पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

रतलाम-खाचरौद टू लेन पर सुरक्षा इंतजाम नहीं होने से हो रहे हादसे

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

रतलाम-खाचरौद टू लेन सीसी मार्ग पर सुरक्षा इंतजाम नहीं होने से दुर्घटनाएं हो रही हैं। प्रमुख जगह स्पीड ब्रेकर बनाने, सुरक्षा इंतजाम और संकेतक लगाने की मांग ग्रामीण जनसुनवाई में कर चुके हैं।

ग्रामीणों ने बताया जिले के 4 गांवों में रोड पर 1 हाईस्कूल, 1 हायर सेकंडरी स्कूल व 2 मिडिल स्कूल हैं। इस रोड पर और 3 खतरनाक अंधे मोड़ हैं। इन स्थानों पर स्पीड ब्रेकर सहित संकेतक लगाकर वाहनों की गति पर लगाम लगाना चाहिए। बाजनखेड़ा के टर्न से गुजरने वाले वाहन तेज रफ्तार निकलने की कोशिश से कई बार हादसे हो गए। लालाशंकर, सांवलिया पाटीदार ने बताया पूर्व में टर्न पर वाहन घर में घुसने से रहवासी की मौत हो चुकी हैं। वहीं आमने-सामने टकरा कर गिरने वालों की संख्या अधिक है।

राेज 400 बच्चे गुजरते हैं इस सड़क से - जड़वासा खुर्द के कवंरलाल पाटीदार ने बताया गांव में रोड किनारे बने स्कूल के 400 बच्चों का आना-जाना हाेता है। इस मार्ग से वाहनों के तेज गति से गुजरने से माता-पिता में बच्चों की चिंता है।

ब्रेकर सही मापदंड से नहीं बने हैं


मलवासा में बस स्टैंड पर प्रशासन ने 2 स्पीड ब्रेकर लगाए हैं। जिससे गति पर ब्रेक लगा है, लेकिन ब्रेकर को सही मापदंड के अनुसार नहीं बनाया गया। तेज गति से आने वाले वाहनों ड्राइवरों का संतुलन बिगड़ता है और हादसे का शिकार होते हैं। गांव नरेडी निवासी दिलीप सिंह पिता बने सिंह 19 जनवरी की शाम को दुर्घटना का शिकार हो गए थे। अंधेरा होने से ब्रेकर नहीं देख सके। सिर पर चोट लगने से वड़ोदरा में 21 जनवरी की मौत हो गई थी। वहीं मलवासा के युनुस पेंटर के बेटे की शादी होने पर युनुस प|ी के साथ 1 मार्च को रतलाम जा रहे थे तभी ब्रेकर से गिरने पर उनकी प|ी घायल हो गई थीं।

समस्या को दूर किया जाएगा-
तेज रफ्तार वाहनों से हो रहे हादसे, एक की हो चुकी मौत

वाहन नजर नहीं आते हैं- जड़वासाकलां के पारस मालवीय ने बताया बस स्टैंड पर रतलाम खाचरौद मार्ग पर बांगरोद ऑइल डिपो से आने वाले टैंकर रोड पर अंधा मोड़ है जहां से वाहन चालकों को अचानक वाहन नहीं दिखते हैं और दुर्घटना का अंदेशा रहता है।


खाचरौद से आने वाले लोग ब्रेकर के कारण दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं।
खबरें और भी हैं...