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लोकायुक्त पुलिस की कार्रवाई, रिश्वत लेते मुख्य हेल्थ इंस्पेक्टर रंगे हाथों गिरफ्तार

11 सफाई कर्मियों का वेतन निकालने के बदले पांच-पांच हजार रुपए रिश्वत लेना चाह रहा था।

Danik Bhaskar | Nov 23, 2017, 06:26 AM IST

इंदौर. नगर निगम बिलावली जोन के मुख्य स्वास्थ्य निरीक्षक (सीएसआई) मुकेश करोसिया को लोकायुक्त पुलिस ने बुधवार को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा। आरोपी इंस्पेक्टर उसी जोन के दरोगा के जरिए मस्टर पर काम कर रहे 11 सफाई कर्मियों का वेतन निकालने के बदले पांच-पांच हजार रुपए रिश्वत लेना चाह रहा था। इस पर दरोगा ने ही लोकायुक्त पुलिस को सूचना दी थी।

- लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक दिलीप सोनी के मुताबिक आरोपी के खिलाफ रिश्वत मांगने की शिकायत बिलावली जोन के ही स्वास्थ्य दरोगा अनिल धूलिया ने की थी। आरोपी सीएसआई करोसिया पं. दीनदयाल उपाध्याय जोन क्रमांक 13 बिलावली में पदस्थ है।

- सीएसआई द्वारा वेतन पत्रक का सत्यापन कर हस्ताक्षर करने के बाद ही रुपए कर्मियों के खाते में जमा होते हैं। इसी जोन से संबद्ध 11 सफाई कर्मियों का चार माह के वेतन पत्रक का सत्यापन आरोपी सीएसआई ने किया था।

- तब सीएसआई ने सफाई कर्मियों से कहा- पैसा जमा होने के बाद उसमें से पांच पांच हजार रुपए निकालकर मुझे देना। उसने दरोगा से भी कहा था कि वह कर्मियों से पैसा लेकर मुझे दे। रुपए हाल ही में 11 सफाई कर्मियों के खातों में जमा हो चुके हैं।

दरोगा ने ली थी आपत्ति
- खाते में पैसे जमा होने के बाद सीएसआई ने दरोगा से कहा था कि वह सभी से पांच-पांच हजार रुपए (कुल 55 हजार) इकट्ठा कर मुझे दे। दरोगा ने कहा कि जबरन सफाई कर्मियों से पैसे कैसे ले सकते हैं।

- आप ही सफाई कर्मियों से बात करें। इसके बावजूद सीएसआई दबाव बना रहा था। इससे परेशान होकर दरोगा ने बुधवार को लोकायुक्त पुलिस में शिकायत की थी।

जोन पर ही हत्थे चढ़ा
- दरोगा ने चार सफाई कर्मियों से पांच-पांच हजार रुपए इकट्‌ठा किए और बुधवार दोपहर जोन पर कक्ष में बैठे सीएसआई के पास पहुंचे। पैसे लेने के लिए दरोगा के साथ आरोपी बाहर परिसर में आया और 20 हजार रुपए लेकर उसने पेंट की जेब में रखे ही थे कि लोकायुक्त टीम ने उसे रंगेहाथ धरदबोचा। कांस्टेबल प्रमोद यादव, कमलेश व नरेंद्रसिंह ने उसे पकड़ लिया ताकि वह भाग नहीं सके।