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महेश चौहान | कसरावद (खरगोन)

एक ही तस्वीर के दो चेहरे, एक खुशनुमा और दूसरा बदसूरत : महेश्वर घाट पर फिल्म शूटिंग, देशी-विदेशी सैलानियों का जमघट...

Danik Bhaskar | Mar 02, 2018, 04:55 AM IST
एक ही तस्वीर के दो चेहरे, एक खुशनुमा और दूसरा बदसूरत : महेश्वर घाट पर फिल्म शूटिंग, देशी-विदेशी सैलानियों का जमघट और ठीक सामने 500 मीटर की दूरी पर नर्मदा में पत्थर, काई और बदबू


महेश चौहान | कसरावद (खरगोन)

नर्मदा पर बने बांधों से पानी नहीं छोड़ने से जलस्तर घटता जा रहा है। नावड़ातौड़ी क्षेत्र में 1000 मीटर की नर्मदा में 300 मीटर दूर तक पत्थर दिखाई देने लगे हैं। 200 मीटर तक काई है। यानी करीब 500 मीटर तक नर्मदा का चौड़ा पाट सिमट चुका है।श्रद्धालुओं की परेशानी बढ़ रही है और कसरावद नगर के लोगों की पेयजल चिंता भी।

किसानों की सिंचाई व्यवस्था भी गड़बड़ा गई है। ऐसे ही हालात रहे तो नगर में वितरित होने वाला पेयजल पर भी असर पड़ सकता है। लोगों ने कहा 50 साल में पहली बार नर्मदा में इतना जलस्तर कम हुआ है। पानी की कमी के साथ काई व जलकुंभी जमा होने से नहाने में परेशानी हो रही है। श्रद्धालुओं ने कहा गर्मी की शुरुआत में ही यह हाल है तो मई-जून में क्या स्थिति होगी। नर्मदा तट के माकड़खेड़ा, कठोरा, बड़गांव, नावड़ातौड़ी, खलबुजुर्ग, बलगांव आदि नर्मदा घाटों पर भी जलस्तर की यही स्थिति है। नावड़ातौड़ी के श्री शालीवाहन व भागवत घाट पर जल स्तर सबसे नीचे उतर गया है। शिव मंदिर पुजारी मदनलाल दुबे ने बताया बचपन से नर्मदा नदी पर रोज स्नान के लिए जाते हंै। पिछले 50 साल में पहली बार नर्मदा की स्थिति ऐसी देखी है। श्रद्धालु राजेंद्रसिंह यादव ने बताया नर्मदा नदी पर बने बांधों से पानी रोका जा रहा है। इस कारण पानी की गति स्थिर हो गई। आगे से काई व झाड़ियां बहकर आ रही हैं।

वो हिस्सा जो बॉलीवुड की खास पसंद बना हुआ है, कई फिल्में शूट हो रहीं

यहां तेवर, पैडमैन, यमला पगला दीवाना, बाजीराव मस्तानी की शूटिंग हो चुकी है। अक्षय कुमार, मनोज वाजपेयी, नवाजुद्दीन सिद्धीकी, धर्मेंद्र, मिथुन चक्रवर्ती, सोनाक्षी सिन्हा जैसे कलाकार, गदर फिल्म बनाने वाले अनिल शर्मा, बोनी कपूर जैसे डायरेक्टर यहां तीन साल के अंदर शूटिंग कर चुके है। इसी सप्ताह जीनियस फिल्म की श्ूटिंग हुई है।

ये हाल इसलिए...

घाट के पास कम ही सही लेकिन पानी है, दूसरी ओर 1000 मीटर चौड़ा पाट 500 मी. बचा

प्रशासन को पत्र लिखेंगे


पाइप लगाकर खींच रहे पानी

लगातार पानी कम होने से नगर परिषद की पेयजल व्यवस्था गड़बड़ाने की आशंका है। जल व्यवस्था प्रभारी सालमसिंह मंडलोई ने बताया अभी लंबा पाइप रखकर पानी खिंचना पड़ रहा है। पानी और कम हुआ तो पंप से पानी खिंचने में समस्या आ सकती है। ऐसी स्थिति में पेयजल वितरण प्रभावित हो सकता है। काई व कचरे से प्रदूषित पानी को फिल्टर करने में भी समस्या आ रही है। नगर की 25 हजार आबादी सहित अरिहंत नगर व मोगावां में भी फिल्टर प्लांट से पेयजल प्रदाय होता है।

नहीं चल पा रहे पंप, सिंचाई प्रभावित

किसानों का कहना है लगातार जलस्तर घटने से सिंचाई के लिए रखे मोटर पंप नहीं चल पा रहे हैं। माकड़खेड़ा सरपंच नारायण वर्मा, किसान प्रदीप पटेल, राजेंद्र डोंगरे, रमेश पाटीदार व मंशाराम वर्मा ने बताया पानी नहीं छोड़ने की स्थिति में किसानों को बार-बार पंप का स्थान बदलना मजबूरी बन गई है। अधिकांश किसानों ने पंप बंद ही कर दिए है। रात के समय पानी कम होने पर पंप का स्थान भी नहीं बदल पाते। सिंचाई प्रभावित हो रही है।