Hindi News »Madhya Pradesh »Sarni» सरस्वती स्कूल प्रबंधन पर लगे आरोप अर्द्धवार्षिक परीक्षा में अनुपस्थित छात्रा को बना दिया क्लास टॉपर

सरस्वती स्कूल प्रबंधन पर लगे आरोप अर्द्धवार्षिक परीक्षा में अनुपस्थित छात्रा को बना दिया क्लास टॉपर

समाजसेवी युवती ने की कलेक्टर से शिकायत भास्कर संवाददाता| सारनी सरस्वती विद्या मंदिर सारनी में 8वीं के रिजल्ट...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 03, 2018, 04:45 AM IST

समाजसेवी युवती ने की कलेक्टर से शिकायत

भास्कर संवाददाता| सारनी

सरस्वती विद्या मंदिर सारनी में 8वीं के रिजल्ट में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। इसे लेकर समाजसेवी युवती ने कलेक्टर से शिकायत की है। शिकायत में बताया जिस बालिका ने अर्द्धवार्षिक परीक्षा नहीं दी उसे क्लास टॉपर बता दिया। जबकि जो बालक इसके योग्य था उसे द्वितीय पोजीशन दी है।

शहर की सुपर एफ कॉलोनी में रहने वाली लता कनाठे ने बताया सरस्वती विद्या मंदिर में 8वीं में अध्ययनरत छात्र प्रथम पाल पिता प्रकाश स्कूल की त्रैमासिक, अर्द्धवार्षिक और वार्षिक परीक्षाओं में सम्मिलित था। इसके आधार पर वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित किए जाने चाहिए। इसमें प्रथम पाल द्वितीय स्थान पर रहा, लेकिन उसी की कक्षा की छात्रा अनुषा मौर्य अर्द्धवार्षिक परीक्षा में अनुपस्थित रही फिर भी उसे प्रथम स्थान दिया। विरोध में प्रथम ने कक्षाचार्य एनआर मेहरा से अनुषा की कॉपी दिखाने को कहा तो उन्होंने मना कर दिया। लता कनाठे ने बताया वे खुद स्कूल गईं और प्राचार्य आरपी तिवारी व एनआर मेहरा से कहा किसी को भी रिकार्ड दिखाने का नियम तो नहीं है, लेकिन बच्चे की संतुष्टि के लिए व्यवहारिक रूप से कॉपी दिखाई जानी चाहिए। मगर उन्होंने इनकार कर दिया।

वे अपने साथ 8वीं के एक अन्य छात्र दुर्गेश बोबड़े को लेकर गईं। जिसने अर्द्धवार्षिक परीक्षा नहीं दी। स्कूल प्रबंधन ने अनुषा द्वारा अर्द्धवार्षिक परीक्षा दिए जाने की बात कही। लता कनाठे ने कहा दो बच्चों में भेदभाव किया है। खुद बालिका ने कहा उसने परीक्षा नहीं दी, लेकिन प्राचार्य, सचिव कहते हैं परीक्षा दी है। दुर्गेश की परीक्षा क्यों नहीं ली। इसकी शिकायत उन्होंने कलेक्टर से की।

दुर्गेश को नहीं देने दी परीक्षा, प्रथम ने भी कार्रवाई की मांग की

इधर दुर्गेश पिता अनिल बोबड़े ने बताया अर्द्धवार्षिक परीक्षा के दौरान नानी का देहांत हो जाने के कारण उसने परीक्षा नहीं दी। उससे स्कूल प्रबंधन ने मौखिक और लिखित परीक्षा नहीं ली। वहीं प्रथम पाल पिता प्रकाश पाल ने आवेदन में बताया उसे अर्द्धवार्षिक परीक्षा में प्रथम स्थान मिला था। मासिक, त्रैमासिक, अर्द्धवार्षिक परीक्षा के नंबर सम्मिलित कर वार्षिक परीक्षा के परिणाम दिए हैं। जो लड़की अर्द्धवार्षिक परीक्षा में अनुपस्थित थी उसे प्रथम स्थान दे दिया है। अनुषा मौर्य की कॉपी बताने की मांग पर प्रबंधन ने बाहर कर दिया। उसे खुद अनुषा मौर्य ने उसे परीक्षा नहीं देने की बात बताई।

रिजल्ट में किसी तरह की कोताही नहीं बरती गई है। अनुषा और दुर्गेश अर्द्धवार्षिक परीक्षा नहीं दे पाए थे। आरटीई में नियम में उन्हें दूसरा अथवा तीसरा अवसर दिया जाता है। इन्हें भी अवसर दिया। अलग से परीक्षा लेने का कोई प्रावधान नहीं है। मासिक टेस्ट के दौरान ही इस तरह के विद्यार्थियों की परीक्षा ले ली गई। रिकार्ड मेंटेन है। प्रथम पाल के अभिभावक रिजल्ट से संतुष्ट है। किसी के साथ सचिव और मेरे द्वारा कोई अभद्रता नहीं की गई। राजेंद्र प्रसाद तिवारी, प्राचार्य, सरस्वती विद्या मंदिर सारनी

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Sarni

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×