॉलेज वालों का कहना है, नए कनेक्शन के लिए आवेदन दे दिया है। लेकिन भास्कर ने जब पड़ताल की तो पता चला, कॉलेज के लिए लगा ट्रांसफार्मर चालू नहीं हो पाया। जब तक ये चालू नहीं हो जाता, कनेक्शन नहीं होगा।

ठेकेदार चौकीदार हटा ले तो कॉलेज की सुरक्षा भी नहीं होगी : इस कॉलेज के लिए तसल्ली की बात सिर्फ इतनी है कि यहां अब तक 78 विद्यार्थियों के एडमिशन हो चुके हैं। शुरुआत में यहां सिर्फ दो विद्यार्थी ही थे। अभी एक काउंसलिंग और होगी। वैसे कॉलेज में 1080 सीट हैं। 12 करोड़ के इस कॉलेज में लगातार नए पेंच सामने आ रहे हैं। खबर है कि दो दिन पहले ठेकेदार ने कॉलेज वालों से कह दिया कि कनेक्शन बंद करवा रहा हूं। इसके बाद प्रभारी प्राचार्य ने उसे कुछ दिन और रुकने को कहा। चौकीदार भी नहीं हटाने पर चर्चा हुई। अगर ठेकेदार बिजली कनेक्शन बंद करा दे और चौकीदार हटा ले तो यहां न बिजली होगी न सुरक्षा।

मॉडल कॉलेज में ठेकेदार के अस्थायी कनेक्शन से बिजली चल रही। बिजली कनेक्शन के कट आउट जमीन पर ही रखे हैं।

और भी हैं पेंच

कॉलेज भवन अभी हस्तांतरित नहीं हुआ है। ठेकेदार देने को तैयार है, लेकिन काॅलेज वाले ले नहीं रहे। अगर लेते हैं तो बिजली-पानी व चौकीदार की व्यवस्था करना होगी।

कॉलेज चर्चा में तब आया था, जब मुख्यमंत्री ने शुभारंभ कार्यक्रम तय कर दिया, लेकिन तब तक एक भी प्रोफेसर की पोस्टिंग नहीं थी। सभी 73 पद खाली थे। दैनिक भास्कर की 23 जून की खबर के बाद ताबड़तोड़ स्टाफ भेजा गया।

एक साल से ज्यादा समय तक कॉलेज बनने के बावजूद शुरू नहीं हो पाया। जब शुरू हुआ तो यहां कर्मचारी नहीं पहुंचे। काउंसलिंग के लिए आए विद्यार्थी लौट गए थे।

हमने बिजली कनेक्शन का आवेदन दे दिया है। 15 अगस्त के पहले हो जाएगा। ठेकेदार को समझाया है कि अभी चलने दे। भवन हैंडओवर तो नहीं हुआ, लेकिन कॉलेज शुरू हो गया तो मान सकते हैं, हमने ले लिया।’ प्रो. एससी जैन, प्रभारी प्राचार्य, मॉडल कॉलेज

इधर... 37 करोड़ का जो इंजीनियरिंग कॉलेज बनना है, अभी तक एडमिशन हुए सिर्फ 14

हर साल कम हो रहे विद्यार्थी, इसलिए बिना पीईटी वालों को भी दे देते हैं दाखिला

भास्कर संवाददाता | झाबुआ

ये चौंकाने वाली कहानी पांच साल पहले शुरू हुए एपीजे अब्दुल कलाम इंजीनियरिंग कॉलेज की है। राजीव गांधी प्राैद्योगिकी विश्वविद्यालय यहां 37 करोड़ रुपए से कॉलेज और हॉस्टल बनाने वाला है। जिस इंजीनियरिंग कॉलेज पर इतना खर्च होना है, वहां इस साल सिर्फ 14 विद्यार्थियों ने प्रवेश लिए। आपको जानकर आश्चर्य होगा कि ये संख्या पिछले साल एडमिशन लेने वालों से 2 ज्यादा है। अब किया ये जाएगा कि 12वीं कम से कम सेकंड डिवीजन से गणित में पास विद्यार्थियों को बिना किसी एंट्रेंस एक्जाम के एडमिशन दिए जाएंगे। इसके लिए लोकल लेवल काउंसलिंग 9 से 14 अगस्त तक होगी।

इंजीनियरिंग में प्रवेश के लिए साल दर साल विद्यार्थियों की कम होती रुचि यहां देखने को मिल रही है। हालांकि प्राचार्य डॉ. केएस चंदेल कहना है, झाबुआ दूसरे इलाकों से एक तरफ है और अभी कॉलेज के साथ हॉस्टल भी नहीं है। ऐसे में बाहर से पीईटी वाले जो बच्चे आते हैं, वो एडमिशन नहीं लेते। जब कॉलेज और हॉस्टल बन जाएगा तो ऐसा नहीं होगा। 37 करोड़ की योजना में सारा काम प्रस्तावित है। इस बार अब तक कम्प्यूटर साइंस में 13 और मेकेनिकल में 1 प्रवेश हुआ है। दोनों विषय में 60-60 सीटें हैं।

ये है लोकल लेवल काउंसलिंग

इंजीनियरिंग कॉलेज में सीटें पूरी नहीं भरने पर एलएलसी की जाती है। इसमें स्थानीय विद्यार्थियों को बिना इंट्रेंस के प्रवेश दिया जाता है। जो आवेदन आते हैं, उनका मेरिट के आधार पर चयन होता है। पिछले साल भी ये किया था, लेकिन ज्यादा बच्चे नहीं आए।

अभी पॉलिटेक्निक में

चल रहा कॉलेज

पांच साल से यहां का इंजीनियरिंग कॉलेज, पोलिटेक्निक कॉलेज में चल रहा है। यहां कुछ कमरे दिए गए हैं। नया भवन गांव गड़वाड़ा में बनना है। इसमें अभी समय लगेगा।

साल दर साल एडमिशन

वर्ष छात्र

2015 47

2016 65

2017 29

2018 12

2019 14

खबरें और भी हैं...