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एमपीपीसीबी के आंकड़े, 2 और 18 नवंबर को शहर की हवा रही सबसे साफ

शहर की हवा अब ज्यादा सेहतमंद और प्रदूषण कम होता जा रहा है। इस महीने ही दो दिन (2 और 18 नवंबर) एेसे रहे, जब सबसे कम प्रदू

Danik Bhaskar | Nov 25, 2017, 07:27 AM IST

इंदौर. शहर की हवा अब ज्यादा सेहतमंद और प्रदूषण कम होता जा रहा है। इस महीने ही दो दिन (2 और 18 नवंबर) एेसे रहे, जब सबसे कम प्रदूषण हुआ। यह तथ्य सामने आया मप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एमपी पीसीबी) के इंदौर केंद्र द्वारा की गई जांच में। पीसीबी द्वारा शहर में होने वाले प्रदूषण की जांच के साथ ही सबसे कम प्रदूषित दिनों की भी गणना शुरू कर दी है। अधिकारियों का मानना है कि पूर्व की अपेक्षा स्थिति में सुधार हो रहा है, जो अच्छा संकेत है।

- एमपी पीसीबी द्वारा प्रदेश के सभी शहरों में सभी तरह के प्रदूषण पर नजर रखी जाती है। इसके लिए जल, वायु और ध्वनि प्रदूषण की लगातार जांच की जाती है। जांच में वायु प्रदूषण को काफी महत्व दिया जाता है। विभाग द्वारा वायु प्रदूषण के लिए की जाने वाली सभी जांचों के आधार पर औसत निकालकर एयर क्वाॅलिटी इंडेक्स (एक्यूआई) तैयार किया जाता है।

- हाल ही में विभाग ने इस इंडेक्स में सबसे कम प्रदूषित दिनों की गणना शुरू की है। एमपी पीसीबी के वरिष्ठ वैज्ञानिक और प्रयोगशाला प्रभारी डॉ. डीके वाघेला ने बताया कि विभाग द्वारा विजय नगर, कोठारी मार्केट और सांवेर रोड औद्योगिक क्षेत्र में सप्ताह में दो दिन एयर क्वाॅलिटी इंडेक्स की मॉनिटरिंग की जा रही है। विजय नगर को रेसीडेंशियल, कोठारी मार्केट को कमर्शियल और सांवेर रोड को इंडस्ट्रीयल कैटेगरी में रखा जाता है।

विजय नगर में स्तर महीनेभर अच्छा

- इस आधार पर विजय नगर और कोठारी मार्केट में एक्यूआई का स्तर पूरे माह काफी अच्छा रहा। इनमें भी विजय नगर में यह 2 नवंबर को 57 और कोठारी मार्केट में 18 नवंबर को 57.10 दर्ज किया गया। वहीं, सांवेर रोड पर 1 नवंबर को 68 दर्ज हुआ, जो इस क्षेत्र का सबसे कम था। दूसरी ओर सांवेर रोड क्षेत्र में यह 14 नवंबर को 96 भी दर्ज हुआ।

घटते प्रदूषण की ये है वजह
- लोगों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता, सफाई व्यवस्था बेहतर होना, क्लाइमेट कंडीशन, खराब वाहनों का चलन से बाहर होना, इंडस्ट्रियल एरिया में प्रदूषण की लगातार मॉनिटरिंग।

50 से कम अच्छा, 50 से 100 के बीच संतोषजनक
- डॉ. वाघेला ने बताया कि एक्यूआई की सेंट्रल बोर्ड ने अलग-अलग कैटेगरी तय की है। इसमें 50 से कम को अच्छा, 51 से 100 को संतोषजनक, 101 से 200 को मध्यम, 201 से 300 को बुरा, 301 से 400 को बहुत बुरा और 401 से 500 के बीच को अत्यंत गंभीर माना गया है। इंडेक्स को निकालने के लिए वायु प्रदूषण के लिए जिम्मेदार पीएम 10, पीएम 2.5, एसओ2, एनओ2 सहित अन्य गैसों की जांच की जाती है। इन्हीं के औसत से इंडेक्स निकाला जाता है।