107 साल पुराना शीतला माता मेला स्थगित
पल्दुना रोड पर 100 साल से ज्यादा पुराने श्री शीतला माता मेला इस बार नहीं लगेगा। इस मर्तबा कोरोना वायरस को देखते हुए प्रशासन ने इस मेले को स्थगित कर दिया है।
क्षेत्र के आस-पास के 60 गांवों की आबादी का एक मात्र मेला नहीं लग पाएगा। 15 और 16 मार्च को लगने वाले इस मेले में हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। कोरोना वायरस के चलते सुरक्षा इंतजामों को देखते हुए कलेक्टर रुचिका चौहान के आदेश पर निरस्त कर दिया गया है। मेले को स्थगित किए जाने के बाद नगर में ऐलान करवा कर व्यापारियों और श्रद्धालुओं को इसकी जानकारी दी गई। तहसीलदार प्रेम शंकर पटेल, पटवारी राजेश माना, सीएमओ संदेश शर्मा सहित अन्य अधिकारियों ने मेला परिसर में व्यापारियों को समझाइश दी।
परिषद ने प्लॉटों का वितरण और ठेके किए निरस्त
यह मेला लगभग 107 साल पुराना है। शीतला सप्तमी को पूजा-अर्चना के बाद नगर से 2 किमी दूर पल्दुना रोड स्थित शीतला माता मंदिर के दर्शन के लिए हजारों की संख्या में श्रद्धालु दर्शन के साथ ही मेले का आनंद लेने पहुंचते हैं। मेले को लेकर नगर परिषद ने अपनी पूरी तैयारी प्लॉटों का वितरण, साइकिल स्टैंड, लाइट साउंड सहित अन्य के ठेके भी दे दिए थे। व्यापारियों ने भी मेले में दुकानें लगाने के लिए हजारों रुपए की खरीदी भी कर ली। परिषद ने ठेके व प्लॉटों का वितरण निरस्त कर दिए।
अधिकारी मेला परिसर में दुकानदारों को समझाइश देते हुए।
यहां से आते हैं व्यापारी
107 साल पुराने इस मेले में मंदसौर, दलोदा, खाचरौद, जावरा, पिपलौदा, रतलाम, सैलाना, बदनावर सहित कई दूर-दूर क्षेत्रों से व्यापारी मेले में व्यवसाय करने व मेला देखने आते हैं। दूर-दराज से झूला व्यवसाय भी आते हैं। यहां आने वाले श्रद्धालु माता के दर्शन कर सुख समृद्धि निरोग रहने की कामना करते हैं। हजारों की संख्या में पहुंचने वाले श्रद्धालु शीतला माता पूजन आस्था के साथ करते हैं। श्रद्धालु कृषि कार्य, व्यवसाय बंद रख पूजा-अर्चना करते हैं। मेला नहीं लगने के बावजूद यहां श्रद्धालु मां के दर्शन के लिए पहुंचेंगे।