Hindi News »Madhya Pradesh News »Ratlam» जीवन को दो तरीकों से सुखद बनाया जा सकता है : प्रज्ञाश्री

जीवन को दो तरीकों से सुखद बनाया जा सकता है : प्रज्ञाश्री

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 02, 2018, 06:20 AM IST

जीवन को दो तरीकों से सुखद बनाया जा सकता है। पहला यह कि जो तुम्हें पसंद है, उसे प्राप्त कर लो या जो प्राप्त है उसे पसंद...
जीवन को दो तरीकों से सुखद बनाया जा सकता है। पहला यह कि जो तुम्हें पसंद है, उसे प्राप्त कर लो या जो प्राप्त है उसे पसंद कर लो। अगर आप भी उन व्यक्तियों में से एक हैं जो प्राप्त को पसंद नहीं करते और ना ही पसंद को प्राप्त करने का सामर्थ्य रखते हैं तो स्वयं ही अपने सुखों का द्वार बंद कर रखा है।

यह बात दिव्यप्रज्ञाश्रीजी ने राजेंद्र नगर स्थित कटारिया भवन में कही। यहां प्रतिक्रमण रोज शाम 7 बजे हो रहा है। सुख प्राप्त करने की चाह में आदमी मकान बदलता है, दुकान बदलता है, कभी-कभी तो देश बदलता है लेकिन अपनी सोच और स्वभाव को बदलने को राजी नहीं होता। भूमि नहीं अपनी भूमिका बदलें, जिस दिन आदमी ने अपना स्वभाव जीत लिया, उसी दिन उसका अभाव मिट जाएगा।

समाज के विजय कुमार लुनिया ने बताया विजय मुक्तिप्रभ सूरि व पुण्यप्रभ विजयजी की निश्रा में उपधान तप की समाप्ति पर मंचर में 6 व 7 फरवरी को कार्यक्रम होंगे। 6 फरवरी को उपधान तप के आराधकों का वरघोड़ा, 7 फरवरी को सुबह 8.30 बजे से उपधान तप के आराधकों की उपधान तप मालारोपण होगा। कार्यक्रम में शामिल होने रतलाम से कई श्रद्धालु 5 फरवरी को रवाना होंगे।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Madhya Pradesh News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: जीवन को दो तरीकों से सुखद बनाया जा सकता है : प्रज्ञाश्री
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

Stories You May be Interested in

      More From Ratlam

        Trending

        Live Hindi News

        0
        ×