पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • Bareli News Mp News Due To The Understanding Of The Computer Operator The Elderly Saved From Being A Victim Of Fraud

कम्प्यूटर संचालक की सूझबूझ से ठगी का शिकार होने से बचा बुजुर्ग

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
पहले भी हो चुकी हंै ऑन लाइन ठगी की घटनाएं, लालच के चक्कर में दे देते हैं निजी जानकारी

बेगमगंज| लोग तरह तरह के हथकंडे अपना कर लोगों की जमा पूंजी एक ही झटके में हड़प लेते है। इस तरह की घटनाएं आम होने के बावजूद लोग ठगी के शिकार हो रहे है।

इसी तरह की एक घटना ओम कम्प्यूटर संचालक की सूझबूझ से बच गई। तो दूसरी घटना जागरुक नागरिक बिट्टू यादव की समझाइश पर बच गई । शनिवार को ओम कंप्यूटर पर नगर में रहने वाले बाला प्रसाद कुशवाहा पहुुंचे और 2000 रुपए एक खाते में डलवाने के लिए दिए इस दौरान वह फोन पर किसी से बात कर रहे थे। बाला प्रसाद की बातों से कम्प्यूटर संचालक को शक हुआ कि कहीं कोई ठगी द्वारा पैसे तो नहीं डलवाए जा रहे है । शंका होने पर उसने बाला प्रसाद से पूछा कि यह खाता नंबर किसका है पहले तो बाला प्रसाद ने पहले तो कम्प्यूटर संचालक को ही हड़काने लगा । बाला प्रसाद पर बार बार फोन आने के कारण खाता नंबर गलत होने की जानकारी देकर पैसे न डलने की बात कही । इस बीच उसने फोन पर बात कर रहे युवक से बात कराने की बात कही तो बाला प्रसाद ने कम्प्यूटर संचालक से उसकी बात कराई जिस पर दूसरी ओर से आवाज आई कि में उनका छोटा भाई बोल रहा हूं बाहर रहकर पढ़ता हूं मुझे पैसों की जरूरत है इसलिए डलवा रहा हूं। तब उसने बाला प्रसाद से पूछा सही बात बताओ तो वह बोलने लगे कि कोई छोटा भाई नहीं है इस नंबर से फोन आया था उसने बोला कि आपको 25 हजार रुपए जन धन योजना से मिल रहे हैं आपको पहले दो हजार रुपए इस खाते नंबर 50100320664925, आईएफएससी कोड एचडीएफसी 0004409 नाम फूल सिंह पर डालना होगे । संचालक ने दोनों मोबाइल नंबर 9793742467, 8707812663 जिनसे काॅल किया जा रहा था पर बात कर कहा कि वीडियो कॉलिंग पर बात करो तो उसने बात करने से इंकार किया तब मैने पुलिस में शिकायत करने की बात कही तो उसने अपना मोबाइल का स्विच बंद कर लिया। इस तरह बाला प्रसाद ठगी का शिकार होने से बच गए। इसी तरह की दूसरी घटना नगर के जागरुक नागरिक बिट्टू यादव के समझाने पर घटने से बच गई । यादव के एक परिचित का उनके पास आया और उनसे 25 हजार रुपए उधार मांगे उनके पूछने पर उन्होंने बताया कि उन्हें इनाम में बोलेरो कार खुली है उसके लिए टैक्स आदि के 50 हजार रुपए जमा करना है कम पड़ रहे है। तब यादव ने पूछा कि किस स्कीम में हिस्सा लिया था तब उन्होंने कहा कि किसी में भी नहीं तब उनके पास आने वाले नंबर पर वीडियो कालिंग पर बात करने को कहा तो उसने भी मोबाइल बंद कर लिया जिससे उनके परिचित ठगी से बच गए। इस संबंध में एसडीओपी ओपी त्रिपाठी, टीआई घनश्याम शर्मा का कहना है कि उनके पास ऐसी कोई शिकायत नहीं आई लेकिन जानकारी आया था लोगो को जगह जगह समझाइश दी जा रही है।
खबरें और भी हैं...