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श्योपुर जनपद का दावा- सबसे पहले हम हुए ओडीएफ

स्वच्छ भारत मिशन के तहत श्योपुर जिले की तीन जनपद पंचायतों में से श्योपुर जनपद पंचायत ने ओडीएफ (ओपन डेफिकेशन फ्री)...

Danik Bhaskar | Sep 11, 2018, 05:06 AM IST
स्वच्छ भारत मिशन के तहत श्योपुर जिले की तीन जनपद पंचायतों में से श्योपुर जनपद पंचायत ने ओडीएफ (ओपन डेफिकेशन फ्री) होने का दावा किया है। जनपद क्षेत्र की सभी 95 ग्राम पंचायतें खुले में शौच जाने के चलन से मुक्त हो गई है। इन ग्राम पंचायतों में शत-प्रतिशत शौचालय बन गए हैं। हितग्राहियों को प्रोत्साहन राशि भी मुहैया करा दी गई है। ओडीएफ होने पर श्योपुर जनपद पंचायत को भोपाल में पुरस्कार से नवाजा जाएगा।

यहां बता दें कि गुजरे डेढ़ साल पहले श्योपुर जनपद पंचायत क्षेत्र में स्वच्छ भारत मिशन के तहत बनने वाले शौचालय निर्माण को लेकर स्थिति बेहद खराब थी। लक्ष्य के मुकाबले सिर्फ 25 प्रतिशत ही शौचालय बन पाए थे। इस लेटलतीफी और लापरवाही के कारण पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने यहां के सीईओ नितिन भट्ट को हटा दिया। बाद में यहां शुजालपुर (आगर) को ओडीएफ करा चुके पुरुषोत्तम शर्मा को सीईओ बनाकर भेजा गया। श्योपुर में पदस्थी होने के बाद सीईओ शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट स्वच्छ भारत मिशन को न सिर्फ मिशन मोड पर लिया बल्कि शौचालय निर्माण के काम को भी गति दीं। डेढ़ साल में सीईओ की निगरानी में जनपद की टीम ने अभियान को सफल बनाने के लिए मॉर्निंग फॉलोअप को भी अपना हथियार बनाया। यही कारण है कि जिले में अब सबसे पहले श्योपुर जनपद पंचायत ने ओडीएफ होने का दावा किया है। जनपद क्षेत्र की सभी 95 ग्राम पंचायतों में 41713 शौचालय बन गए हैं। इन शौचालय के बनने के बाद ग्राम पंचायतें खुले में शौच के चलन से पूरी तरह मुक्त हो गई हैं।

श्योपुर जनपद पंचायत को ओडीएफ का दावा करने वाले सीईओ शर्मा ने बताया कि स्थानीय स्तर पर ओडीएफ हो चुकी सभी ग्राम पंचायतों को पृथक से पुरस्कार देकर नवाजा जाएगा। इस काम में पंचायतों के पंच से लेकर सरपंच और ग्रामीणों की भूमिका सराहनीय रही। जागरूकता कार्यक्रम करने वाली टीमों को भी हम पुरस्कार देंगे। जबकि जनपद पंचायत को भोपाल में पुरस्कार मिलेगा।

जिले में सबसे पहले श्योपुर जनपद ने किया ओडीएफ होने का दावा, भोपाल में मिलेगा पुरस्कार

सभी पंचायतें खुले में शौच जाने के चलन से मुक्त हुईं