• Hindi News
  • Rajya
  • Madhya Pradesh
  • Sheopur
  • Sheour नपाध्यक्ष बोले 42 महीने मैंने पार्षदों की सुनी, अब नहीं सुनूंगा, मेरी मर्जी से चलेगी नगर सरकार, बीजेपी कांग्रेस के पार्षदों ने जताई आपत्ति

नपाध्यक्ष बोले- 42 महीने मैंने पार्षदों की सुनी, अब नहीं सुनूंगा, मेरी मर्जी से चलेगी नगर सरकार, बीजेपी-कांग्रेस के पार्षदों ने जताई आपत्ति / नपाध्यक्ष बोले- 42 महीने मैंने पार्षदों की सुनी, अब नहीं सुनूंगा, मेरी मर्जी से चलेगी नगर सरकार, बीजेपी-कांग्रेस के पार्षदों ने जताई आपत्ति

Sheopur News - जेसीआई के जेसी सप्ताह का शुभारंभ करने पहुंचे नपाध्यक्ष ने मंच से कहा- अब उन्हें पार्षदों की सुनने की जरूरत नहीं ...

Bhaskar News Network

Sep 11, 2018, 05:06 AM IST
Sheour - नपाध्यक्ष बोले- 42 महीने मैंने पार्षदों की सुनी, अब नहीं सुनूंगा, मेरी मर्जी से चलेगी नगर सरकार, बीजेपी-कांग्रेस के पार्षदों ने जताई आपत्ति
जेसीआई के जेसी सप्ताह का शुभारंभ करने पहुंचे नपाध्यक्ष ने मंच से कहा- अब उन्हें पार्षदों की सुनने की जरूरत नहीं

भास्कर संवाददाता | श्योपुर

शहर के राजीव गांधी सभागार में श्योपुर जेसीज के जेसी सप्ताह का शुभारंभ करने पहुंचे नगर पालिका अध्यक्ष दौलतराम गुप्ता ने मंच से कहा कि उन्होंने 42 महीने पार्षदों की सुनकर काम किए। इस दौरान उन्हें कई विवादों में उलझना पड़ा, लेकिन अब वे किसी भी पार्षद की नहीं सुनेंगे और अपनी मर्जी से नगर सरकार चलाएंगे। पार्षदों ने भी उन्हें इस बारे में फ्री हैंड कर दिया है। उधर, नपाध्यक्ष के इस बयान के बाद विवाद शुरू हो गया है। भाजपा और कांग्रेस के पार्षदों का कहना है कि नपाध्यक्ष खुलकर अपनी मनमानी कर रहे हैं। पार्षदों का कहना है कि नपाध्यक्ष ने यह बयान देकर जनता का भी अपमान किया है।

दरअसल नगर पालिका अध्यक्ष दौलतराम गुप्ता रविवार रात 9 बजे श्योपुर जेसीज के जेसी सप्ताह का शुभारंभ करने के लिए पहुंचे थे। यहां उन्होंने मंच से संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें चुने हुए 42 महीने करीब हो गए हैं। 18 महीने अब उनके पास बचे हैं। गुजरे समय में उन्होंने केवल पार्षदों की बात सुनकर ही कार्य किए हैं। वे खुलकर काम नहीं कर पाए। इसका दर्द उनके मन में है। अब उनके बीच कोई नहीं आएगा और वे खुलकर काम करेंगे। नपाध्यक्ष ने यहां तक कहा कि अब वे अपनी मर्जी से नगर सरकार चलाएंगे। पार्षदों ने भी इसके लिए उन्हें फ्री हैंड कर दिया है। वहीं भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों के पार्षदों ने उनके बयान पर आपत्ति जताई है। पार्षदों का कहना है कि नपाध्यक्ष तो चुनाव जीतने के बाद से ही फ्री हैंड हैं। उन्होंने कभी पार्षदों की बात को तरजीह ही नहीं दी है। यही कारण है कि पार्षदों ने नगर पालिका की बैठकों में जाना तक छोड़ दिया है।

निर्दलीय पार्षद ने कहा- नपाध्यक्ष सुनते नहीं थे, इसलिए जनता के डर से मैंने श्योपुर छोड़ा

नगर पालिका अध्यक्ष के बयान पर निर्दलीय पार्षद रोशन राठौर ने भी आपत्ति जताई है। रोशन का कहना है कि नपाध्यक्ष ने उनका सार्वजनिक अपमान किया। वार्ड की समस्या को लेकर नगर पालिका कार्यालय पहुंचने पर कई बार उन्हें अपमानित किया गया। इसलिए यह कहना गलत है कि उन्होंने पार्षदों की रजामंदी से काम किए। रोशन ने कहा कि नपाध्यक्ष वार्ड के काम में अड़ंगा पैदा करते थे। इस कारण जनता के डरे से वे श्योपुर छोड़कर जयपुर में निजी कंपनी में नौकरी कर रहे हैं।

अध्यक्ष को माफी मांगनी चाहिए


बयान के विरोध में करेंगे प्रदर्शन


पार्षदों से मुझे छूट मिल चुकी है


X
Sheour - नपाध्यक्ष बोले- 42 महीने मैंने पार्षदों की सुनी, अब नहीं सुनूंगा, मेरी मर्जी से चलेगी नगर सरकार, बीजेपी-कांग्रेस के पार्षदों ने जताई आपत्ति
COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना