कोरोना अलर्ट से गेर नहीं निकली लेकिन टोलियों ने खूब उड़ाया गुलाल
कोरोना वायरस के हाई अलर्ट को देखते हुए प्रशासन ने शनिवार को रंगपंचमी पर नगर में निकलने वाली तीनों गेर निरस्त कर दी। इसलिए पहली बार कोई गेर नहीं निकली। युवाओं ने त्योहार का रंग फीका नहीं पड़ने दिया। तिराहो, चौराहों व कॉलोनियों में युवा, युवतियां व बच्चे छोटी-छोटी टोलियों में निकले। रंग-गुलाल उड़ाया। केमिकल रंगों का उपयोग नहीं किया। सूखे रंग, गुलाल से ही रंगपंचमी मनाई। खुशबूदार रंग और मदमस्त माहौल में त्योहार का उत्साह देखते ही बन रहा था। गीली होली नहीं खेलकर नागरिकों ने करीब 35 हजार लीटर पानी बचा लिया। नागरिकों ने कोरोना अलर्ट के बीच जागरूकता का परिचय दिया और त्योहारी खुशियां भी बरकरार रखी।
नेतावली | नेतावली व आसपास क्षेत्र में रंगोत्सव मनाया। एक-दूसरे को तिलक लगाकर शुभकामनाएं व जल बचाओ का संदेश दिया। सुखेड़ा में भी लोगों ने सूखे रंग से रंगपंचमी खेली।
टोलियों ने उड़ाया रंग-गुलाल
आलोट | नगर में गेर निरस्त कर दी गई थी। लोगों में उत्साह बरकरार रहा। छोटी-छोटी टोलियों में लोग निकले और एक-दूसरे को रंग लगाकर शुभकामनाएं दी।
बड़ावदा में अंगारों पर निकले श्रद्धालु
बड़ावदा | सरकारी बावड़ी परिसर में चूल का आयोजन हुआ। श्रद्धालु अंगारों पर नंगे पैर चले। आयोजन समिति के मांगीलाल अजमेरा, गोवर्धन सोलंकी, मांगीलाल पाटीदार, सत्यनारायण पाटीदार ने सेवाएं दी।
गुलाल से खेली रंगपंचमी, पुलिस ने ड्रोन कैमरे से की निगरानी
ताल | नगर में गेर नहीं निकली। इस बार केमिकल रंगों से लोग दूर रहे गुलाल से ही त्योहार मनाया। पुलिस ने ड्रोन कैमरे से निगरानी रखी। गांधी चौक पर रात में टेपा सम्मेलन हुआ। जनप्रतिनिधियों व गणमान्य नागरिकों को विभिन्न उपाधियां दी, जिस पर लोगों ने खूब ठहाके लगाए। संचालन सुजानमल यति ने किया।
ताल में गेर नहीं निकली लेकिन लोगों ने उत्साह से खेली रंगपंचमी।
जावरा घंटाघर चौराहे पर रंग-गुलाल उड़ाकर थिरकते युवा।
रंगपंचमी पर रंग-गुलाल लगाकर उत्साह जताते नागरिक।