• Home
  • Madhya Pradesh News
  • Shivpuri
  • दो करोड़ लीटर पानी रोजाना साफ करेगा घसारही सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट
--Advertisement--

दो करोड़ लीटर पानी रोजाना साफ करेगा घसारही सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट

शहर के 30 हजार परिवारों के सीवर को ट्रीटमेंट करने वाले सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का 50 फीसदी काम पूरा हो गया है। लेकिन...

Danik Bhaskar | Apr 01, 2018, 03:30 AM IST
शहर के 30 हजार परिवारों के सीवर को ट्रीटमेंट करने वाले सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का 50 फीसदी काम पूरा हो गया है। लेकिन इसमें भी विडंबना ये आ गई है कि इसका भी बजट अब खत्म हो गया है, हासिल ही में इसमें 3 करोड़ रुपए दिए गए हैं। और अब शासन से इसके लिए राशि जारी नहीं हो पा रही है। पीएचई का कहना है कि परियोजना को पूरा करने के लिए 19 करोड़ रुपए की जरूरत है,लेकिन अब तक इस परियोजना में 7 करोड़ रुपए का ही काम हुआ है। प्रोजेक्ट के पूरा होने पर करीब 2 करोड़ लीटर पानी प्रतिदिन यहां से शोधन किया जाएगा। शोधन होने के बाद यहां से पानी को एक नाले के माध्यम से सिंध नदी में वापस भेज दिया जाएगा। लेकिन शहर में अब भी 25 फीसदी काम बाकी है।

20 एमएलडी है इस प्लांट की क्षमता : ईई एसएल बाथम का कहना है कि इस प्लांट की क्षमता 20 एमएलडी प्रतिदिन होगी। इसका मतलब ये है कि यहां से करीब 2 करोड़ लीटर पानी हर रोज साफ कर सिंध में मिलाया जाएगा। शहर के 30 हजार परिवारों का सीवर इस प्लांट में शोधन होगा। इसके बाद यहां बचे मलबे से खाद बनाई जाएगी। जिसे नगर पालिका बेच कर अपनी आय बढ़ाएगी।

फॉरेस्ट की एनओसी मिली

सीवर ट्रीटमेंट प्लांट तक जाने वाली लाइन के पास 3 किमी तक लाइन बिछाने के लिए नेशनल पार्क एरिया से अनुमति नहीं मिल रही थी। लेकिन अब अनुमति मिल गई है। इस अनुमति के बाद अब ट्रीटमेंट प्लांट तक पाइप लाइन बिछाने का काम आसान हो जाएगा।

फंड की कमी यहां भी

मार्च 2018 तक इस काम को खत्म हो जाना चाहिए था। लेकिन फंड की कमी के चलते अभी ये काम अब 1 साल लेट हो गया है। लेकिन इस प्लांट के पूरा होने के बाद पूरे शहर का सीवर और शहर के नालों से होकर बहक जाने वाली गंदगी सीधे इस प्लांट तक पहुंचेगी और यहां उसे ट्रीट करने के बाद सिंध में मिलाया जाएगा। अभी इस मामले में भी पैसों की किल्लत आ गई है,ऐसे में परियोजना की चाल सुस्त हो गई है।

झीलों को भी मिलेगा नया स्वरूप

खेल मंत्री यशोधरा राजे ने शहर के नालों को पक्का बनाने के लिए पैसा रिलीज करा दिया है। करीब 7 करोड़ रुपए से शहर के नाले पक्के हो जाएंगे,और इनसे बह कर जाने वाला सीवर शहर की झीलों में पहुंचता है। लेकिन ट्रीटमेंट प्लांट के तैयार होने के बाद अब ये सीवर इस प्लांट में पहुंचेगा,जिस वजह से शहर की झीलों की गंदगी साफ होगी और शहर की झीलों का हरा दिख रहा पानी नीला दिखाई देने लगेगा।

लाइन मिलाने का काम शुरू

शहर में इस समय सीवर की लाइन मिलाने का काम चल रहा है। इस वजह से शहर के बाहरी हिस्सों से भारी वाहनों के ट्रैफिक को सिटी के अंदर से डायवर्ट किया गया है। ये ट्रैफिक अभी 2 दिन और शहर के भीतर से जाएगा। सीवेज का काम कलेक्टर रोड,सर्किट हाउस रोड,मनियर,लालमाटी पर चल रहा है। अब अगले दो दिनों में शहर के माधव चौक चौराहे पर ये काम शुरु होगा।

बजट की कमी के चलते काम को तय सीमा में नहीं कर पाएंगे